देश की खबरें | मप्र में परिवर्तन की प्रचंड लहर, कांग्रेस की सरकार बनने पर मिलेंगी पांच गारंटी : प्रियंका
Get Latest हिन्दी समाचार, Breaking News on India at LatestLY हिन्दी. मध्य प्रदेश में महंगाई एवं अन्य कठिनाइयों को लेकर सत्तारूढ़ भारतीय जनता पार्टी पर हमला करते हुये कांग्रेस महासचिव प्रियंका गांधी वाद्रा ने शुक्रवार को दावा किया कि प्रदेश में परिवर्तन की व्यापक लहर है और कांग्रेस की सरकार बनने पर लोगों को पांच गारंटी मिलेंगी।
ग्वालियर, 21 जुलाई मध्य प्रदेश में महंगाई एवं अन्य कठिनाइयों को लेकर सत्तारूढ़ भारतीय जनता पार्टी पर हमला करते हुये कांग्रेस महासचिव प्रियंका गांधी वाद्रा ने शुक्रवार को दावा किया कि प्रदेश में परिवर्तन की व्यापक लहर है और कांग्रेस की सरकार बनने पर लोगों को पांच गारंटी मिलेंगी।
प्रियंका ने कांग्रेस के सत्ता में आने पर मध्यप्रदेश के लोगों के लिए पार्टी की पांच गारंटी दोहराईं, इसमें सरकारी कर्मचारियों के लिए पुरानी पेंशन योजना (ओपीएस) की बहाली भी शामिल है। पिछले 40 दिनों में उनका प्रदेश का यह दूसरा दौरा है।
केंद्रीय मंत्री और पूर्व कांग्रेस नेता ज्योतिरादित्य सिंधिया के गृह क्षेत्र ग्वालियर में 'जन आक्रोश' रैली को संबोधित करते हुए प्रियंका ने राज्य में भारतीय जनता पार्टी सरकार पर घोटालों का आरोप लगाया और लोगों से उनकी पार्टी को मजबूत जनादेश देने की अपील की।
सिंधिया के प्रति वफादार विधायकों के विद्रोह के बाद मार्च 2020 में कमलनाथ के नेतृत्व वाली कांग्रेस की सरकार गिर गई थी।
प्रियंका ने यह भी दावा किया कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने कानून-व्यवस्था की बात करते हुए कुछ विपक्ष शासित राज्यों का नाम लेकर मणिपुर मुद्दे का ‘‘राजनीतिकरण’’ किया है।
उन्होंने कहा, ‘‘मणिपुर में भयानक अत्याचार हुआ। हमारे प्रधानमंत्री ने 77 दिन तक कोई बयान नहीं दिया, एक शब्द नहीं कहा। एक भयानक वीडियो जारी होने के बाद कल मजबूरी में एक वाक्य बोला। इसमें भी राजनीति घोल दी और उन प्रदेशों का नाम लिया जहां विपक्ष की सरकार है।’’
कांग्रेस नेता ने कहा, ‘‘राजनीतिक शालीनता बनाए रखना प्रधानमंत्री की सबसे बड़ी जिम्मेदारी है। अभी कुछ दिन पहले ही विपक्षी नेताओं की बैठक हुई थी। इसके दूसरे दिन एक बयान में प्रधानमंत्री ने कहा कि सभी विपक्षी नेता चोर हैं। बैठक में वरिष्ठ नेताओं ने भाग लिया था, जिनका अपने राज्यों में सम्मान है।’’
प्रियंका ने कहा, ‘‘राजनीतिक शालीनता समाप्त हो गई है। आरोप-प्रत्यारोप की राजनीति हो रही है, जिसके कारण जनता के वास्तविक मुद्दे और परेशानियां पीछे धकेल दी जाती हैं।’’
देश के स्वतंत्रता संग्राम में सच्चाई और सत्याग्रह के महत्व पर जोर देते हुए उन्होंने कहा, ‘‘हम नेताओं में शालीनता, सादगी और सरलता ढूंढते हैं लेकिन अब राजनीति में अहंकार आ गया है।’’
प्रियंका ने कहा, ‘‘अपने 30 मिनट के भाषण में, मैं 10 मिनट प्रधानमंत्री, 10 मिनट सिंधिया और मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान की आलोचना कर सकती हूं लेकिन मैं इसमें पड़ता नहीं चाहती और मैं आपके मुद्दों पर बात करने आई हूं। मुझे उचित नहीं लगता कि मैं यहां आकर फिजूल की बात करुं। दूसरों की आलोचना करुं।’’
प्रियंका ने टमाटर की कीमतों सहित महंगाई को लेकर सरकार की आलोचना करते हुए कहा, ‘‘मैं यहां आपके मुद्दों, महंगाई पर बोलने आई हूं। महंगाई ने लोगों की कमर तोड़ दी है। बारिश के कारण छत से पानी टपक रहा है लेकिन इसकी मरम्मत की लागत आसमान छू रही है। महंगाई से जीना मुश्किल हो गया है। रसोई गैस, खाद्य तेल की कीमतें बहुत बढ़ गई हैं।’’
