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CM Yogi on Opposition: विपक्ष महाकुंभ पर भ्रम फैलाने का प्रयास कर रहा है: सीएम योगी

उत्तर प्रदेश विधानसभा के बजट सत्र के दूसरे दिन बुधवार को मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने महाकुंभ को लेकर विपक्ष के आरोपों पर करारा जवाब दिया. उन्होंने कहा कि विपक्ष निरंतर महाकुंभ के आयोजन को लेकर दुष्प्रचार कर रहा है, जबकि यह आयोजन सनातन संस्कृति का गौरव है.

CM Yogi on Opposition: विपक्ष महाकुंभ पर भ्रम फैलाने का प्रयास कर रहा है: सीएम योगी
Photo- @myogiadityanath/X

लखनऊ, 19 फरवरी : उत्तर प्रदेश विधानसभा के बजट सत्र के दूसरे दिन बुधवार को मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने महाकुंभ को लेकर विपक्ष के आरोपों पर करारा जवाब दिया. उन्होंने कहा कि विपक्ष निरंतर महाकुंभ के आयोजन को लेकर दुष्प्रचार कर रहा है, जबकि यह आयोजन सनातन संस्कृति का गौरव है. सीएम योगी ने विपक्ष के बयानों को सदन में पढ़कर सुनाया और उन्हें कठघरे में खड़ा किया.

उन्होंने कहा कि उनकी सरकार महाकुंभ को ऐतिहासिक बनाने के लिए कृतसंकल्प है. विपक्ष की आलोचनाओं को दरकिनार करते हुए उन्होंने साफ कहा कि यह आयोजन सनातन धर्म और भारतीय संस्कृति का गौरव है और इसे भव्य रूप से मनाने में कोई कोताही नहीं बरती जाएगी. यह भी पढ़ें : करीब 40 साल पहले खरीदी गई जमीन में कोई अवैधता नहीं: केंद्रीय मंत्री कुमारस्वामी

सीएम योगी ने कहा कि विपक्ष जिस भाषा का प्रयोग कर रहा है, वह किसी भी सभ्य समाज को शोभा नहीं देती. उन्होंने समाजवादी पार्टी और अन्य विपक्षी दलों के नेताओं पर तीखा हमला करते हुए कहा कि ये लोग महाकुंभ जैसे आयोजन की भव्यता पर सवाल उठाते हैं और समाज में भ्रम फैलाने का प्रयास करते हैं. विपक्ष पहले दिन से ही महाकुंभ का विरोध कर रहा है. अगर वे वास्तव में जनता के हितैषी होते तो इस आयोजन पर चर्चा के लिए सदन में उपस्थित रहते, लेकिन उन्होंने सदन को बाधित किया. जैसे ही महाकुंभ शुरू हुआ, इन्होंने अफवाहें फैलाना शुरू कर दिया.

सीएम योगी ने कहा कि विपक्ष के नेता अनर्गल बयानबाजी कर रहे हैं. विपक्ष ने महाकुंभ को लेकर कई गलत तथ्य प्रस्तुत किए और इसे धन की बर्बादी तक करार दिया. उन्होंने विपक्ष के नेताओं के सोशल मीडिया हैंडल पर पोस्ट किए गए बयानों का जिक्र करते हुए कहा कि यह उनके संस्कार और मानसिकता को दर्शाता है.

उन्होंने कहा कि किसी भी सभ्य समिति के लिए वह भाषा शोभा नहीं देती है. आप लोगों के अपने संस्कार हो सकते हैं, आप लोगों का अपना व्यवहार हो सकता है, लेकिन कोई सभ्य समाज और कोई सभ्य समिति कभी भी उसे मान्यता नहीं दे सकती. महाकुंभ कोई नया आयोजन नहीं है, बल्कि यह वैदिक परंपरा से चला आ रहा है. ऋग्वेद, अथर्ववेद और श्रीमद्भागवत महापुराण में भी इसका उल्लेख है. यह आयोजन भारतीय संस्कृति की आत्मा है और इसे संकीर्ण राजनीतिक नजरिए से देखना अनुचित है. जैसे ही महाकुंभ का आयोजन शुरू हुआ, विपक्ष द्वारा अफवाह और दुष्प्रचार किया जाने लगा.

