केरल: मुख्यमंत्री पिनाराई विजयन ने 'लाइफ मिशन' परियोजना की जांच के दिए आदेश
केरल में मुख्यमंत्री पिनाराई विजयन की सरकार ने आखिरकार, करीब दो महीने के बाद बुधवार को 'लाइफ मिशन' परियोजना की सतर्कता जांच का आदेश दिया. विजयन के लिए, लाइफ मिशन परियोजना 2016 में पद ग्रहण करने के बाद से उनकी चहेती परियोजना रही है. कस्टम, एनआईए, ईडी और इन्कम टैक्स सोना तस्करी, ड्रग और लाइफ मिशन मामले की जांच कर रहे हैं.
तिरुवनंतपुरम, 23 सितम्बर: केरल में मुख्यमंत्री पिनाराई विजयन (Pinarayi Vijayan) की सरकार ने आखिरकार, करीब दो महीने के बाद बुधवार को 'लाइफ मिशन' परियोजना की सतर्कता जांच का आदेश दिया. विजयन के लिए, लाइफ मिशन परियोजना 2016 में पद ग्रहण करने के बाद से उनकी चहेती परियोजना रही है. यह बेघर और भूमिहीन लोगों के लिए प्रायोजकों से धन का उपयोग करके घर बनाने के बारे में है और राज्य सरकार की भूमिका केवल भूमि प्रदान करने की थी.
हालांकि, परियोजना तब मुश्किल में पड़ गई, जब त्रिशूर के वडक्कानचेरी के कांग्रेस विधायक अनिल अक्कारा-ने पहली बार अपने निर्वाचन क्षेत्र में एक बिल्डिंग प्रोजेक्ट में हुए गलत कामों के बारे में सवाल उठाया, जिसे यूएई स्थित चैरिटी संगठन रेड क्रीसेंट के फंड से मंजूरी दी गई थी. जब से अक्करा ने यह मामला उठाया, तब से विजयन यह कहते हुए बचाव करते नजर आ रहे हैं कि जमीन सौंपने के अलावा परियोजना में राज्य सरकार की कोई और भूमिका नहीं है.
लेकिन, अब केरल में सोना तस्करी की मुख्य आरोपी स्वप्ना सुरेश को जुलाई में बेंगलुरु से एनआईए द्वारा गिरफ्तार किए जाने और उसके एक लॉकर से एक करोड़ रुपये की वसूली के बाद, चीजें बदलने लगीं. माकपा के राज्य सचिव के बेटे बिनेश कोडियरी पर भी संदेह व्यक्त किया गया जिनसे प्रवर्तन निदेशालय ने पूछताछ भी की, मामले में जो कुछ सुना जा रहा था, यह उससे कहीं अधिक था.
यह विशेष परियोजना यूएई काउंसलेट के माध्यम से कराई गई थी, जहां स्वप्ना और एक अन्य गिरफ्तार शख्स पी. एस. सरिथ दोनों काम किया करते थे. मामले में दिलचस्प मोड़ तब आ गया, जब यह खबर सामने आई कि राज्य के उद्योग मंत्री ई. पी. जयराजन का बेटा भी स्वप्ना का करीबी था. मीडिया से बात करते हुए, अक्कारा ने कहा कि वह पहले शख्स थे जिन्होंने पहली बार इस धोखाधड़ी को उठाया था और केरल के राज्यपाल आरिफ मोहम्मद खान से न्याय की मांग की थी.
अक्कारा ने कहा, "जांच के लिए कांग्रेस की ओर से बार-बार अनुरोध करने के बावजूद विजयन लंबे समय से चुप्पी साधे हुए हैं, मैंने पहले राज्यपाल से संपर्क किया. फिर, मैंने सीबीआई को लिखा और आज विजयन ने सतर्कता जांच का आदेश दिया है क्योंकि अब यह पता चला है कि सीबीआई इस मामले की जांच करने के लिए तैयार है. सतर्कता जांच का कोई मतलब नहीं है, क्योंकि इसकी अगुवाई खुद विजयन कर रहे हैं." वर्तमान में कस्टम, एनआईए, ईडी और इन्कम टैक्स सोना तस्करी, ड्रग और लाइफ मिशन मामले की जांच कर रहे हैं.
(The above story first appeared on LatestLY on Sep 23, 2020 12:45 PM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).

