देश की खबरें | जानलेवा कालाजार बीमारी का कब खात्मा करेगा भारत
Get Latest हिन्दी समाचार, Breaking News on India at LatestLY हिन्दी. बांग्लादेश ने सार्वजनिक स्वास्थ्य क्षेत्र में एक बड़ी उपलब्धि हासिल करते हुए कालाजार बीमारी को जड़ से समाप्त कर दिया है। इसके साथ ही यह सवाल पैदा हो गया है कि भारत आखिरकार इस जानलेवा बीमारी का कब खात्मा करेगा?
नयी दिल्ली, पांच दिसंबर बांग्लादेश ने सार्वजनिक स्वास्थ्य क्षेत्र में एक बड़ी उपलब्धि हासिल करते हुए कालाजार बीमारी को जड़ से समाप्त कर दिया है। इसके साथ ही यह सवाल पैदा हो गया है कि भारत आखिरकार इस जानलेवा बीमारी का कब खात्मा करेगा?
विशेषज्ञों ने कहा कि इस बीमारी के खिलाफ लड़ाई जारी है लेकिन इसका खात्मा अभी पूरी तरह नहीं हुआ है। इस बीमारी के खिलाफ लड़ाई को जारी रखने के रास्ते में चुनौतियां बनी हुई हैं-, खासतौर से बीमारी के बाद के लक्षणों और इसके साथ एचआईवी संक्रमण होने की आशंका से निपटने में।
इस बीमारी से सबसे अधिक प्रभावित चार राज्यों में से एक बिहार में कालाजार मेडिकल रिसर्च सेंटर के कार्यक्रम निदेशक श्याम सुंदर ने कहा, ‘‘रोग के मामले 2014 में 44,533 से कम होकर 2023 में तकरीबन 463 रह गए हैं जो मामलों में 99 फीसदी की गिरावट है।’’
‘ड्रग फॉर नेगलेक्टेड डिजीज इनिशिएटिव’, दक्षिण एशिया निदेशक कविता सिंह ने कहा, ‘‘अब ध्यान भारत पर है और हम उसकी घोषणा का बेसब्री से इंतजार कर रहे हैं।’’
‘विसेरल लीशमैनियासिस’ (वीएल) या कालाजार सैंड फ्लाई या मरूमक्षिका के काटने से फैलने वाला परजीवी रोग है। इसके लक्षणों में बार-बार बुखार आना, वजन कम होना, तिल्ली और यकृत का बढ़ना तथा एनीमिया है। अगर इसका उपचार न किया जाए तो 95 फीसदी मामलों में यह बीमारी जानलेवा साबित होती है।
वैश्विक रूप से इस बीमारी के ज्यादातर मामले ब्राजील, पूर्वी अफ्रीका और भारत में सामने आते हैं। हर साल दुनिया में कालाजार के तकरीबन 50,000 से 90,000 नए मामले सामने आते हैं जिनमें से केवल 24-45 प्रतिशत मामले डब्ल्यूएचओ में दर्ज किए जाते हैं।
केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री मनसुख मांडविया ने इस साल जनवरी में कहा था कि भारत में कालाजार के मामलों में 98.7 फीसदी की गिरावट आयी है। देश में 2007 में इसके 44,533 मामले थे जो 2022 में 834 रह गए हैं। उन्होंने इस साल के अंत तक इस बीमारी के उन्मूलन की प्रतिबद्धता दोहरायी थी।
एक बड़ी उपलब्धि में, विश्व स्वास्थ्य संगठन ने 31 अक्टूबर को घोषणा की कि बांग्लादेश कालाजार बीमारी को खत्म करने वाला दुनिया का पहला देश बन गया है। इसे इस तथ्य के आधार पर सफलतापूर्वक मान्यता दी गई कि देश के प्रत्येक उप-जिले में लगातार तीन वर्षों तक बीमारी के रिपोर्ट किए गए मामलों की संख्या प्रति 10,000 लोगों पर 1 से कम थी।
गोला नरेश
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