8th Pay Commission: लेवल 2 से 4 कर्मचारियों की कितनी बढ़ सकती है सैलरी? जानें 2.28, 2.57 और 2.86 फिटमेंट फैक्टर पर पूरा हिसाब

8th Pay Commission: 8वें वेतन आयोग (8th Pay Commission) को लेकर केंद्र सरकार के कर्मचारियों में उत्सुकता लगातार बढ़ रही है. खासतौर पर पे मैट्रिक्स के लेवल 2 से लेवल 4 तक के कर्मचारी यह जानना चाहते हैं कि अलग-अलग फिटमेंट फैक्टर (Fitment Factor) लागू होने पर उनकी बेसिक सैलरी कितनी बढ़ सकती है और उन्हें कितना एरियर (Arrears) मिल सकता है. हालांकि आयोग की अंतिम सिफारिशें अभी आनी बाकी हैं, लेकिन 2.28, 2.57 और 2.86 फिटमेंट फैक्टर के आधार पर संभावित सैलरी का अनुमान लगाया जा रहा है. 8th Pay Commission: केंद्रीय कर्मचारियों की न्यूनतम बेसिक सैलरी 18,000 रुपये से बढ़ाकर 69,000 रुपये करने की मांग क्यों उठी? जानिए पूरा गणित

क्या होता है Fitment Factor?

फिटमेंट फैक्टर वह गुणांक (Multiplier) होता है, जिसके जरिए मौजूदा बेसिक वेतन को नई बेसिक सैलरी में बदला जाता है.

फॉर्मूला:
नई बेसिक सैलरी = मौजूदा बेसिक सैलरी × Fitment Factor

7वें वेतन आयोग में फिटमेंट फैक्टर 2.57 रखा गया था. वहीं 8वें वेतन आयोग के लिए विशेषज्ञ 2.28 से 2.86 के बीच फिटमेंट फैक्टर की संभावना जता रहे हैं. अंतिम फैसला आयोग की सिफारिशों, महंगाई और सरकार की वित्तीय स्थिति को देखते हुए लिया जाएगा.

लेवल 2 से 4 कर्मचारियों की संभावित नई बेसिक सैलरी

वर्तमान 7वें वेतन आयोग के अनुसार:

  • लेवल 2: ₹19,900
  • लेवल 3: ₹21,700
  • लेवल 4: ₹25,500

अगर Fitment Factor 2.28 रहा

  • लेवल 2: लगभग ₹45,372
  • लेवल 3: लगभग ₹49,476
  • लेवल 4: लगभग ₹58,140

अगर Fitment Factor 2.57 रहा

  • लेवल 2: लगभग ₹51,143
  • लेवल 3: लगभग ₹55,769
  • लेवल 4: लगभग ₹65,535

अगर Fitment Factor 2.86 रहा

  • लेवल 2: लगभग ₹56,914
  • लेवल 3: लगभग ₹62,062
  • लेवल 4: लगभग ₹72,930

ध्यान रहे कि ये केवल बेसिक सैलरी के अनुमान हैं. इसमें महंगाई भत्ता (DA), मकान किराया भत्ता (HRA) और परिवहन भत्ता (TA) शामिल नहीं हैं. नई बेसिक सैलरी लागू होने के बाद इन भत्तों की भी अलग से गणना की जाएगी.

कब लागू हो सकता है 8वां वेतन आयोग?

केंद्र सरकार ने 3 नवंबर 2025 को न्यायमूर्ति रंजना प्रकाश देसाई की अध्यक्षता में 8वें वेतन आयोग का गठन किया था. आयोग को अपनी रिपोर्ट सौंपने के लिए 18 महीने का समय दिया गया है. ऐसे में इसकी सिफारिशें वर्ष 2027 के मध्य तक आने की संभावना है.

मीडिया रिपोर्ट्स में 1 जनवरी 2026 को संभावित प्रभावी तिथि (Reference Date) बताया गया है, लेकिन सरकार की ओर से अभी इसकी आधिकारिक घोषणा नहीं की गई है.

कितना मिल सकता है एरियर?

अगर सरकार नई वेतन संरचना लागू करने में देरी करती है और इसे पूर्व प्रभाव (Retrospective Effect) से लागू करती है, तो कर्मचारियों और पेंशनर्स को एरियर भी मिल सकता है.

एरियर की राशि कर्मचारी के वेतन स्तर, तय फिटमेंट फैक्टर और लागू होने में हुई देरी पर निर्भर करेगी. कुछ अनुमानों के अनुसार कई कर्मचारियों को ₹1 लाख या उससे अधिक का एरियर भी मिल सकता है. हालांकि यह केवल अनुमान है और सरकार की आधिकारिक अधिसूचना के बाद ही वास्तविक राशि स्पष्ट होगी.

अब आगे क्या होगा?

8वां केंद्रीय वेतन आयोग देशभर में केंद्रीय कर्मचारियों, पेंशनर्स और कर्मचारी संगठनों से सुझाव लेने के लिए क्षेत्रीय बैठकों का आयोजन कर रहा है. जून 2026 में लखनऊ में भी आयोग ने विभिन्न कर्मचारी संगठनों के साथ चर्चा की थी.

कर्मचारी संगठनों ने 3.83 फिटमेंट फैक्टर की मांग की है, लेकिन अधिकांश विशेषज्ञों का मानना है कि अंतिम फिटमेंट फैक्टर 2.57 से 2.86 के बीच रहने की संभावना अधिक है. जब तक आयोग अपनी अंतिम रिपोर्ट सरकार को नहीं सौंपता और नई वेतन संरचना अधिसूचित नहीं होती, तब तक सैलरी और एरियर से जुड़े सभी आंकड़े केवल अनुमान माने जाएंगे.