जरुरी जानकारी | वैश्विक बाजारों में तेल-तिलहनों कीमतों में मिला-जुला रुख

Get Latest हिन्दी समाचार, Breaking News on Information at LatestLY हिन्दी. वैश्विक बाजारों में मिले-जुले रुख के बीच दिल्ली तेल-तिलहन बाजार में बृहस्पतिवार को कारोबार का मिला-जुला रुख दिखाई दिया। सरसों तेल- तिलहन, सोयाबीन तिलहन में सुधार का रुख रहा वही ऊंचे भाव पर लिवाली कमजोर पड़ने से सीपीओ और पामोलीन तेल कीमतों में गिरावट दर्ज हुई। सोयाबीन तेल, बिनौला तेल और मूंगफली तेल-तिलहन के भाव पूर्ववत रहे।

नयी दिल्ली, 17 मार्च वैश्विक बाजारों में मिले-जुले रुख के बीच दिल्ली तेल-तिलहन बाजार में बृहस्पतिवार को कारोबार का मिला-जुला रुख दिखाई दिया। सरसों तेल- तिलहन, सोयाबीन तिलहन में सुधार का रुख रहा वही ऊंचे भाव पर लिवाली कमजोर पड़ने से सीपीओ और पामोलीन तेल कीमतों में गिरावट दर्ज हुई। सोयाबीन तेल, बिनौला तेल और मूंगफली तेल-तिलहन के भाव पूर्ववत रहे।

बाजार सूत्रों ने बताया कि मलेशिया एक्सचेंज में लगभग दो प्रतिशत की गिरावट थी, जबकि शिकॉगो एक्सचेंज लगभग डेढ़ प्रतिशत मजबूत था। विदेशी बाजारों में कारोबार के मिले-जुले रुख का असर स्थानीय तेल-तिलहन कारोबार पर भी दिखा और भाव मिले-जुले रुख के साथ बंद हुए।

सूत्रों ने कहा कि इंडोनेशिया ने पाम तेल के निर्यात पर लेवी को 375 डॉलर से बढ़ाकर अधिकतम लगभग 675 डॉलर कर दिया है जिससे सीपीओ और पामोलीन और महंगे हो गये जबकि इन तेलों के लिवाल भी कम हैं। इस विशेष परिस्थिति ने एक बार फिर तेल मामलों में आत्मनिर्भरता हासिल करने की जरुरत को रेखांकित किया है।

सूत्रों ने कहा कि होली के कारण बाजार में तिलहनों की आवक कम थी जिससे सरसों तेल-तिलहन और सोयाबीन तिलहन में सुधार देखने को मिला जबकि सोयाबीन तेल, मूंगफली तेल-तिलहन के भाव पूर्ववत रहे। उन्होंने कहा कि कांडला बंदरगाह पर जहां सोयाबीन को रिफाइंड किया जाता था वहां इस बार सरसों की रिफाइनिंग की जा रही है जो पहले कभी नहीं हुआ। हरियाणा में भी सरसों की रिफाइनिंग की जा रही है। मंडियों में सरसों की आवक 15 लाख बोरी से घटकर लगभग सात लाख बोरी रह गई है।

सूत्रों ने कहा कि ऊंचे भाव वाले सीपीओ और पामोलीन की मांग प्रभावित होने से इन तेलों के दाम में गिरावट आई।

सूत्रों ने कहा कि सरकार को किसानों को प्रोत्साहन और लाभकारी खरीद का भरोसा देकर तिलहन उत्पादन बढ़ाने पर जोर देना होगा। किसानों को तिलहन उत्पादन से लाभ का भरोसा मिलने पर वे खुद-ब-खुद तिलहन उत्पादन बढ़ा सकते हैं।

बाजार में थोक भाव इस प्रकार रहे- (भाव- रुपये प्रति क्विंटल)

सरसों तिलहन - 7,500-7,550 (42 प्रतिशत कंडीशन का भाव) रुपये।

मूंगफली - 6,750 - 6,845 रुपये।

मूंगफली तेल मिल डिलिवरी (गुजरात) - 15,750 रुपये।

मूंगफली साल्वेंट रिफाइंड तेल 2,610 - 2,800 रुपये प्रति टिन।

सरसों तेल दादरी- 15,800 रुपये प्रति क्विंटल।

सरसों पक्की घानी- 2,425-2,525 रुपये प्रति टिन।

सरसों कच्ची घानी- 2,475-2,575 रुपये प्रति टिन।

तिल तेल मिल डिलिवरी - 17,000-18,500 रुपये।

सोयाबीन तेल मिल डिलिवरी दिल्ली- 16,800 रुपये।

सोयाबीन मिल डिलिवरी इंदौर- 16,300 रुपये।

सोयाबीन तेल डीगम, कांडला- 15,350।

सीपीओ एक्स-कांडला- 14,900 रुपये।

बिनौला मिल डिलिवरी (हरियाणा)- 15,050 रुपये।

पामोलिन आरबीडी, दिल्ली- 16,150 रुपये।

पामोलिन एक्स- कांडला- 14,900 रुपये (बिना जीएसटी के)।

सोयाबीन दाना - 7,475-7,525 रुपये।

सोयाबीन लूज 7,175-7,275 रुपये।

मक्का खल (सरिस्का) 4,000 रुपये।

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