देश की खबरें | बंबई उच्च न्यायालय के नये परिसर के लिए 15.33 एकड़ जमीन का कब्जा लिया: महाराष्ट्र ने न्यायलय से कहा
Get Latest हिन्दी समाचार, Breaking News on India at LatestLY हिन्दी. महाराष्ट्र सरकार ने सोमवार को उच्चतम न्यायालय को सूचित किया कि बांद्रा में बंबई उच्च न्यायालय के नये भवन परिसर के निर्माण के लिए निर्धारित 17.45 एकड़ भूमि में से उसने 15.33 एकड़ भूमि का कब्जा ले लिया है।
नयी दिल्ली, 21 जुलाई महाराष्ट्र सरकार ने सोमवार को उच्चतम न्यायालय को सूचित किया कि बांद्रा में बंबई उच्च न्यायालय के नये भवन परिसर के निर्माण के लिए निर्धारित 17.45 एकड़ भूमि में से उसने 15.33 एकड़ भूमि का कब्जा ले लिया है।
प्रधान न्यायाधीश बीआर गवई और न्यायमूर्ति के विनोद चंद्रन की पीठ को महाराष्ट्र राज्य सरकार ने बताया कि भूमि पर बनी झुग्गियों को हटा दिया गया है।
पीठ ने कहा कि जहां तक भूमि के शेष छोटे हिस्से का सवाल है, इस पर मौजूद वर्तमान ढांचों को स्थानांतरित करने के लिए बातचीत की प्रक्रिया "सक्रिय रूप से जारी है" और जल्द ही इसका निपटारा होने की संभावना है।
महाराष्ट्र के महाधिवक्ता बीरेंद्र सराफ ने कहा कि वास्तुकार की नियुक्ति, परियोजना योजना को अंतिम रूप देना और राज्य की उच्चाधिकार प्राप्त समिति के बजटीय व्यय को मंजूरी देने जैसे कदम उठाए गए हैं और काम में काफी प्रगति हुई है।
पीठ ने सराफ की दलीलें रिकॉर्ड पर लीं और सुनवाई 27 अक्टूबर को करना निर्धारित किया।
नौ अप्रैल को राज्य सरकार ने उच्चतम न्यायालय को सूचित किया था कि उच्च न्यायालय के नये भवन परिसर के निर्माण के लिए भूमि की अगली किस्त 30 अप्रैल तक सौंप दी जाएगी।
उसने कहा कि 4.09 एकड़ भूमि में से 1.94 एकड़ पहले ही आवंटित कर दी गई है और शेष 2.15 एकड़ भूमि अप्रैल के अंत तक सौंप दी जाएगी।
राज्य ने पहले कहा था कि पहली किस्त में अक्टूबर 2024 में 4.39 एकड़ जमीन उच्च न्यायालय को सौंप दी गई थी और उसके बाद 5.25 एकड़ जमीन आवंटित की गई थी।
पीठ स्वतः संज्ञान लेकर "बंबई उच्च न्यायालय की हेरिटेज बिल्डिंग और उच्च न्यायालय के लिए अतिरिक्त जमीन का आवंटन" मामले की सुनवाई कर रही थी।
(यह सिंडिकेटेड न्यूज़ फीड से अनएडिटेड और ऑटो-जेनरेटेड स्टोरी है, ऐसी संभावना है कि लेटेस्टली स्टाफ द्वारा इसमें कोई बदलाव या एडिट नहीं किया गया है)