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7th Pay Commission: केंद्रीय कर्मचारियों के लिए जरुरी खबर, सरकार ने महंगाई भत्ते को लेकर बताई ये बात

क्या मोदी सरकार ने महंगाई भत्ते (डीए) पर लगी रोक को हटा दिया है, सच में डीए में बढ़ोतरी की गई है? दरअसल यह रिपोर्ट बिलकुल गलत है. यह बात खुद केंद्र सरकार ने बताई है. हाल ही में ऐसी खबरें आई थी की केंद्र सरकार ने कर्मचारियों के लिए महंगाई भत्‍ते (डीए) और पेंशनभोगियों के लिए महंगाई राहत के लिए अतिरिक्‍त धनराशि जारी करने की तैयारी में है.

7th Pay Commission: केंद्रीय कर्मचारियों के लिए जरुरी खबर, सरकार ने महंगाई भत्ते को लेकर बताई ये बात
रुपया (Photo Credits: PTI)

7th CPC Latest News: क्या मोदी सरकार ने महंगाई भत्ते (डीए) पर लगी रोक को हटा दिया है, सच में डीए में बढ़ोतरी की गई है? दरअसल यह रिपोर्ट बिलकुल गलत है. यह बात खुद केंद्र सरकार ने बताई है. हाल ही में ऐसी खबरें आई थी की केंद्र सरकार ने कर्मचारियों के लिए डीए (Dearness Allowance) और पेंशनभोगियों के लिए महंगाई राहत के लिए अतिरिक्‍त धनराशि जारी करने की तैयारी में है. साथ ही डीए में बढ़ोतरी भी की जाएगी. यह वृद्धि स्‍वीकृत फार्मूले के अनुसार होगी, जो सातवें केंद्रीय वेतन आयोग की सिफारिशों पर आधारित है. 7th Pay Commission: केंद्र सरकार के कर्मचारियों और पेंशनभोगियों का कब बढ़ेगा महंगाई भत्ता?

अधिकारिक बयान में कहा गया “एक मोर्फड तस्वीर में यह दावा किया जा रहा है कि केंद्रीय वित्त मंत्रालय ने ने डीए व महंगाई भत्ते पर से रोक हटाकर, इसमें 24 फीसदी बढ़ोतरी को मंजूरी दे दी है. जबकि रोके गए व महंगाई भत्ते सहित कर्मचारियों को सरकार एरियर भी देगी.” हकीकत में केंद्र सरकार ने डीए व महंगाई भत्ते पर 24% बढ़ोतरी की मंजूरी नहीं दी है.

उल्लेखनीय है कि कोरोना वायरस महामारी का असर सरकारी कर्मचारियों पर भी पड़ रहा है. इस संकट के कारण बढ़े वित्तीय बोझ के चलते अप्रैल महीने में केंद्र सरकार ने 50 लाख सरकारी कर्मचारियों और 61 लाख के करीब पेंशनभोगियों के डीए में जून 2021 (रिपीट जून 2021) तक कोई वृद्धि नहीं करने का फैसला किया.

वित्त मंत्रालय के व्यय विभाग द्वारा जारी एक आधिकारिक ज्ञापन में कहा गया है, ‘‘कोरोना वायरस महामारी के कारण उत्पन्न संकट को देखते हुए केंद्र सरकार के कर्मचारियों तथा पेंशनभोगियों को महंगाई भत्ते में एक जनवरी 2020 से मिलने वाली किस्त का भुगतान नहीं करने का निर्णय लिया गया है. इसके साथ ही एक जुलाई 2020 से और एक जनवरी 2021 में जारी होने वाली महंगाई भत्ते की अगली किस्तों का भुगतान भी नहीं करने का निर्णय लिया गया है.’’

हालांकि, सरकारी कर्मचारियों और पेंशनभोगियों को मौजूदा दर पर महंगाई भत्ते का लाभ मिलता रहेगा. ज्ञापन में कहा गया है कि एक जुलाई 2021 के बाद जब भी सरकार महंगाई भत्ते और मंहगाई राहत की अगली किस्त जारी करने का फैसला करेगी, उस समय एक जनवरी 2020, एक जुलाई 2020 और एक जनवरी 2021 में प्रभावी महंगाई भत्ते और महंगाई राहत की बढ़ी दर को आगे के लिये इसमें समाहित कर दिया जायेगा और एक जुलाई 2021 से उसी बढ़ी दर पर भत्ता दिया जायेगा.

सरकारी कर्मचारियों तथा पेंशनभोगियों के महंगाई भत्ते में वृद्धि को रोकने के इस कदम से सरकार को चालू वित्त वर्ष 2020-21 और अगले वित्त वर्ष 2021-22 में कुल मिलाकर 37,530 करोड़ रुपये की बचत होगी. केंद्र सरकार के कर्मचारियों/पेंशनभोगियों को महंगाई भत्‍ते/महंगाई राहत का भुगतान किया जाता है, ताकि वे वास्‍तविक मूल्‍य में ह्रास के कारण अपने रहन-सहन की लागत को पूरा कर सकें और अपने मूल वेतन व पेंशन को संरक्षित कर सकें. 1 जनवरी और 1 जुलाई से एक वर्ष में दो बार महंगाई भत्‍ते व महंगाई राहत को संशोधित किया जाता है.

(The above story first appeared on LatestLY on Dec 03, 2020 12:58 PM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).