Anu Rani Viral Video: मेरठ की सस्पेंडेड महिला दरोगा अनु कॉलिस ने वायरल वीडियो पर दी सफाई, इन्फ्लुएंसर अमित किल्होर पर करियर बर्बाद करने का आरोप
कथित आपत्तिजनक वीडियो वायरल होने के बाद निलंबित की गईं उत्तर प्रदेश पुलिस की सब-इंस्पेक्टर अनु कॉलिस (ऑनलाइन अनु रानी के नाम से चर्चित) ने सार्वजनिक रूप से अपनी चुप्पी तोड़ी है.
Anu Rani Viral Video: कथित आपत्तिजनक वीडियो वायरल होने के बाद निलंबित की गईं उत्तर प्रदेश पुलिस की सब-इंस्पेक्टर अनु कॉलिस (ऑनलाइन अनु रानी के नाम से चर्चित) ने सार्वजनिक रूप से अपनी चुप्पी तोड़ी है. शनिवार को यूट्यूब पर लाइव आकर उन्होंने सोशल मीडिया इन्फ्लुएंसर अमित किल्होर पर उनके करियर और व्यक्तिगत जीवन को नुकसान पहुंचाने का आरोप लगाया. अनु ने स्पष्ट किया कि उनका वास्तविक नाम अनु कॉलिस है और उन्होंने किसी भी तरह के आचरण नियमों का उल्लंघन नहीं किया है.
वायरल वीडियो और अमित किल्होर पर आरोप
यूट्यूब लाइव के दौरान अनु कॉलिस उसी फ्रॉक में नजर आईं जो वायरल वीडियो में दिखी थी. उन्होंने किल्होर पर बिना सहमति निजी तस्वीरें और वीडियो साझा करने का आरोप लगाते हुए इसे साइबर अपराध बताया. अनु ने सवाल उठाया कि यदि सामग्री वास्तव में आपत्तिजनक थी, तो पुलिस विभाग या वरिष्ठ अधिकारियों से औपचारिक शिकायत दर्ज कराने के बजाय इसे सोशल मीडिया पर केवल व्यूज पाने के लिए साझा क्यों किया गया. उन्होंने दावा किया कि किल्होर ने बाद में वीडियो हटा दिया और उनके भाई से माफी भी मांगी.
दरोगा अनु कॉलिस की सफाई
कपड़ों और QR कोड पर स्थिति की स्पष्टता
अनु ने वायरल फ्रॉक के संदर्भ में कहा कि यह एक सामान्य पहनावा है, जिसे उन्होंने अपनी मां के साथ आगरा के एक मॉल से खरीदा था. उन्होंने बताया कि वह एक एंग्लो-इंडियन और रोमन कैथोलिक परिवार से हैं, जहां इस तरह के कपड़े पहनना सामान्य है और उनके परिवार को इस पर कोई आपत्ति नहीं है.
इसके अलावा, वीडियो में दिखाए गए QR कोड पर स्पष्टीकरण देते हुए उन्होंने कहा कि वह उनके इंस्टाग्राम अकाउंट से जुड़ा कोड था, न कि कोई बैंक खाता या फंडिंग लिंक.
मानसिक दबाव और धमकियों का दावा
अनु कॉलिस ने बताया कि घटना के बाद से वह गहरे मानसिक तनाव में हैं और पिछले कुछ दिनों से घर में बंद रहने को मजबूर हैं. उन्होंने कहा कि उन्हें जान से मारने की धमकियां मिल रही हैं और उनके परिवार के खिलाफ अभद्र टिप्पणियां की जा रही हैं. अनु ने अनुचित सामग्री या "सेक्स चैट" चलाने के आरोपों को पूरी तरह खारिज किया और कहा कि वह अपने और अपने परिवार के बैंक खातों की जांच कराने के लिए तैयार हैं.
विभागीय जांच
2023 बैच की सब-इंस्पेक्टर अनु कॉलिस की प्रयागराज मूल निवासी के रूप में पहचान है. मेरठ में रोहटा थाना और ब्रह्मपुरी के बाद वह एसएसपी कार्यालय में तैनात थीं. 16 अगस्त 2026 को तत्कालीन एसएसपी अविनाश पांडे के आदेश पर पुलिस आचरण नियमों के कथित उल्लंघन के मामले में उन्हें निलंबित कर दिया गया था.
अनु ने कहा कि वह फिटनेस और स्वास्थ्य से जुड़े चैनल चलाती हैं और उनका उद्देश्य लोगों को प्रेरित करना है. उन्होंने साफ किया कि वह अपने पद से इस्तीफा नहीं देंगी और निष्पक्ष जांच में पूरा सहयोग करने के लिए तैयार हैं.