West Bengal: पश्चिम बंगाल में फिर बन सकती है ममता सरकार, बीजेपी का प्रदर्शन भी अच्छा: सर्वे
आईएएनएस सी-वोटर सर्वेक्षण के अनुसार, तृणमूल कांग्रेस के 156 सीटों के साथ एक स्पष्ट विजेता के रूप में उभरने की संभावना है, जो आधे से अधिक है. हालांकि यह 294 सीटों वाले विधानसभा में 2016 के मुकाबले 55 सीटें कम है.
कोलकाता: यह पश्चिम बंगाल में तृणमूल कांग्रेस (टीएमसी) और भाजपा के बीच सीधा युद्ध है, जिसने आजादी के बाद कई दशकों तक वाम दलों को सत्ता में रखा. हालांकि, ऐसा लगता है कि इस राजनीतिक लड़ाई में तृणमूल को स्पष्ट बढ़त है, लेकिन भाजपा भी बहुत पीछे नहीं है और यह राज्य के राजनीतिक समीकरण में भारी सेंध लगा सकती है. आईएएनएस सी-वोटर सर्वेक्षण के अनुसार, तृणमूल कांग्रेस के 156 सीटों के साथ एक स्पष्ट विजेता के रूप में उभरने की संभावना है, जो आधे से अधिक है. हालांकि यह 294 सीटों वाले विधानसभा में 2016 के मुकाबले 55 सीटें कम है. सर्वेक्षण के अनुसार, भाजपा अपने एकल अंक से (2016 के चुनाव में 3 सीट) 2021 के चुनाव में ट्रिपल अंक तक अर्थात् 100 तक बढ़ाएगी. वाम मोर्चा-कांग्रेस गठबंधन को केवल 35 सीटों के साथ तीसरे स्थान पर रहने का अनुमान है.
दिलचस्प बात यह है कि तृणमूल और भाजपा के वोट प्रतिशत में कोई अंतर नहीं है. सर्वे के अनुसार, तृणमूल को 42.8 प्रतिशत और भाजपा को 38 प्रतिशत वोट मिलने की संभावना है. स्विंग वोट प्रतिशत भाजपा के पक्ष में है, जो 2016 के चुनावों में 10.2 प्रतिशत से बढ़कर 2021 के चुनाव में 38 प्रतिशत तक पहुंच सकता है. इसके विपरीत, तृणमूल को 2.1 प्रतिशत कम वोट मिल सकता है. वाम मोर्चा-कांग्रेस गठबंधन को 12.9 प्रतिशत वोट मिलने का अनुमान है, 2016 में यह 25 प्रतिशत था. ऐसा लगता है कि इससे भाजपा को लाभ मिलता दिख रहा है. West Bengal: TMC और BJP के बीच महा मुकाबला, चुनाव के इन 4 अहम फैक्टर्स पर रहेगी वोटर्स की नजर.
सीटों की अनुमानित सीमा के अनुसार, टीएमसी को 148 से 164 सीटें मिलने का अनुमान है, उसके बाद भाजपा को 90-108 सीटें और वाम मोर्चा-कांग्रेस को 31 से 39 सीटें मिल सकती हैं और शेष 1-5 सीटें निर्दलीय उम्मीदवारों को जा सकती हैं.
सर्वेक्षण में वास्तविक मतदान के इरादों और पश्चिम बंगाल में जीत की धारणा के बीच एक महत्वपूर्ण अंतर भी देखा गया. भाजपा जीत की धारणा और वास्तविक मतदान के इरादों के मामले में अग्रणी है, फिर भी तृणमूल अभी भी संभावित मतदाता समीकरण का नेतृत्व कर रही है. भाजपा के लिए धारणा अंतर 4.6 है और तृणमूल के लिए यह -8.8 है. सर्वेक्षण के अनुसार, 42.6 प्रतिशत लोगों का मानना है कि भाजपा के पश्चिम बंगाल चुनाव जीतने की संभावना है, जबकि 34 प्रतिशत लोगों का मानना है कि तृणमूल जीतेगी.
(The above story first appeared on LatestLY on Feb 27, 2021 11:40 PM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).

