इन दिग्गज कप्तानों ने अपने डेब्यू मैच में शून्य पर आउट होने के बाद रचे हैं इतिहास

क्रिकेट को अनिश्चितताओं का खेल माना जाता है. जी हां प्रत्येक खिलाड़ी चाहते है कि उनका डेब्यू मैच में प्रदर्शन शानदार हो, जिससे उनका पर्दापण मैच यादगार बन जाए. गेंदबाज विकेट लेना चाहता है, जबकि बल्लेबाज अधिक से अधिक रन बनाना चाहता है.

पूर्व कप्तान महेंद्र सिंह धोनी (Photo: Twitter)

क्रिकेट को अनिश्चितताओं का खेल माना जाता है. जी हां प्रत्येक खिलाड़ी चाहते है कि उनका डेब्यू मैच में प्रदर्शन शानदार हो, जिससे उनका पर्दापण मैच यादगार बन जाए. गेंदबाज विकेट लेना चाहता है, जबकि बल्लेबाज अधिक से अधिक रन बनाना चाहता है. हर कोई अपने कैरियर की सकारात्मक शुरुआत करना चाहता है. मगर कुछ बल्लेबाज अपने पहले ही मैच में दुर्भाग्यशाली रह जाते हैं. वह अपने पर्दापण मैच में ही शून्य पर आउट हुए हैं. लेकिन खराब शुरुआत के बाद भी भविष्य में काफी सफल हुए हैं.

जी हां हम बात कर रहे हैं क्रिकेट जगत के उन खिलाड़ियों का जो अपने डेब्यू मैच में ही शून्य पर आउट हुए लेकिन आगे चलाकर उन्होंने एक से बढ़कर एक ऐतिहासिक पारियां खेली और अपने देश का प्रतिनिधित्व भी किया.

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महेंद्र सिंह धोनी:

पूर्व भारतीय कप्तान एवं वर्तमान में भारतीय टीम की बल्लेबाजी के रीढ़ महेंद्र सिंह धोनी (MS Dhoni) ने वर्ष 2004 में बांग्लादेश के खिलाफ अपना वनडे डेब्यू किया था. बता दें कि धोनी अपने पहले ही मैच में दुर्भाग्यपूर्ण ढंग से रन आउट हो गए थे. जी हां धोनी 7 वें नंबर पर उस मैच में बल्लेबाजी के लिए आए थे और धोनी ने शॉर्ट फाइन लेग की तरफ गेंद धकेलकर एक तेज रन लेने की कोशिश की, लेकिन कैफ ने उन्हें वापस भेज दिया. परिणामस्वरूप वह रन आउट हो गए. हालांकि भारत ने 11 रन से यह मैच जीत लिया था. बता दें कि धोनी ने वनडे में भारतीय टीम की तरफ से 200 मैचों में कप्तानी भी की है जिसमें टीम को 110 मैचों में जीत जबकि 74 मैचों में हार का सामना करना पड़ा है.

केन विलियमसन:

वर्तमान में न्यूजीलैण्ड टीम के कप्तान केन विलियमसन (Kane Williamson) ने क्रिकेट कैरियर का पर्दापण 10 अगस्त 2010 को भारत के खिलाफ दांबुला में किया था. बता दें कि केन विलियमसन अपने डेब्यू मैच में नौ गेंदो का सामना करते हुए अपना खाता भी नहीं खोल पाए थे. विलियमसन को प्रवीण कुमार ने अपना शिकार बनाया था. बता दें कि केन विलियमसन ने अब तक 60 वनडे मैचों में कप्तानी की है जिसमे न्यूजीलैण्ड को 32 मैचों में जीत जबकि 26 मैचों में हार का सामना करना पड़ा है. मौजूदा दौर में विलियमसन, कीवी टीम के सबसे भरोसेमंद बल्लेबाज हैं.

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एंजेलो मैथ्यूज:

श्रीलंकाई टीम के दिग्गज ऑलराउंडर एंजेलो मैथ्यूज (Angelo Mathews) मौजूदा समय में श्रीलंकाई टीम के सबसे भरोसेमंद खिलाड़ी हैं. मैथ्यूज ने अपना पहला वनडे 28 नवंबर 2008 को जिम्बाब्वे के खिलाफ खेला था. बता दें कि एंजेलो मैथ्यूज अपने डेब्यू मैच में आठ गेंदों का सामना करने के बाद आउट हुए थे. मैथ्यूज को उनकी पहली पारी में शून्य के स्कोर पर रे प्राइस ने आउट किया था. एंजेलो मैथ्यूज वनडे मैचों में श्रीलंका के कप्तान बने. उन्होंने 106 मैचों में टीम की कप्तानी की ,जिसमें 49 में श्रीलंका को जीत मिली जबकि 51 मैचों में टीम को हार का सामना करना पड़ा.

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