देश की खबरें | एक ‘नाकाम सिस्टम’ भी जान ले सकता है : छात्रा की मौत पर बोले नवीन पटनायक
Get Latest हिन्दी समाचार, Breaking News on India at LatestLY हिन्दी. ओडिशा विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष नवीन पटनायक ने मंगलवार को कहा कि एक शिक्षक द्वारा कथित यौन उत्पीड़न किए जाने के बाद खुद को आग लगाने वाली कॉलेज छात्रा की मौत ‘‘सिस्टम की नाकामी’’ के कारण हुई।
भुवनेश्वर, 15 जुलाई ओडिशा विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष नवीन पटनायक ने मंगलवार को कहा कि एक शिक्षक द्वारा कथित यौन उत्पीड़न किए जाने के बाद खुद को आग लगाने वाली कॉलेज छात्रा की मौत ‘‘सिस्टम की नाकामी’’ के कारण हुई।
कॉलेज छात्रा की मौत पर दुख व्यक्त करते हुए, पटनायक ने सोशल मीडिया पोस्ट में कहा, ‘‘यह सोचकर और भी दुख होता है कि कैसे एक नाकाम सिस्टम किसी की जान ले सकता है। सबसे पीड़ादायक बात यह है कि यह कोई हादसा नहीं था, बल्कि एक ऐसे सिस्टम का नतीजा था जो मदद करने के बजाय खामोश बना रहा। न्याय के लिए लड़ते-लड़ते आखिरकार उस लड़की ने अपनी आंखें हमेशा के लिए बंद कर लीं।’’
पटनायक ने कहा कि बड़ी हिम्मत के साथ, छात्रा ने कॉलेज के प्राचार्य को पत्र लिखकर अपने साथ हुए ‘‘यौन उत्पीड़न’’ के बारे में बताया था।
पूर्व मुख्यमंत्री ने कहा, ‘‘कॉलेज प्रशासन द्वारा कोई कदम नहीं उठाए जाने के बाद भी उसने हार नहीं मानी। न्याय के लिए उसने उच्च शिक्षा मंत्री, मुख्यमंत्री कार्यालय और यहां तक कि एक केंद्रीय मंत्री से भी संपर्क किया।’’
उन्होंने कहा कि बहादुर छात्रा ने बालासोर के सांसद से मिलकर अपनी पीड़ा साझा की।
पटनायक ने कहा, ‘‘अगर किसी एक व्यक्ति ने भी जिम्मेदारी ली होती और व्यक्तिगत रूप से हस्तक्षेप किया होता तो शायद उस लड़की की जान बचाई जा सकती थी। उसकी जान सिर्फ शारीरिक आघात के कारण नहीं, बल्कि राज्य सरकार की लापरवाही के कारण भी गई जिसने उसकी लड़ाई में उसे अकेला छोड़ दिया।’’
बीजू जनता दल (बीजद) अध्यक्ष ने कहा, ‘‘पूरे घटनाक्रम से पता चलता है कि यह संस्थागत विश्वासघात से कम नहीं है-एक सुनियोजित अन्याय। मैं एक बार फिर माननीय राज्यपाल से आग्रह करता हूं कि वे यह सुनिश्चित करें कि न केवल कॉलेज प्रशासन, बल्कि सत्ता में बैठे लोग भी जवाबदेह ठहराए जाएं जिन्होंने छात्रा की गुहार के बावजूद कोई कार्रवाई नहीं की।’’
पटनायक ने एक सोशल मीडिया पोस्ट में कहा, ‘‘ईश्वर दिवंगत आत्मा को शांति प्रदान करे। मैं एक बार फिर भगवान जगन्नाथ से प्रार्थना करता हूं कि वे परिवार के सदस्यों को इस अपार दुःख का सामना करने की शक्ति और साहस प्रदान करें। ओम शांति।’’
एक शिक्षक द्वारा कथित तौर पर ‘‘यौन उत्पीड़न’’ किए जाने के मामले में न्याय न मिलने पर खुद को आग लगाने वाली छात्रा ने तीन दिन तक जिंदगी और मौत से लड़ने के बाद भुवनेश्वर स्थित अखिल भारतीय आयुर्विज्ञान संस्थान (एम्स) में सोमवार रात दम तोड़ दिया।
वह बालासोर के फकीर मोहन (स्वायत्त) महाविद्यालय में एकीकृत बीएड पाठ्यक्रम की द्वितीय वर्ष की छात्रा थी। यौन उत्पीड़न के आरोपी शिक्षक के खिलाफ कोई ठोस कार्रवाई नहीं किए जाने से आहत छात्रा ने शनिवार को यह कदम उठाया और वह 95 प्रतिशत तक झुलस गई थी।
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(The above story first appeared on LatestLY on Jul 15, 2025 11:56 AM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).

