बेंगलुरु, 24 जून कर्नाटक के बेंगलुरु की रहने वाली स्वीजल मारिया फर्टाडो (18) ने हाल ही में मिस टीन इंटरनेशनल प्रिंसेस का खिताब जीता है। उन्होंने बताया कि उनके जीवन की एक सरल रणनीति है 'अनुकूल परिस्थितियों का लाभ उठायें'।
उन्होंने कहा कि वह इस वर्ष का पूरा फायदा उठाना चाहती है और "किशोरावस्था" को अलविदा कहने से पहले ज्यादा से ज्यादा किशोर प्रतियोगिताओं में भाग लेना चाहती है।
फर्टाडो ने कहा, "और जब मैं परिपक्व हो जाऊंगी, तब मैं निश्चित रूप से मिस इंडिया प्रतियोगिता में भाग लेना चाहूंगी।"
उन्होंने कहा, "मैने एक साकार होने योग्य सपना देखा है। मैं दो चीजों को लेकर बात करना चाहती हूं, जिस पर मैं सबसे ज्यादा भरोसा करती हूं। मैं चाहती हूं कि इस दुनिया में पैदा होने वाले हर बच्चे का बचपन संजोने लायक हो। मैं एक ऐसी दुनिया भी चाहती हूं जहां माता-पिता को बूढ़े होने के बाद अलग न छोड़ा जाये क्योंकि आज कल बच्चे पैसे के पीछे भागते हैं।"
उन्होंने आगे कहा, "उनका परिवार उनकी सफलता की कुंजी है। उडुपी जिले के सुरम्य बरकुर शहर की रहने वाली फर्टाडो को याद है कि कैसे दादी के घर में उसकी गर्मी की छुट्टियां, चचेरे भाई-बहनों की भीड़ और स्वादिष्ट भोजन के साथ उसे हमेशा तरोताजा कर देती थी और उसे एक नयी कक्षा में अपनी नयी शुरुआत के लिये तत्पर करती थी।"
फर्टाडो ने कहा, "मुझे ऐसा परिवार मिला है जो हर परिस्थिति में मेरे साथ खड़ा रहता है। मैं अपने परिवार की पहली व्यक्ति हूं जिसने इस क्षेत्र में कदम रखा है। शुरुआत में, मेरे आस-पास के लोग मुझे कहते थे कि मैं कितनी लंबी और कितनी सुंदर हूं और मुझे प्रतियोगिता में भाग लेना चाहिये।"
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