किसी का नाम लिए बिना प्रिंयका ने आरोप लगाया कि केंद्र देश की संपत्ति दो कारोबारियों को सौंप रहा है जिनमें से एक कारोबारी प्रतिदिन 1600 करोड़ रुपये कमाता है जबकि एक किसान प्रतिदिन 27 रुपये भी नहीं कमा पा रहा है।
उन्होंने कांग्रेस की पांच गारंटी दोहराते हुए कहा कि कांग्रेस मध्यप्रदेश में सत्ता में आती है तो कर्मचारियों की पुरानी पेंशन योजना बहाल की जाएगी, महिलाओं को 1500 रुपये आर्थिक सहायता, पांच सौ रुपये में रसोई गैस सिलेंडर, 100 यूनिट मुफ्त बिजली तथा किसानों के लिए ऋण माफी योजना फिर से शुरू की जाएगी।
कांग्रेस नेता ने छत्तीसगढ़, हिमाचल प्रदेश, राजस्थान और कर्नाटक में कांग्रेस सरकारों द्वारा ओपीएस और अन्य ‘‘गारंटी’’ के कार्यान्वयन का हवाला देते कहा कि उनकी पार्टी ने हमेशा अपने वादे पूरे किए हैं।
उन्होंने आरोप लगाया कि कि मध्य प्रदेश की भाजपा सरकार धोखे से बनी है।
उनका इशारा मार्च 2020 में सिंधिया और उनके वफादार विधायकों के कांग्रेस छोड़ने से कमलनाथ सरकार गिरने से था। इसके बाद प्रदेश में शिवराज सिंह चौहान सरकार बनी थी।
सिंधिया पर परोक्ष रुप से हमला करते हुए उन्होंने लोगों से इस साल के अंत में होने वाले विधानसभा चुनाव में कांग्रेस पार्टी को मजबूत जनादेश देने को कहा ताकि कोई उसे गिरा न सके।
प्रियंका गांधी ने मध्य प्रदेश की पटवारी भर्ती परीक्षा में घोटाले के आरोप लगाते हुए सत्तारूढ़ भाजपा पर हमला बोला। उन्होंने सवाल किया, ‘‘छात्र कड़ी मेहनत करते हैं और भर्ती परीक्षाओं में बैठते हैं। पटवारी (परीक्षा) घोटाले को देखें। ऐसे घोटालों का समाधान क्या है।’’
उन्होंने कहा कि यह शर्मनाक है कि पिछले तीन सालों में राज्य में केवल 21 लोगों को ही सरकारी नौकरी मिली है।
कांग्रेस ने पटवारी भर्ती परीक्षा में अनियमितताओं का आरोप लगाया है और दावा किया है कि 10 में से सात सफल उम्मीदवार एक भाजपा विधायक के स्वामित्व वाले कॉलेज में स्थित केंद्र पर परीक्षा में शामिल हुए।
इसके अलावा, कांग्रेस ने आरोप लगाया है कि बड़ी संख्या में सफल उम्मीदवार ग्वालियर-चंबल क्षेत्र से हैं।
नौकरियों के वादे के लिए सत्तारूढ़ भाजपा की आलोचना करते हुए प्रियंका ने आरोप लगाया कि सत्तारूढ़ सरकार ने 2003 के बाद से घोटालों में लिप्त होने और महंगाई बढ़ाने के अलावा कुछ नहीं किया है।
कुछ महीने पहले तेज हवाओं के कारण उज्जैन में महाकाल लोक गलियारे में मूर्तियों को हुए नुकसान के संदर्भ में उन्होंने कहा कि भाजपा सरकार के घोटालों की सूची लंबी है, जिसमें ‘‘देवताओं तक को भी नहीं बख्शा गया।’’
गांधी ने 12 जून को जबलपुर में एक रैली के साथ राज्य में अपनी पार्टी के विधानसभा चुनाव अभियान की शुरुआत की थी, जहां उन्होंने भ्रष्टाचार, बेरोजगारी और महंगाई सहित कई मुद्दों पर भाजपा की आलोचना की थी और पांच ‘‘गारंटी’’ का वादा किया था।
दिन के दौरान प्रियंका ने महान स्वतंत्रता सेनानी रानी लक्ष्मीबाई के स्मारक पर भी श्रद्धांजलि अर्पित की।
जनसभा को प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष कमलनाथ और अन्य कांग्रेस नेताओं ने भी संबोधित किया।
(यह सिंडिकेटेड न्यूज़ फीड से अनएडिटेड और ऑटो-जेनरेटेड स्टोरी है, ऐसी संभावना है कि लेटेस्टली स्टाफ द्वारा इसमें कोई बदलाव या एडिट नहीं किया गया है)