एजेंसी न्यूज

Vande Bharat Train Export: वंदे भारत ट्रेन का विदेशों में होगा निर्यात, 3 साल में 475 रेलगाड़ियों का होगा निमार्ण

भारतीय रेलवे 2025-26 तक यूरोप, दक्षिण अमेरिका और पूर्वी एशिया के बाजारों में वंदे भारत रेलगाड़ियों का निर्यात करने की तैयारी कर रहा है.

Vande Bharat Train Export: वंदे भारत ट्रेन का विदेशों में होगा निर्यात, 3 साल में 475  रेलगाड़ियों का होगा निमार्ण
Vande Bharat Express

Vande Bharat Train Export, नई दिल्ली, 25 नवंबर: भारतीय रेलवे (Indian Railway) 2025-26 तक यूरोप, दक्षिण अमेरिका और पूर्वी एशिया के बाजारों में वंदे भारत रेलगाड़ियों का निर्यात (Vande Bharat Train Export) करने की तैयारी कर रहा है. एक अधिकारी ने शुक्रवार को कहा कि शयनयान श्रेणी वाली स्वदेशी रेलगाड़ियों का नया संस्करण 2024 की पहली तिमाही तक आ जाएगा. Train Engine Theft: बिहार में सुरंग खोदकर चुराया ट्रेन का इंजन, बेच भी दिया, कबाड़ की दुकान से 13 बोरी पुर्जे बरामद

उन्होंने यह भी कहा कि रेलवे अगले कुछ वर्षों में 75 वंदे भारत रेलगाड़ियों के जरिए 10-12 लाख किलोमीटर की दूरी तय करने की योजना बना रहा है. अधिकारी ने कहा, ''रेलगाड़ियों के निर्यात के लिए परिवेश अगले दो से तीन वर्षों में तैयार किया जाएगा. हम अगले तीन वर्षों में 475 वंदे भारत रेलगाड़ियों का निर्माण करने की राह पर हैं और एक बार उनका सफलतापूर्वक संचालन होने के बाद... वैश्विक बाजारों में हमारे उत्पादों के लिए भरोसा होगा. वंदे भारत रेलगाड़ियां सभी अंतरराष्ट्रीय मानकों को पूरा करती हैं.''

उन्होंने कहा कि इन रेलगाड़ियों में यात्रियों को कोई झटका नहीं लगता है और शोर का स्तर विमान के मुकाबले 100 गुना कम है. अधिकारी ने कहा कि भारत को 2025-26 तक अपनी पहली झुकने में सक्षम (टिल्टिंग) रेलगाड़ी मिलेंगी. टिल्टिंग ट्रेनों’ में ऐसी व्यवस्था होती है, जिससे ‘ब्रॉड-गेज ट्रैक’ पर उनकी गति तेज होती है. वहीं मोड़ आने पर वे झुकने में सक्षम होते हैं. इस तकनीक का इस्तेमाल करके 100 वंदे भारत रेलगाड़ियों का निर्माण किया जा रहा है, जिसकी मदद से रेलगाड़ियां घुमावदार मोड़ पर मोटरसाइकिल की तरह तेजी से घूम सकेंगी.

उन्होंने कहा कि 2025 तक बनने वाली 400 वंदे भारत रेलगाड़ियों में से 100 में यह तकनीक होगी. अधिकारी ने कहा, ''हमारे पास देश में झुकने में सक्षम रेलगाड़ियां होंगी. हम इसके लिए एक प्रौद्योगिकी भागीदार के साथ गठजोड़ करेंगे. हमारे पास अगले दो से तीन वर्षों में 100 वंदे भारत रेलगाड़ियों में यह तकनीक होगी.''

(यह सिंडिकेटेड न्यूज़ फीड से अनएडिटेड और ऑटो-जेनरेटेड स्टोरी है, ऐसी संभावना है कि लेटेस्टली स्टाफ द्वारा इसमें कोई बदलाव या एडिट नहीं किया गया है)

(The above story first appeared on LatestLY on Nov 25, 2022 07:52 PM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).