नयी दिल्ली, 13 मार्च केंद्र ने देश में उभरती रचनात्मक अर्थव्यवस्था को बढ़ावा देने के लिए एक अरब अमेरिकी डॉलर के कोष की घोषणा की और 100 से अधिक देशों के राजनयिकों से मुंबई में आयोजित होने वाले पहले विश्व दृश्य-श्रव्य एवं मनोरंजन शिखर सम्मेलन (वेव्स) में उनसे भागीदारी करने को कहा।
विदेश मंत्री एस जयशंकर, सूचना एवं प्रसारण मंत्री अश्विनी वैष्णव और महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने यहां राजनयिकों की मेजबानी की और वेव्स शिखर सम्मेलन के दौरान प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी की अध्यक्षता में होने वाले शीर्ष मीडिया सीईओ गोलमेज सम्मेलन में उनकी उपस्थिति की मांग की।
भारत एक से चार मई तक आयोजित होने वाले वेव्स सम्मेलन को मीडिया और मनोरंजन क्षेत्र के लिए प्रथम अभिसरण मंच के रूप में आयोजित कर रहा है, जो दावोस में आयोजित विश्व आर्थिक मंच की तर्ज पर होगा।
फडणवीस ने कहा कि वेव्स शिखर सम्मेलन के लिए भारत की मनोरंजन राजधानी मुंबई पूर्ण रूप से उपयुक्त स्थायी स्थल है, जैसे कि दावोस विश्व आर्थिक मंच के लिए और कान इसी नाम के फिल्म महोत्सव के लिए उपयुक्त स्थल है।
जयशंकर ने कहा, ‘‘दुनिया पहले से ही आर्थिक और राजनीतिक पुनर्संतुलन देख रही है। यह अब प्रौद्योगिकी और सांस्कृतिक पहलुओं की ओर भी बढ़ रहा है। वास्तविक वैश्वीकरण किसी एक कथा या एक सत्य के बारे में नहीं है; यह हमारे ग्रह पर हमारे लोगों की विशाल विविधता को समझने के बारे में है।’’
वैष्णव ने घोषणा की कि रचनात्मक कार्यों से जुड़ी अर्थव्यवस्था के लिए एक अरब अमेरिकी डॉलर का कोष बनाया जाएगा।
मंत्री ने यह भी घोषणा की कि पहला भारतीय रचनात्मक प्रौद्योगिकी संस्थान मुंबई में खोला जाएगा और महाराष्ट्र सरकार ने गोरेगांव में फिल्म सिटी के लिए पहले ही भूमि आवंटित कर दी है।
सूचना एवं प्रसारण सचिव संजय जाजू ने कहा कि जयशंकर और वैष्णव वैश्विक मीडिया संवाद की मेजबानी करेंगे और ‘थॉट लीडर्स ट्रैक’ में उद्योग जगत के नेताओं के पूर्ण सत्र और पैनल चर्चाएं शामिल होंगी।
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