ताजा खबरें | ऑपरेशन सिंदूर नाम क्यों रखा गया जबकि महिलाओं का सिंदूर उजड़ गया : जया बच्चन

नयी दिल्ली, 30 जुलाई राज्यसभा में बुधवार को समाजवादी पार्टी की सदस्य जया बच्चन ने सरकार से सवाल किया कि ऑपरेशन सिंदूर नाम क्यों रखा गया जबकि पहलगाम आतंकी हमले में महिलाओं का सिंदूर उजड़ गया।

जया बच्चन राज्यसभा में ‘‘पहलगाम में आतंकवादी हमले के जवाब में भारत के मजबूत, सफल एवं निर्णायक ‘ऑपरेशन सिंदूर’ पर विशेष चर्चा’’ में भाग ले रही थीं।

उन्होंने उन लोगों के परिवारों के प्रति संवेदना व्यक्त की, जिन्होंने पहलगाम हमले में अपने लोगों को खो दिया। उन्होंने कहा कि जो कुछ भी वहां हुआ वह अवास्तविक दिखता है, लोग आए, इतने सारे लोग मारे गए और कुछ भी नहीं हुआ।

उन्होंने सरकार से सवाल किया, ‘‘...आपने इसे सिंदूर का नाम क्यों दिया? सिंदूर तो महिलाओं का उजड़ गया।’’

सपा सदस्य ने कहा कि जो लोग या पर्यटक वहां गए थे, वे वहां क्यों गए थे? उन्होंने कहा कि सरकार ने दावा किया था कि अनुच्छेद 370 के हटने के बाद आतंकवाद समाप्त हो जाएगा लेकिन क्या हुआ? लोगों ने सरकार की बात पर भरोसा किया और वहां गए।

सरकार पर आम लोगों से छल करने का आरोप लगाते हुए जया बच्चन ने मांग की कि उसे पहलगाम हमले के पीड़ितों से माफी मांगनी चाहिए क्योंकि जम्मू कश्मीर में सब कुछ सामान्य होने का दावा सरकार ने ही किया था।

जया ने पहलगाम हमले में मारे गए लोगों को श्रद्धांजलि दी। उन्होंने कहा कि यह अजीब लगता है कि आतंकियों ने किस तरह लोगों को उनके अपनों के सामने मार डाला।

उन्होंने कहा कि सरकार ने आम लोगों से छल किया और उसे पीड़ितों से माफी मांगनी चाहिए क्योंकि अगर वह जम्मू कश्मीर को लेकर बड़े-बड़े दावे नहीं करती तो वहां पर्यटक नहीं जाते और उनकी जान नहीं जाती।

जया ने कहा कि रक्षा मंत्री ने आत्मनिर्भरता की बात की है लेकिन अगर सरकार 26 लोगों की रक्षा नहीं कर पायी तो इस गोलाबारूद, हथियार बनाने की तैयारी किस काम की है।

उन्होंने कहा ‘‘मानवता होनी चाहिए, गोला बारूद से कुछ नहीं होगा। हिंसा से कोई विवाद नहीं सुलझता। विनम्र बनिये और देश के लोगों के मन में विश्वास जगाइये कि आप उनकी रक्षा करेंगे।’’

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