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Muzaffarnagar: स्कूली छात्र को थप्पड़ मारने के मामले में सुप्रीम कोर्ट को यूपी सरकार ने बताया, ' बच्चों को दी गईं है काउंसलिंग सुविधाएं '

नई दिल्ली: उत्तर प्रदेश सरकार ने शुक्रवार को सुप्रीम कोर्ट को बताया कि उसने उस वायरल घटना में शामिल बच्चों के लिए काउंसलिंग सुविधाओं की व्यवस्था की है, जहां एक स्कूली शिक्षक को छात्रों को एक विशेष समुदाय के साथी सहपाठी को थप्पड़ मारने का निर्देश देते हुए देखा गया था.

Muzaffarnagar: स्कूली छात्र को थप्पड़ मारने के मामले में सुप्रीम कोर्ट को यूपी सरकार ने बताया, ' बच्चों को दी गईं है काउंसलिंग सुविधाएं '
CM Yogi | Credit- ANI

नई दिल्ली: उत्तर प्रदेश सरकार ने शुक्रवार को सुप्रीम कोर्ट को बताया कि उसने उस वायरल घटना में शामिल बच्चों के लिए काउंसलिंग सुविधाओं की व्यवस्था की है, जहां एक स्कूली शिक्षक को छात्रों को एक विशेष समुदाय के साथी सहपाठी को थप्पड़ मारने का निर्देश देते हुए देखा गया था.

अतिरिक्त महाधिवक्ता (एएजी) गरिमा प्रसाद ने न्यायमूर्ति अभय एस. ओका की अध्यक्षता वाली पीठ को सूचित किया कि राज्य सरकार ने पिछले साल अगस्त में मुजफ्फरनगर में हुई घटना के संबंध में टाटा इंस्टीट्यूट ऑफ सोशल साइंसेज (टीआईएसएस) द्वारा की गई सिफारिशों को लागू किया है.

गरिमा प्रसाद ने कहा कि काउंसलिंग वर्कशॉप 24 अप्रैल तक जारी रहेंगी. नए अनुपालन हलफनामे को रिकॉर्ड पर लेते हुए पीठ ने मामले को 15 अप्रैल को आगे की सुनवाई के लिए पोस्ट कर दिया. इस पीठ ने न्यायमूर्ति उज्ज्वल भुइयां भी शामिल थे.

इस बीच, इसने राज्य सरकार से शिक्षा का अधिकार (आरटीई) अधिनियम और उसके तहत बनाए गए नियमों के प्रभावी कार्यान्वयन के बड़े मुद्दे पर अपना हलफनामा दाखिल करने को कहा.

पिछली सुनवाई में, सुप्रीम कोर्ट ने बच्चों को काउंसलिंग सुविधाएं प्रदान करने में यूपी सरकार की विफलता पर कड़ा रुख अपनाया था. साथ ही कोर्ट ने राज्य के अधिकारियों को टीआईएसएस द्वारा की गई सिफारिशों को सही मायने में लागू करने का आदेश दिया था.

कोर्ट ने उसके निर्देशों के पूर्ण उल्लंघन को देखते हुए, यूपी सरकार को 1 मार्च से पहले एक नया अनुपालन हलफनामा दाखिल करने का आदेश दिया था.

वायरल वीडियो में, साथी छात्रों को एक निजी स्कूल के शिक्षक के आदेश पर 7 वर्षीय बच्चे को थप्पड़ मारते देखा गया था.

सुप्रीम कोर्ट में दायर जनहित याचिका में घटना की समयबद्ध, स्वतंत्र जांच और स्कूलों में धार्मिक अल्पसंख्यकों के छात्रों के खिलाफ हिंसा को रोकने के लिए दिशानिर्देश स्थापित करने के निर्देश देने की मांग की गई.

 

 

(The above story first appeared on LatestLY on Mar 01, 2024 08:03 PM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).