उन्होंने कहा कि समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष ने महाकुंभ आयोजन के पहले इस बारे में कहना शुरू किया कि इतना पैसा और इतना विस्तार देने की आवश्यकता क्या है. उनका बयान है “हमारी सरकार से अपील है कि बहुत सारे बुजुर्ग जो 65 से 70 साल से ऊपर के हैं, स्नान नहीं कर पाए हैं”, उसके बाद फिर उनके बयान आए. सीएम योगी ने सपा अध्यक्ष अखिलेश यादव के बयान के साथ-साथ कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे के भगदड़ में हजारों लोग मरने वाले बयान, टीएमसी अध्यक्ष ममता बनर्जी द्वारा महाकुंभ को मृत्युकुंभ कहे जाने के बयान का जिक्र करते हुए उसकी आलोचना की.

सीएम योगी ने कहा कि जया बच्चन कहती हैं कि शवों को गंगा में बहा दिया गया, लालू यादव कहते हैं फालतू है महाकुंभ. इस प्रकार के गैर जिम्मेदाराना बयान समाजवादी पार्टी, कांग्रेस, आरजेडी और टीएमसी के नेताओं द्वारा सनातन धर्म से जुड़े हुए सबसे बड़े आयोजन के प्रति दिए गए हैं.

उन्होंने कहा कि महाकुंभ को भव्य बनाने के लिए सरकार ने हरसंभव प्रयास किए हैं. हमारा उद्देश्य श्रद्धालुओं को बेहतरीन सुविधाएं उपलब्ध कराना है. प्रयागराज महाकुंभ में अब तक 56 करोड़ से अधिक श्रद्धालु आस्था की डुबकी लगा चुके हैं. हम इसे ऐतिहासिक बना रहे हैं और इसमें कोई कोताही नहीं बरती जाएगी. जो लोग शुरू में महाकुंभ का विरोध कर रहे थे, वे भी अब चुपचाप स्नान करने पहुंचे. 2013 में जब समाजवादी पार्टी की सरकार थी, तब इनके नेताओं को प्रयागराज जाने से रोका गया था, लेकिन इस बार वे खुद वहां गए और हमारे द्वारा की गई व्यवस्थाओं की प्रशंसा भी की. कुछ विपक्षी नेता महाकुंभ को ‘मृत्युकुंभ’ बताकर सनातन धर्म का अपमान कर रहे हैं.

उन्होंने कांग्रेस, समाजवादी पार्टी और अन्य विपक्षी दलों के नेताओं के बयानों का हवाला देते हुए कहा कि यह सनातन आस्था पर सीधा प्रहार है. सीएम योगी ने कहा, "सनातन धर्म भारत की आत्मा है और इसका सम्मान करना प्रत्येक नागरिक का कर्तव्य है. हमारी सरकार इस परंपरा को भव्यता देने के लिए कृतसंकल्प है. सनातन धर्म की सुरक्षा ही विश्व मानवता की सुरक्षा की गारंटी है. प्रयागराज महाकुंभ में हर जाति, मत और मजहब के लोग श्रद्धा के साथ पहुंचे हैं. जब क्रिकेटर मोहम्मद शमी तक ने स्नान किया, तो विपक्षी नेता इसका विरोध क्यों कर रहे हैं?"

सीएम योगी ने कहा कि विपक्ष महाकुंभ ही नहीं, बल्कि अयोध्या में राम मंदिर निर्माण का भी विरोध करता रहा है. जब सर्वोच्च न्यायालय ने सर्वसम्मति से राम जन्मभूमि पर फैसला दिया, तब भी समाजवादी पार्टी और कांग्रेस जैसे दलों ने इसका विरोध किया था. अयोध्या में रामलला विराजमान हुए, तब भी यही लोग विरोध कर रहे थे. जब हमने प्रस्ताव दिया कि सभी विधायक अयोध्या दर्शन के लिए जाएं, तब समाजवादी पार्टी ने वॉकआउट कर दिया.

मुख्यमंत्री योगी ने कहा कि 2017 के पहले उत्तर प्रदेश की छवि नकारात्मक थी, लेकिन डबल इंजन सरकार ने प्रदेश का परसेप्शन बदला है. आज यूपी की छवि विकास, कानून व्यवस्था और संस्कृति के संरक्षण के लिए जानी जाती है. महाकुंभ इसका एक बड़ा उदाहरण है. दुनिया हमें सम्मान की नजरों से देख रही है. उन्होंने विपक्ष को चुनौती देते हुए कहा कि जो लोग महाकुंभ का विरोध कर रहे हैं, वे अपनी सोच बदलें. संक्रमित व्यक्ति का उपचार संभव है, लेकिन संक्रमित सोच का उपचार नहीं किया जा सकता. हमें गर्व है कि यह भव्य आयोजन हमारी सरकार के नेतृत्व में हो रहा है और हम इसे पूरी निष्ठा के साथ संपन्न करेंगे.

(The above story first appeared on LatestLY on Feb 19, 2025 04:56 PM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).