बॉलीवुड

Children’s Day 2019 Special: इस बाल दिवस को खास बनाने के लिए अपने बच्चों के साथ जरूर देखिए ये बॉलीवुड फिल्में

पंडित जवाहरलाल नेहरु को बच्चों से बेहद लगाव था. ऐसे में उनके जन्मदिन को यानि 14 नवंबर की तारीख को बाल दिवस के तौर पर मनाया जाता है.

Children’s Day 2019 Special: इस बाल दिवस को खास बनाने के लिए अपने बच्चों के साथ जरूर देखिए ये बॉलीवुड फिल्में
तारे जमीन पर और आय एम कलाम (Image Credit: Twitter)

14 नवंबर की तारीफ हर भारतीय के लिए बेहद ही खास है. क्योंकि इस दिन देश के पहले प्रधानमंत्री जवाहरलाल नेहरु (Jawaharlal Nehru) का जन्मदिन है. जिन्हें बच्चे प्यार से चाचा नेहरु भी कहते थे. दरअसल जवाहरलाल नेहरु को बच्चों से बेहद लगाव था. ऐसे में उनके जन्मदिन को यानि 14 नवंबर की तारीख को बाल दिवस (Bal Divas) के तौर पर मनाया जाता है. हर पैरेंट्स इस खास दिन अपने बच्चों को स्पेशल फील कराने से पीछे नहीं रहता है. सो इस स्पेशल डे के मौके पर हम आपको बताने जा रहे हैं बॉलीवुड (Bollywood) की उन फिल्मों के बारे में जिसे हर पैरेंट्स को अपने बच्चों की दिखानी चाहिए और साथ ही उन्हें भी देखनी चाहिए.

तारें जमीन पर

आमिर खान और दर्शील सफारी की फिल्म तारें जमीन पर एक ऐसी फिल्म है जिसे बच्चों के अलावा हर माता-पिता को भी जरूर देखनी चाहिए. क्योंकि फिल्म की कहानी dyslexic से जूझ रहे एक बच्चे के बारे में है. जिसके चलते वो बच्चा पढ़ाई में बेहद ही कमजोर है लेकिन उसके पैरेंट्स इस चीज को समझ नहीं पाते और उस पर पढ़ाई के लिए दबाव बनाते जाते हैं. लेकिन फिर उसके टीचर बने आमिर खान कैसे सभी इस समस्या के बारे में बताते है और बच्चे का खोया विश्वास वापस लाते हैं. रह सब कुछ इस फिल्म में देखने को मिलता है.

आय एम कलाम

डायरेक्टर नील माधव पंडा की फिल्म भी बच्चों के साथ पेरेंट्स के लिए बेहद जरूरी है. यह फिल्म राजस्थान के एक ऐसे गरीब बच्चे के बारे में जो अंग्रेजी की पढ़ाई करके बड़ा आदमी बनना चाहता है इसलिए वो अपना नाम देश के राष्ट्रपति अब्दुल कलाम के तर्ज कलाम रखता हैं. लेकिन परिवार की मुश्किलों के आगे उससे क्या क्या करना पड़ता है ये सब कुछ इस फिल्म में दिखाया गया है. ये फिल्म नेशनल अवॉर्ड में बेस्ट चाइल्ड आर्टिस्ट का ख़िताब जीत चुकी है.

स्टेनली का डब्बा

स्टेनली एक ऐसे बच्चे की कहानी है जो स्कूल में अपना टिफिन नहीं ला पाता. ऐसे में साथी बच्चे अपना टिफिन उससे शेयर करते है लेकिन स्कूल में पढ़ाने वाले हिन्दी के टीचर वर्माजी जिसे फिल्म के डायरेक्टर अमोल गुप्ते ने ही निभाया है वो भी लंच बॉक्स नहीं लाते. ऐसे में उनकी नजर भी बच्चों की टिफिन पर रहती है. इस कारण स्टेनली उनका सबसे बड़ा दुश्मन है जिससे वो हमेशा चिढ़ते हैं. इस फिल्म में भी एक जबरदस्त मैसेज है जिसे समझने के लिए फिल्म देखनी पड़ेगी.

धनक

डायरेक्टर नागेश कूकनूर की फिल्म धनक भी एक बेहद खास फिल्म है जिसे आप अपने बच्चों के साथ देखना पसंद करेंगे. ये कहानी एक ऐसे भाई बहन की है जिनके माता-पिता नहीं है और उनका पालन पोषण चाचा चाची करते हैं. भाई को आंखों से दिखाई नहीं देता लेकिन वो अच्छा गाता है. ऐसे में जब उसकी बहन को पता चलता है कि शाहरुख खान की एक मुहीम के चलते उसके भाई की आंखे ठीक हो सकती है ऐसे में बहन भाई को लेकर शाहरुख से मिलने निकल पड़ती है. दो मासूम बच्चों पर बनी ये फिल्म आपको अंदर तक हिलाती है.

(The above story first appeared on LatestLY on Nov 13, 2019 04:41 PM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).