हमें अपनी गति में सुधार करना होगा और टॉप गियर में चलना होगा: प्रधानमंत्री मोदी
बुनियादी ढांचा विकास देश की अर्थव्यवस्था की प्रेरक शक्ति है. अब हमें अपनी गति में सुधार करना होगा और टॉप गियर में जाना होगा. यह वाक्य शनिवार को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने अपने भाषण में कही.
नई दिल्ली, 4 मार्च : बुनियादी ढांचा विकास देश की अर्थव्यवस्था की प्रेरक शक्ति है. अब हमें अपनी गति में सुधार करना होगा और टॉप गियर में जाना होगा. यह वाक्य शनिवार को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी (Narendra Modi) ने अपने भाषण में कही. प्रधानमंत्री मोदी ने 'बुनियादी ढांचा और निवेश: पीएम गतिशक्ति राष्ट्रीय मास्टर प्लान के साथ रसद दक्षता में सुधार' पर बजट के बाद के वेबिनार के दौरान अवलोकन किया.
सभा को संबोधित करते हुए उन्होंने प्रसन्नता व्यक्त की है कि वेबिनार के महत्व को पहचानते हुए सैकड़ों हितधारकों ने 700 से अधिक सीईओ और एमडी के साथ भाग लिया. उन्होंने कहा कि इस साल का बजट इंफ्रास्ट्रक्च र को नई ऊर्जा देगा. पीएम गति शक्ति मास्टर प्लान एक महत्वपूर्ण उपकरण है, जो विकास के साथ आर्थिक और ढांचागत योजना को एकीकृत करता है. इस पर प्रधानमंत्री मोदी ने कहा, गति शक्ति राष्ट्रीय मास्टर प्लान भारत के बुनियादी ढांचे और इसके मल्टीमॉडल लॉजिस्टिक्स के चेहरे को बदलने जा रहा है. यह भी पढ़ें : मनीष सिसोदिया की रिहाई की मांग को लेकर आप कार्यकर्ताओं ने पार्टी कार्यालय के बाहर प्रदर्शन किया
प्रधानमंत्री ने टिप्पणी की, भविष्य की जरूरतों को ध्यान में रखते हुए विकास के साथ-साथ किसी भी देश के सतत विकास में आधारभूत संरचना की महत्वपूर्ण भूमिका है. उन्होंने रेखांकित किया कि जिन लोगों को बुनियादी ढांचे से संबंधित इतिहास का ज्ञान है, वे इस तथ्य से अच्छी तरह वाकिफ हैं. उन्होंने चंद्रगुप्त मौर्य द्वारा उत्तरापथ के निर्माण का हवाला दिया, जिसे अशोक ने आगे बढ़ाया और बाद में शेरशाह सूरी ने इसका उन्नयन किया.
प्रधानमंत्री मोदी ने बताया कि अंग्रेजों ने ही इसे जीटी रोड बनाया था. प्रधानमंत्री ने कहा, भारत में सदियों से राजमार्गों के महत्व को स्वीकार किया गया है. रिवरफ्रंट्स और जलमार्गों का उल्लेख करते हुए पीएम ने बनारस के घाटों का उदाहरण दिया, जो जलमार्गों के माध्यम से सीधे कोलकाता से जुड़े थे. उन्होंने तमिलनाडु के 2 हजार साल पुराने कल्लनई बांध का भी उदाहरण दिया जो अब भी चालू है.
पिछली सरकारों द्वारा देश के बुनियादी ढांचे के विकास में निवेश के रास्ते में आने वाली बाधाओं को ध्यान में रखते हुए प्रधानमंत्री ने प्रचलित मानसिकता पर प्रकाश डाला कि गरीबी एक गुण है. उन्होंने रेखांकित किया कि वर्तमान सरकार न केवल इस मानसिकता को खत्म करने में सफल रही है, बल्कि आधुनिक बुनियादी ढांचे में रिकॉर्ड निवेश करने में भी सफल रही है. पीएम ने बताया कि भारत का कैपेक्स 2013-14 की तुलना में 5 गुना बढ़ गया है और सरकार नेशनल इंफ्रास्ट्रक्च र पाइपलाइन के तहत 110 लाख करोड़ रुपए के निवेश के लक्ष्य के साथ आगे बढ़ रही है. यह हर हितधारक के लिए नई जिम्मेदारियों, नई संभावनाओं और साहसिक निर्णयों का समय है.
प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि, पीएम गति शक्ति मास्टर प्लान के नतीजे दिखने लगे हैं. हमने उन अंतरालों की पहचान की है, जो रसद दक्षता को प्रभावित कर रहे थे. यही कारण है कि इस साल के बजट में, 100, महत्वपूर्ण परियोजनाओं को प्राथमिकता दी गई है और 75,000 करोड़ रुपए आवंटित किए गए हैं. उन्होंने प्रतिभागियों से अपने क्षेत्रों की जरूरतों के उन्नत पूर्वानुमान के लिए एक तंत्र विकसित करने के तरीके खोजने के लिए कहा क्योंकि बुनियादी ढांचे के विकास के लिए विभिन्न सामग्रियों की आवश्यकता होती है.
(The above story first appeared on LatestLY on Mar 04, 2023 04:02 PM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).

