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Powai Lake Overflows: मुंबई में भारी बारिश से पवई झील ओवरफ्लो, मायानगरी को पीने का पानी सप्लाई करने वाली 7 जलाशयों का जलस्तर भी बढ़ा; VIDEO

मुंबई में पिछले दो दिनों से जारी मूसलाधार बारिश के बाद पवई तालाब पूरी तरह भर गया है और बुधवार सुबह से ओवरफ्लो होने लगा है. इसके साथ ही शहर को पीने का पानी सप्लाई करने वाले सात प्रमुख जलाशयों के जलस्तर में भी सुधार दर्ज किया गया है, जिससे मुंबईकरों को जल संकट से थोड़ी राहत मिलने की उम्मीद है.

Powai Lake Overflows: मुंबई में भारी बारिश से पवई झील ओवरफ्लो, मायानगरी को पीने का पानी सप्लाई करने वाली 7 जलाशयों का जलस्तर भी बढ़ा; VIDEO
(Photo Credits FPJ)

Powai Lake Overflows: मुंबई और उसके उपनगरों में पिछले दो दिनों से हो रही भारी बारिश के बाद बुधवार, 1 जुलाई 2026 को सुबह करीब 5.30 बजे पवई तालाब अपनी पूरी क्षमता के साथ भरकर बहने (ओवरफ्लो) लगा है. कृत्रिम रूप से बनी इस झील की कुल जल भंडारण क्षमता 545 करोड़ लीटर है. बृहन्मुंबई महानगरपालिका (BMC) के अधिकारियों के मुताबिक, इस झील के पानी का उपयोग पीने के लिए नहीं, बल्कि केवल औद्योगिक और गैर-पेय उद्देश्यों के लिए किया जाता है, जिसमें आरे मिल्क कॉलोनी को पानी की आपूर्ति शामिल है.

कैचमेंट एरिया में बारिश से सुधरा जलस्तर

मुंबई में रातभर हुई भारी बारिश ने शहर में गहराते जल संकट को दूर करने की उम्मीद जगाई है. मुंबई को पीने का पानी सप्लाई करने वाली सात प्रमुख झीलों के जलग्रहण (कैचमेंट) क्षेत्रों में हुई अच्छी बारिश से जलस्तर बढ़ा है. पिछले 24 घंटों में आए ताज़ा पानी के प्रवाह ने जलाशयों में लगभग दो दिनों की खपत के बराबर पानी जोड़ दिया है.

बारिश से पवई झील ओवरफ्लो

बीएमसी के हाइड्रोलिक इंजीनियर विभाग की दैनिक रिपोर्ट के अनुसार, इन सातों झीलों का कुल जल भंडार अब बढ़कर 1.03 लाख मिलियन लीटर (ML) हो गया है. यह इन झीलों की कुल संयुक्त क्षमता का 7.18 प्रतिशत है. अधिकारियों का अनुमान है कि उपलब्ध जल स्टॉक अब आगामी 20 अगस्त तक शहर की पेयजल आवश्यकताओं को पूरा करने के लिए पर्याप्त है.

बीएमसी की ओर से लगाई गई थीं पाबंदियां

यह सुधार ऐसे समय में आया है जब झीलों का जलस्तर गंभीर रूप से नीचे गिर जाने के कारण बीएमसी ने एहतियात के तौर पर 15 मई से मुंबई और उसके उपनगरों में 10 प्रतिशत पानी की कटौती लागू कर रखी है. इसके अलावा, कमर्शियल और औद्योगिक प्रतिष्ठानों के लिए 17 जून से 20 प्रतिशत पानी की कटौती की गई थी.

जल संकट की गंभीरता को देखते हुए नागरिक निकाय ने कंस्ट्रक्शन साइटों (निर्माण स्थलों) और स्विमिंग पूलों को होने वाली पानी की आपूर्ति पर अस्थायी रोक लगा दी थी. साथ ही नए पानी के कनेक्शन देने पर रोक लगाने के साथ-साथ व्यावसायिक पानी की खपत को भी सीमित कर दिया था.

वार्षिक मांग पूरा करने का लक्ष्य

मुंबई महानगर को सुचारू रूप से पानी की आपूर्ति करने के लिए बीएमसी रोजाना लगभग 4,100 मिलियन लीटर (ML) पानी की सप्लाई करती है. शहर की पूरे साल की पेयजल मांग को बिना किसी कटौती के आराम से पूरा करने के लिए 1 अक्टूबर तक सातों झीलों में कुल 14.47 लाख मिलियन लीटर जल भंडारण की आवश्यकता होती है. मानसून की सक्रियता बढ़ने के साथ ही प्रशासन को उम्मीद है कि आने वाले हफ्तों में जलस्तर में और तेजी से सुधार होगा.

(The above story first appeared on LatestLY on Jul 01, 2026 01:48 PM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).