एजेंसी न्यूज

ताजा खबरें | चक्रवात ‘रेमल’ से हुए नुकसान का आकलन करने के लिए बंगाल सरकार करवा रही सर्वेक्षण: अभिषेक

Get latest articles and stories on Latest News at LatestLY. तृणमूल कांग्रेस के नेता अभिषेक बनर्जी ने बृहस्पतिवार को कहा कि चक्रवात ‘रेमल’ से हुए नुकसान का आकलन करने के लिए पश्चिम बंगाल सरकार सर्वेक्षण करवा रही है और जिन लोगों के मकान क्षतिग्रस्त हो गए हैं उन्हें एक पखवाड़े के भीतर 1.2 लाख रुपये का मुआवजा दिया जाएगा।

ताजा खबरें | चक्रवात ‘रेमल’ से हुए नुकसान का आकलन करने के लिए बंगाल सरकार करवा रही सर्वेक्षण: अभिषेक

फाल्टा (प. बंगाल), 30 मई तृणमूल कांग्रेस के नेता अभिषेक बनर्जी ने बृहस्पतिवार को कहा कि चक्रवात ‘रेमल’ से हुए नुकसान का आकलन करने के लिए पश्चिम बंगाल सरकार सर्वेक्षण करवा रही है और जिन लोगों के मकान क्षतिग्रस्त हो गए हैं उन्हें एक पखवाड़े के भीतर 1.2 लाख रुपये का मुआवजा दिया जाएगा।

दक्षिण 24 परगना जिले के डायमंड हार्बर निर्वाचन क्षेत्र में एक रैली को संबोधित करते हुए दो बार के सांसद ने दावा किया कि ममता बनर्जी के नेतृत्व वाली सरकार दूसरों पर सहायता के लिए निर्भर हुए बिना प्रभावित लोगों की मदद करेगी।

रविवार देर शाम आए भीषण चक्रवात के बाद काकद्वीप, नामखाना और फ्रेजरगंज सहित जिले के कई तटीय क्षेत्रों में कथित तौर पर संपत्तियों और कृषि भूमि को बड़े पैमाने पर नुकसान हुआ है।

बनर्जी ने भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) नीत केंद्र सरकार का परोक्ष रूप से जिक्र करते हुए कहा, ‘‘तूफान से हुए नुकसान का आकलन करने के लिए सरकार सर्वेक्षण करा रही है और जिन मकानों को नुकसान पहुंचा है, उनके मालिकों को हमारी बंगाल सरकार 15 दिन के भीतर 1.2 लाख रुपये का मुआवजा देगी। हमें किसी से सहायता मांगने की जरूरत नहीं पड़ेगी।’’

कुछ शुरुआती अनुमानों के अनुसार 24 प्रखंडों और 79 नगरपालिका वार्ड में लगभग 15,000 मकान चक्रवात से प्रभावित हुए हैं। ये मुख्य रूप से पश्चिम बंगाल के दक्षिणी तटवर्ती इलाकों में हैं।

बनर्जी ने भाजपा नेताओं को ‘‘बाहरी’’ करार दिया और आरोप लगाया कि केंद्र में सत्तारूढ़ दल संकट के समय कभी भी गरीबों के साथ खड़ा नहीं हुआ। उन्होंने दावा किया, ‘‘क्या आपने चक्रवात ‘रेमल’ या कोविड-19 के दौरान भाजपा नेताओं को देखा, जब हमने मुफ्त भोजन वितरित किया था? हम किसी भी संकट के दौरान हमेशा लोगों के साथ खड़े रहेंगे। भाजपा नेता केवल चुनावों के दौरान ही दिखाई देते हैं।’’

तृणमूल सांसद ने भाजपा और मार्क्सवादी कम्युनिस्ट पार्टी (माकपा) के नेताओं को डायमंड हार्बर में उनके खिलाफ चुनाव लड़ने की चुनौती भी दी। उन्होंने जनसभा को संबोधित करते हुए कहा, ‘‘भाजपा और माकपा नेता मेरी आलोचना करते हैं। यहां मेरे खिलाफ चुनाव लड़ने की हिम्मत किसी कद्दावर नेता ने क्यों नहीं की।’’

उन्होंने मतदाताओं से ‘‘विभाजनकारी राजनीति में लिप्त और गरीबों को उनका हक न देने वाली पार्टियों’’ को नकारने का आग्रह किया। बनर्जी ने रैली में कहा, ‘‘मेरा लक्ष्य चार लाख के अंतर से जीत हासिल करना है। डायमंड हार्बर एक आदर्श निर्वाचन क्षेत्र है, इसलिए आपको मेरे लिए सबसे ज्यादा जीत का अंतर सुनिश्चित करना चाहिए।’’

तृणमूल नेता ने केंद्र की राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन (राजग) सरकार पर विभिन्न ग्रामीण कल्याण योजनाओं के तहत 1.65 लाख करोड़ रुपये रोके रखने का आरोप लगाया।

उन्होंने लक्ष्मी भंडार जैसी जन कल्याण योजनाओं का हवाला देते हुए वादों को पूरा करने के लिए टीएमसी की प्रतिबद्धता पर जोर दिया।

लक्ष्मी भंडार टीएमसी सरकार की लोकप्रिय वित्तीय सहायता योजना है। इसके तहत राज्य में सामान्य श्रेणी की महिलाओं को 1,000 रुपये और अनुसूचित जाति और अनुसूचित जनजाति की महिलाओं को 1,200 रुपये का मासिक भत्ता दिया जाता है।

(यह सिंडिकेटेड न्यूज़ फीड से अनएडिटेड और ऑटो-जेनरेटेड स्टोरी है, ऐसी संभावना है कि लेटेस्टली स्टाफ द्वारा इसमें कोई बदलाव या एडिट नहीं किया गया है)

(The above story first appeared on LatestLY on May 30, 2024 05:48 PM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).