GST रेट्स में जल्द कटौती संभव, राज्यसभा में बोलीं वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण
देश में वस्तु एवं सेवा कर (GST) की दरों में जल्द ही कटौती की उम्मीद की जा रही है. वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने राज्यसभा में कहा कि GST काउंसिल दरों को सरल और सुव्यवस्थित करने पर काम कर रही है.
नई दिल्ली: देश में वस्तु एवं सेवा कर (GST) की दरों में जल्द ही कटौती की उम्मीद की जा रही है. वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने राज्यसभा में कहा कि GST काउंसिल दरों को सरल और सुव्यवस्थित करने पर काम कर रही है. उन्होंने बताया कि पुराने कर प्रणाली के मुकाबले जीएसटी दरों में पहले ही कमी आई है.
वित्त मंत्री के अनुसार, GST लागू होने से पहले औसत अप्रत्यक्ष कर दर 15.8 फीसदी थी, जिसे घटाकर 11.3 फीसदी कर दिया गया है. अब सरकार टैक्स स्लैब को और सरल करने और कुछ दरों को एक साथ मिलाने पर विचार कर रही है. जीएसटी काउंसिल लगातार दरों की समीक्षा कर रही है, जिससे आम जनता पर कर का बोझ कम हो सके.
क्या GST दरों में और कटौती होगी?
TMC सांसद नदीमुल हक के सवाल के जवाब में, सीतारमण ने बताया कि हर राज्य का वित्त मंत्री जीएसटी को आसान और पारदर्शी बनाने के लिए लगातार प्रयास कर रहा है. सरकार यह सुनिश्चित कर रही है कि नियमों के पालन में कठिनाई कम हो और करदाताओं के लिए कर प्रक्रिया आसान हो. कर्नाटक के वित्त मंत्री की अध्यक्षता में एक मंत्रियों का समूह (GoM) गठित किया गया है, जो जीएसटी दरों को सरल बनाने के लिए समीक्षा कर रहा है.
GST दरों पर फैसला कौन लेता है?
वित्त मंत्री ने स्पष्ट किया कि GST दरों का निर्णय केवल केंद्र सरकार नहीं लेती, बल्कि यह एक सामूहिक निर्णय होता है, जिसमें सभी राज्यों के वित्त मंत्री शामिल होते हैं. GST परिषद (GST Council) विभिन्न राज्यों की आवश्यकताओं के आधार पर टैक्स स्लैब में बदलाव करने का प्रस्ताव रखती है और फिर उस पर चर्चा होती है.
स्वास्थ्य बीमा पर GST में कटौती नहीं
21 दिसंबर 2024 को हुई GST परिषद की बैठक में स्वास्थ्य बीमा (Health Insurance) पर GST घटाकर 5% करने का प्रस्ताव रखा गया था, लेकिन इस पर कोई अंतिम फैसला नहीं हो सका. व्यक्तिगत स्वास्थ्य बीमा पॉलिसियों पर अभी भी पुरानी GST दरें लागू रहेंगी.