PM Kisan 23rd Installment: कल जारी होगी पीएम किसान की 23वीं किस्त, इन 4 गलतियों के कारण रुक सकते हैं आपके ₹2,000
प्रतीकात्मक तस्वीर (Photo Credits: ANI)

PM Kisan 23rd Instalment Release Tomorrow: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी (Prime Minister Narendra Modi) शनिवार, 20 जून 2026 को महत्वाकांक्षी प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि (Pradhan Mantri Kisan Samman Nidhi) (PM-KISAN) योजना की 23वीं किस्त जारी करने जा रहे हैं. पश्चिम बंगाल के हुगली जिले के तारकेश्वर से संचालित होने वाले एक राष्ट्रीय कार्यक्रम के दौरान, प्रधानमंत्री देश भर के 9.44 करोड़ से अधिक पात्र किसानों के बैंक खातों में डीबीटी (DBT) के माध्यम से सीधे ₹18,880 करोड़ की राशि ट्रांसफर करेंगे. इस ताजा किस्त के जारी होने के साथ ही, साल 2019 में शुरू हुई इस आय-सहायता योजना के तहत अब तक कुल ₹4.46 लाख करोड़ से अधिक की धनराशि आवंटित की जा चुकी है. यह भी पढ़ें: PM Kisan Yojana: पीएम किसान योजना की 23वीं किस्त कब आएगी, जानें ताजा अपडेट और घर बैठे ऐसे चेक करें अपना स्टेटस

ई-केवाईसी (eKYC) और सत्यापन की अनिवार्यता

कृषि मंत्रालय ने स्पष्ट किया है कि योजना के तहत ₹2,000 की किस्त बिना किसी रुकावट के पाने के लिए सभी पंजीकृत लाभार्थियों के लिए इलेक्ट्रॉनिक नो योर कस्टमर (eKYC) की प्रक्रिया पूरी करना अनिवार्य है. जिन किसानों ने अभी तक अपने रिकॉर्ड अपडेट नहीं किए हैं, उनकी किस्त रोकी जा सकती है.

किसान घर बैठे आधिकारिक पीएम-किसान पोर्टल पर जाकर आधार कार्ड से जुड़े मोबाइल नंबर पर प्राप्त ओटीपी (OTP) के जरिए अपना ई-केवाईसी वेरिफिकेशन पूरा कर सकते हैं.  इसके अलावा, नजदीकी कॉमन सर्विस सेंटर (CSC) पर जाकर बायोमेट्रिक आधारित सत्यापन भी कराया जा सकता है.

इन 4 सामान्य गलतियों के कारण अटक सकता है पैसा

मंत्रालय के अधिकारियों के अनुसार, केवल ई-केवाईसी ही नहीं बल्कि कई अन्य प्रशासनिक और तकनीकी कमियों के कारण भी अक्सर बैंक ट्रांजैक्शन फेल हो जाते हैं। लाभार्थियों को सलाह दी गई है कि वे पोर्टल पर जाकर निम्नलिखित विवरणों की जांच तुरंत कर लें:

  • आधार-बैंक लिंकेज: लाभार्थी का बैंक खाता सक्रिय होना चाहिए और वह अनिवार्य रूप से उसके आधार नंबर से जुड़ा होना चाहिए.
  • डीबीटी (DBT) एक्टिवेशन: संबंधित बैंक खाते में डायरेक्ट बेनिफिट ट्रांसफर (DBT) की सुविधा सक्षम होनी चाहिए, ताकि केंद्र सरकार की कल्याणकारी योजनाओं का पैसा सीधे खाते में आ सके.
  • नाम और डेटा का मिलान: आधार कार्ड और बैंक पासबुक पर लिखे नाम की स्पेलिंग में कोई भी अंतर होने पर सिस्टम स्वतः ही पेमेंट ब्लॉक कर देता है.
  • भूमि रिकॉर्ड का सत्यापन: राज्य के कृषि विभागों द्वारा लाभार्थी के भूमि स्वामित्व (Land Ownership) के विवरण का पोर्टल पर सफलतापूर्वक सत्यापित होना आवश्यक है.

पश्चिम बंगाल में कृषि क्षेत्र के लिए बड़े ऐलान

किस्त जारी करने का यह कार्यक्रम पश्चिम बंगाल में कृषि बुनियादी ढांचे और सुरक्षा कवरेज को बढ़ाने के एक बड़े अभियान का भी हिस्सा है. केंद्रीय कृषि मंत्री शिवराज सिंह चौहान ने पुष्टि की है कि अकेले पश्चिम बंगाल के 45.35 लाख से अधिक किसानों को इस 23वीं किस्त के तहत सामूहिक रूप से लगभग ₹907 करोड़ की राशि मिलेगी.

पीएम-किसान योजना की राशि जारी करने के साथ ही, प्रधानमंत्री इस क्षेत्र के लिए विशेष रूप से तैयार की गई पुनर्गठित फसल बीमा योजना और प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना (PMFBY) का भी शुभारंभ करेंगे. इस विस्तार का लक्ष्य साल 2026-27 चक्र के लिए राज्य के 1.10 करोड़ किसानों को औपचारिक फसल बीमा के दायरे में लाना है. इसके अतिरिक्त, इस यात्रा के दौरान डिजिटल एग्रीकल्चर मिशन के तहत एक एकीकृत एग्री-टेक प्लेटफॉर्म और स्थानीय प्राकृतिक खेती क्लस्टरों की स्थापना की भी शुरुआत की जाएगी.