Ayodhya Ram Temple: अयोध्या राम मंदिर शिखर निर्माण का कार्य शुरू, 2025 तक पूरा करने का लक्ष्य
शारदीय नवरात्र के अभिजीत मुहूर्त में राम मंदिर के शिखर निर्माण का कार्य विधि विधान के साथ पूजा-अर्चना के बाद शुरू कर दिया गया है. 161 फीट ऊंचाई तक का यह शिखर अगले चार महीनों में पूर्ण कर लिया जाएगा.
अयोध्या, 4 अक्टूबर : शारदीय नवरात्र के अभिजीत मुहूर्त में राम मंदिर के शिखर निर्माण का कार्य विधि विधान के साथ पूजा-अर्चना के बाद शुरू कर दिया गया है. 161 फीट ऊंचाई तक का यह शिखर अगले चार महीनों में पूर्ण कर लिया जाएगा. साथ ही, मंदिर परिसर में सप्त ऋषियों के मंदिरों का निर्माण भी इसी अवधि में किया जाएगा.
राम लला की मूर्ति के साथ-साथ नर्मदा नदी से मंगाए गए पांच शिवलिंगों में से एक को मंदिर परिसर में बन रहे भव्य शिव मंदिर में स्थापित किया जाएगा. यह शिव मंदिर राम जन्मभूमि मंदिर के परकोटे के ईशान कोण (उत्तरी पूर्वी कोने) पर बनाया जा रहा है. यह भी पढ़ें :Mirzapur Road Accidents: प्रधानमंत्री मोदी ने मिर्जापुर सड़क हादसे में लोगों की मौत पर शोक व्यक्त किया
श्री राम जन्मभूमि मंदिर के महासचिव चंपत राय ने कहा, "राम जन्मभूमि मंदिर में प्राण प्रतिष्ठा कार्यक्रम के समय शिखर बनकर तैयार नहीं हुआ था, क्योंकि उस समय मंदिर का ग्राउंड फ्लोर ही तैयार था. अब जब निर्माण कार्य अंतिम चरण में है, तब अभिजीत मुहूर्त में शिखर निर्माण कार्य शुरू किया गया है. दर्शनार्थियों को केवल रामलला के दर्शन ही नहीं, बल्कि भगवान शिव के भव्य मंदिर में भी दर्शन का लाभ मिलेगा. "नर्मदा से आए पांच शिवलिंगों में से तीन का चयन किया गया है, और इन्हीं में से किसी एक को शिव मंदिर में स्थापित किया जाएगा."
उन्होंने कहा कि मंदिर-मस्जिद विवाद के सुप्रीम कोर्ट के फैसले के बाद, मार्च 2020 में टेंट से निकालकर राम लला को अस्थायी मंदिर में स्थानांतरित किया गया था, क्योंकि उस स्थान पर श्री राम जन्मभूमि मंदिर का निर्माण होना था. भव्य मंदिर में प्राण प्रतिष्ठा होने के पहले राम भक्त यहीं दर्शन पूजन करते थे. वहां पर वर्तमान समय में हनुमान जी की एक प्रतिमा विराजमान है. अब इस स्थान को भी सुरक्षित और दर्शनीय स्थान में विकसित करने का निर्णय लिया गया है.
उन्होंने आगे कहा कि यह स्थान जागृत रहे इसके लिए यहां नियमित पूजन आरती और भोग राग की व्यवस्था होगी. राम भक्त यहां दर्शन पूजन भी कर सकेंगे. राम मंदिर के परकोटे के भीतर सप्त ऋषियों के मंदिर का निर्माण कार्य भी चल रहा है, और हम 2025 तक सभी निर्माण कार्य पूर्ण करने की योजना बना रहे हैं.
(The above story first appeared on LatestLY on Oct 04, 2024 11:12 AM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).

