भवानीपुर उपचुनाव प्रचार के आखिरी दिन बंदूकें लहराईं, दिलीप घोष को तृणमूल समर्थकों ने घेरा
भवानीपुर विधानसभा सीट उपचुनाव के लिए चुनाव प्रचार के आखिरी दिन सोमवार को दक्षिण कोलकाता क्षेत्र में 30 सितंबर को होने वाले चुनाव से पहले तनाव बढ़ गया. यहां तृणमूल कांग्रेस के समर्थकों ने भाजपा के पूर्व प्रदेश अध्यक्ष दिलीप घोष को कथित तौर पर शारीरिक रूप से प्रताड़ित किया, जब वह प्रियंका टिबरेवाल के लिए प्रचार कर रहे थे.
कोलकाता, 27 सितम्बर: भवानीपुर (Bhawanipur) विधानसभा सीट उपचुनाव के लिए चुनाव प्रचार के आखिरी दिन सोमवार को दक्षिण कोलकाता (Kolkata) क्षेत्र में 30 सितंबर को होने वाले चुनाव से पहले तनाव बढ़ गया. यहां तृणमूल कांग्रेस के समर्थकों ने भाजपा के पूर्व प्रदेश अध्यक्ष दिलीप घोष को कथित तौर पर शारीरिक रूप से प्रताड़ित किया, जब वह प्रियंका टिबरेवाल के लिए प्रचार कर रहे थे. यहां हालात इतने बिगड़ गए कि इलाके में बंदूकें भी तन गईं. बता दें कि टिबरेवाल ममता बनर्जी के खिलाफ भाजपा उम्मीदवार के रूप में चुनावी मैदान में हैं. ये घटना भवानीपुर इलाके में जादूबाबर बाजार (जादू बाबू का बाजार) के पास हुई जहां तृणमूल समर्थकों ने घोष का रास्ता रोक दिया और उन्हें सड़क के किनारे धकेल दिया. समर्थकों ने भाजपा के "जय श्री राम" का मुकाबला करने के लिए ममता बनर्जी द्वारा गढ़ा गया एक नारा "जॉय बांग्ला" देना शुरू कर दिया और वापस जाने के लिए चिल्लाने लगे.
इस दौरान घोष के निजी सुरक्षा गार्डो और तृणमूल कांग्रेस के समर्थकों के बीच हाथापाई हुई और भीड़ को तितर-बितर करने के लिए पहरेदारों को बंदूक तानते देखा गया. घोष को घेर लिया गया और वहां से ले जाया गया. हाथापाई में एक भाजपा समर्थक घायल हो गया. मीडिया से बात करते हुए, पार्टी के राष्ट्रीय उपाध्यक्ष घोष ने कहा, "देखो यह पश्चिम बंगाल की स्थिति है. वे किसी को भी प्रचार करने की अनुमति नहीं देंगे. मुझे धक्का दिया गया और पीटा गया क्योंकि मैं हमारे उम्मीदवार का यहां प्रचार के लिए आया था. राज्य में कोई लोकतंत्र नहीं है. हम इस घटना के खिलाफ एक औपचारिक शिकायत करेंगे. "यह भी पढ़े: ममता बनर्जी ने बोला हमला, कहा- BJP को हारने के बाद भी कोई शर्म नहीं, उनका एकमात्र मकसद देश बेचन!
प्रदेश भाजपा अध्यक्ष सुकांत मजूमदार ने कहा, "हम एक बुजुर्ग के पैर छूते हैं. यह बंगाल की संस्कृति है. कुछ भी भूल जाओ. दिलीप घोष की उम्र देखिए. उन्हें लात मारी जा रही है!"उन्होंने कहा, "क्या यह राज्य की संस्कृति है? मैंने ये चीजें नहीं सीखी हैं. जब मुख्यमंत्री ममता बनर्जी या अभिषेक बनर्जी दिल्ली जाते हैं तो हम उनका रास्ता भी रोक सकते हैं और 'जय श्री राम' का नारा दे सकते हैं. क्या हमने ऐसा किया है?""वे न केवल लोकतंत्र की हत्या कर रहे हैं, वे राज्य की संस्कृति को नष्ट कर रहे हैं. बंगाल के लोग इस गौरवशाली महिला को निकाल फेकेंगे. "हालांकि तृणमूल कांग्रेस की ओर से कोई प्रतिक्रिया उपलब्ध नहीं थी, लेकिन भबनीपुर से भाजपा उम्मीदवार, टायरवाल ने कहा, "वह भबनीपुर की कानून-व्यवस्था को नियंत्रित नहीं कर सकती मगर वह देश पर शासन करने का सपना देखती हैं. पहले उन्हें अपना निर्वाचन क्षेत्र संभालना चाहिए. "
(The above story first appeared on LatestLY on Sep 27, 2021 03:11 PM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).

