जरुरी जानकारी | वृहद आंकड़ों, आईटी कंपनियों के तिमाही नतीजों से तय होगी शेयर बाजारों की दिशा
Get Latest हिन्दी समाचार, Breaking News on Information at LatestLY हिन्दी. इन्फोसिस और टाटा कंसल्टेंसी सर्विसेज (टीसीएस) सहित सूचना प्रौद्योगिकी (आईटी) क्षेत्र की कई कंपनियों के तिमाही नतीजों और वृहद आर्थिक आंकड़ों से इस सप्ताह शेयर बाजारों की दिशा तय होगी। विश्लेषकों ने यह राय जताई है।
नयी दिल्ली, नौ जनवरी इन्फोसिस और टाटा कंसल्टेंसी सर्विसेज (टीसीएस) सहित सूचना प्रौद्योगिकी (आईटी) क्षेत्र की कई कंपनियों के तिमाही नतीजों और वृहद आर्थिक आंकड़ों से इस सप्ताह शेयर बाजारों की दिशा तय होगी। विश्लेषकों ने यह राय जताई है।
नए वर्ष 2022 की शुरुआत शेयर बाजारों के लिए काफी अच्छी रही है। इस बीच, बाजार भागीदारों की निगाह घरेलू के अलावा वैश्विक मोर्चे पर कोविड-19 से जुड़ी खबरों पर रहेगी।
रेलिगेयर ब्रोकिंग के उपाध्यक्ष शोध अजित मिश्रा ने कहा, ‘‘आईटी क्षेत्र की कई बड़ी कंपनियां मसलन इन्फोसिस, टीसीएस, विप्रो, एचसीएल टेक और माइंडट्री इस सप्ताह अपने तिमाही नतीजों की घोषणा करेंगी। इसके अलावा एचडीएफसी बैंक का भी तिमाही परिणाम आना है। साथ ही बाजार भागीदारों की निगाह औद्योगिक उत्पादन (आईआईपी), खुदरा मुद्रास्फीति (सीपीआई) और थोक मुद्रास्फीति (डब्ल्यूपीआई) के आंकड़ों पर भी रहेगी। कुल मिलाकर बाजार पर वैश्विक संकेतकों तथा कोविड-19 से जुड़ी खबरों का भी असर पड़ेगा।’’
उन्होंने कहा कि आईटी कंपनियों के तिमाही नतीजे बाजार को दिशा देंगे। बाजार भागीदार उम्मीद कर रहे हैं कि आईटी क्षेत्र की बड़ी कंपनियों के परिणाम उत्साह बढ़ाने वाले होंगे।
मिश्रा ने कहा कि अभी तक बाजार ने कोविड के नए स्वरूप ओमीक्रोन के बढ़ते मामलों को ‘नजरअंदाज’‘ किया है, लेकिन कई राज्यों द्वारा कड़े अंकुशों की वजह से आगे बाजार की धारणा प्रभावित हो सकती है।
स्वस्तिका इन्वेस्टमार्ट लि. के शोध प्रमुख संतोष मीणा ने कहा, ‘‘आईटी कंपनियों के परिणामों, आईआईपी, सीपीआई और डब्ल्यूपीआई आंकड़ों की वजह से बाजार के लिए यह सप्ताह काफी व्यस्त रहने वाला है। आईआईपी और सीपीआई के आंकड़े 12 जनवरी को और डब्ल्यूपीआई के 14 जनवरी को आएंगे।’’
मीणा ने कहा कि दुनियाभर में कोविड के मामले बढ़ रहे हैं, लेकिन अस्पताल में भर्ती होने वालों मरीजों की संख्या और मृत्यु दर काफी कम है, जिसकी वजह से बाजार ने इसे नजरअंदाज किया है। ‘‘हालांकि, बाजार की निगाह महामारी की तीसरी लहर पर बनी रहेगी।’’
उन्होंने कहा कि वैश्विक मोर्चे की बात की जाए, तो कच्चे तेल के बढ़ते दाम चिंता का विषय हैं। इसके अलावा चीन के मुद्रास्फीति और अमेरिका के खुदरा बिक्री के आंकड़े भी बाजार की दृष्टि से महत्वपूर्ण रहेंगे।
सैमको सिक्योरिटीज में इक्विटी शोध प्रमुख येशा शाह ने कहा कि तीसरी तिमाही के नतीजों की शुरुआत बड़ी आईटी कंपनियों के साथ हो रही है। वृहद आर्थिक मोर्चे पर निवेशकों की निगाह घरेलू के अलावा अमेरिका और चीन के मुद्रास्फीति के आंकड़ों पर रहेगी।
बीते सप्ताह बीएसई का 30 शेयरों वाला सेंसेक्स 1,490.83 अंक या 2.55 प्रतिशत के लाभ में रहा।
जियोजीत फाइनेंशियल सर्विसेज के शोध प्रमुख विनोद नायर ने कहा, ‘‘इस सप्ताह बाजार की दिशा आईटी कंपनियों के नतीजों से तय होगी। इसके अलावा सप्ताह के दौरान कई महत्वपूर्ण वृहद आर्थिक आंकड़े आने हैं। सप्ताह के दौरान दिसंबर के मुद्रास्फीति तथा नवंबर के आईआईपी आंकड़े आएंगे।’’
इसके साथ ही निवेशकों की निगाह विदेशी संस्थागत निवेशकों के निवेश के रुख और रुपये के उतार-चढ़ाव पर भी रहेगी।
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(The above story first appeared on LatestLY on Jan 09, 2022 10:21 AM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).

