CBSE Class 12 Verification-Re-Evaluation Deadline: सीबीएसई कक्षा 12वीं अंक सत्यापन का पोर्टल आज होगा बंद, एक दिन की मिली थी मोहलत
केंद्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड (CBSE) द्वारा कक्षा 12वीं के अंकों के सत्यापन (वेरिफिकेशन) और री-इवैल्यूएशन के लिए आवेदन करने का आज आखिरी मौका है. तकनीकी दिक्कतों के कारण बढ़ाई गई यह समयसीमा आज रात 11:59 बजे समाप्त हो जाएगी.
CBSE Class 12 Verification-Re-Evaluation Deadline: केंद्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड (CBSE) की कक्षा 12वीं के जो छात्र अपने परीक्षा परिणामों से संतुष्ट नहीं हैं और अंकों के सत्यापन या री-इवैल्यूएशन (पुनर्मूल्यांकन) के लिए आवेदन करना चाहते हैं, उनके लिए आज अंतिम अवसर है. बोर्ड द्वारा दी गई एक दिन की अतिरिक्त मोहलत के बाद, आवेदन पोर्टल आज यानी रविवार, 7 जून 2026 की रात 11:59 बजे बंद कर दिया जाएगा. पहले इसकी अंतिम तिथि 6 जून तय की गई थी.
सीबीएसई ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स (X) पर इसकी पुष्टि करते हुए छात्रों को समय से पहले प्रक्रिया पूरी करने की सलाह दी है. बोर्ड के अनुसार, तकनीकी समस्याओं और परिणाम घोषित होने के बाद आवेदनों की भारी संख्या को देखते हुए छात्रों के हित में यह फैसला लिया गया था. यह भी पढ़े: CBSE Class 12 Answer Sheet Photocopy 2026: बोर्ड ने फीस कटौती को बताया गलत, रिजल्ट के बाद रिवैल्यूएशन पोर्टल गड़बड़ी पर ऑटोमैटिक रिफंड का दिया आश्वासन
पारदर्शिता के लिए त्रि-स्तरीय प्रक्रिया
सीबीएसई की यह पोस्ट-रिजल्ट सेवा छात्रों को उनकी उत्तर पुस्तिकाओं के मूल्यांकन में सटीकता सुनिश्चित करने का अवसर देती है. यह पूरी प्रक्रिया तीन चरणों में काम करती है.
सबसे पहले छात्रों को अपनी मूल्यांकन की जा चुकी उत्तर पुस्तिकाओं की स्कैन कॉपी (डिजिटल प्रति) के लिए आवेदन करना होता है. इसके बाद ही वे अंकों के योग की जांच (वेरिफिकेशन) या किसी विशेष प्रश्न के पुनर्मूल्यांकन (री-इवैल्यूएशन) के लिए अनुरोध कर सकते हैं. इस व्यवस्था का उद्देश्य मूल्यांकन प्रणाली में पारदर्शिता और छात्रों का भरोसा बनाए रखना है.
ऑन-स्क्रीन मार्किंग और तकनीकी चुनौतियाँ
इस वर्ष सीबीएसई ने मानवीय त्रुटियों को कम करने और कार्यकुशलता बढ़ाने के लिए बड़े पैमाने पर 'ऑन-स्क्रीन मार्किंग' प्रणाली लागू की थी. इसके बावजूद, कई छात्रों ने शिकायत की कि उन्हें मिली स्कैन कॉपियां धुंधली थीं या कुछ जगहों पर अंक दर्ज होने से छूट गए थे.
इन्हीं दिक्कतों के कारण इस साल पुनर्मूल्यांकन के आवेदनों में बड़ी बढ़ोतरी देखी गई है. आंकड़ों के मुताबिक, अब तक 70,000 से अधिक आवेदन दर्ज किए जा चुके हैं, जो इस बार समयसीमा बढ़ाए जाने के मुख्य कारणों में से एक है.
शुल्क और अंतिम निर्णय
नियमों के मुताबिक, छात्रों को अंक सत्यापन के लिए एक निर्धारित शुल्क और री-इवैल्यूएशन के लिए प्रति प्रश्न के आधार पर फीस देनी होती है. बोर्ड ने स्पष्ट किया है कि पुनर्मूल्यांकन की प्रक्रिया पूरी होने के बाद जो भी अंक दिए जाएंगे, वही अंतिम और बाध्यकारी माने जाएंगे. इसके बाद छात्रों को किसी भी अन्य अपील या सुधार का मौका नहीं मिलेगा.
(The above story first appeared on LatestLY on Jun 07, 2026 02:22 PM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).

