जरुरी जानकारी | ई-बिल का अनुपालन नहीं कर रही कंपनियों को भेजा जाएगा परामर्श: सीबीआईसी चेयरमैन
Get Latest हिन्दी समाचार, Breaking News on Information at LatestLY हिन्दी. केंद्रीय अप्रत्यक्ष कर और सीमा शुल्क बोर्ड (सीबीआईसी) के चेयरमैन संजय कुमार अग्रवाल ने बुधवार को कहा कि विभाग जल्दी ही उन कंपनियों को परामर्श भेजना शुरू करेगा जो अपने ‘बी2बी’ (कंपनियों के बीच) ग्राहकों को ई-बिल जारी करने में नियम का अनुपालन नहीं कर रही हैं।
नयी दिल्ली, आठ नवंबर केंद्रीय अप्रत्यक्ष कर और सीमा शुल्क बोर्ड (सीबीआईसी) के चेयरमैन संजय कुमार अग्रवाल ने बुधवार को कहा कि विभाग जल्दी ही उन कंपनियों को परामर्श भेजना शुरू करेगा जो अपने ‘बी2बी’ (कंपनियों के बीच) ग्राहकों को ई-बिल जारी करने में नियम का अनुपालन नहीं कर रही हैं।
सीबीआईसी ने 2020 से कंपनियों के लिये चरणबद्ध तरीके से ई-बिल को अनिवार्य बनाना शुरू कर दिया है।
शुरू में 500 करोड़ रुपये से अधिक कारोबार वाली बड़ी कंपनियों के लिये ‘ई-इन्वॉयस’ लागू किया गया था। तीन साल के भीतर यह सीमा अब घटाकर पांच करोड़ रुपये कर दी गई है।
अग्रवाल ने उद्योग मंडल भारतीय उद्योग परिसंघ (सीआईआई) के एक कार्यक्रम में कहा, ‘‘एक अगस्त से, पांच करोड़ रुपये से अधिक कारोबार वाली कंपनियों को ई-बिल जारी करना आवश्यक है। जिन लोगों को कानून के अनुसार ई-बिल दाखिल करना था, वहां अनुपालन स्तर बहुत अधिक नहीं है।’’
उन्होंने कहा, ‘‘हम ऐसे करदाताओं को ई-बिल जारी करने के लिये परामर्श भेजेंगे। हम ऐसा रुख नहीं अपनाना चाहते जो डराने वाला हो। इसीलिए हम शुरू में नरम रुख अपनाना चाहते हैं और कंपनियों को ई-बिल जारी करने के लिये प्रेरित करना चाहते हैं।
ई-बिल में दिया गया विवरण मासिक और तिमाही जीएसटी रिटर्न में स्वत: दिखता है।
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