जरुरी जानकारी | विश्व बैंक, मुद्राकोष के कामकाजी तरीकों से अमेरिकी वित्त मंत्री नाखुश
Get Latest हिन्दी समाचार, Breaking News on Information at LatestLY हिन्दी. बेसेंट ने बुधवार को अंतरराष्ट्रीय वित्त संस्थान में अपने संबोधन में कहा, "अमेरिका पहले का मतलब केवल अमेरिका नहीं है," बल्कि इसके उलट यह व्यापार भागीदारों के बीच गहरे सहयोग और आपसी सम्मान की जरूरत को बताता है।
बेसेंट ने बुधवार को अंतरराष्ट्रीय वित्त संस्थान में अपने संबोधन में कहा, "अमेरिका पहले का मतलब केवल अमेरिका नहीं है," बल्कि इसके उलट यह व्यापार भागीदारों के बीच गहरे सहयोग और आपसी सम्मान की जरूरत को बताता है।
बेसेंट ने बहुपक्षीय वित्तीय संस्थानों आईएमएफ और विश्व बैंक को दायित्वों की पूर्ति के लिहाज से ‘नाकाफी’ बताया। हालांकि उन्होंने इन संस्थानों से अमेरिका के अलग होने की कोई बात नहीं की।
उन्होंने कहा कि ये संस्थान अंतरराष्ट्रीय प्रणाली में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं, और ट्रंप प्रशासन उनके साथ काम करने के लिए उत्सुक है, बशर्ते वे अपने मिशन को लेकर ईमानदार बने रहें।
हालांकि अमेरिकी वित्त मंत्री की नीतिगत स्पष्टता प्रदान करने की यह नई कोशिश भी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्ंरप के रुख से उलट नजर आई।
बुधवार को ही ट्रंप ने यह सुझाव दिया कि यदि संबंधित देशों के साथ शुल्क दरों को लेकर कोई समझौता नहीं हुआ तो वह शुल्क दरों का चयन करेंगे। इसके साथ ही ट्रंप ने कनाडा से वाहनों के आयात पर कर बढ़ाने की धमकी दी।
इस बीच बेसेंट ने चीन पर लगाए गए भारी अमेरिकी शुल्क को आधा किए जाने के बारे में चर्चा होने से संबंधित मीडिया रिपोर्ट पर आश्चर्य जताया। हालांकि उन्होंने उम्मीद जताई कि अमेरिका और चीन के बीच व्यापार संघर्ष में कमी आएगी।
उन्होंने आईएमएफ और विश्व बैंक के खिलाफ व्यापक हमला करते हुए कहा कि ट्रंप प्रशासन इन संस्थानों में अमेरिकी नेतृत्व और प्रभाव का लाभ उठाएगा और उन्हें अपने महत्वपूर्ण दायित्वों को पूरा करने के लिए प्रेरित करेगा।
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