विदेश की खबरें | भारतीय-अमेरिकी राजा चारी सहित तीन अंतरिक्ष यात्री ‘स्पेसएक्स-क्रू’ अभियान के लिए चयनित

Get Latest हिन्दी समाचार, Breaking News on world at LatestLY हिन्दी. अमेरिकी वायुसेना के भारतीय-अमेरिकी कर्नल राजा चारी को नासा और यूरोपीय अंतरिक्ष एजेंसी (ईएसए) द्वारा अंतरराष्ट्रीय अंतरिक्ष स्टेशन (आईएसएस) भेजे जाने वाले ‘स्पेसएक्स क्रू-3’ अभियान का कमांडर चुना गया है।

वाशिंगटन, 16 दिसंबर अमेरिकी वायुसेना के भारतीय-अमेरिकी कर्नल राजा चारी को नासा और यूरोपीय अंतरिक्ष एजेंसी (ईएसए) द्वारा अंतरराष्ट्रीय अंतरिक्ष स्टेशन (आईएसएस) भेजे जाने वाले ‘स्पेसएक्स क्रू-3’ अभियान का कमांडर चुना गया है।

चारी के परिवार का ताल्लुक हैदराबाद से रहा है।

यह भी पढ़े | Pashupatinath Temple Reopens: 9 महीने बाद खुले पशुपतिनाथ मंदिर के कपाट, कोरोना प्रोटोकॉल का पालन करना अनिवार्य.

इस अभियान में चारी (43) कमांडर के तौर पर सेवा देंगे, जबकि अमेरिकी अंतरिक्ष एजेंसी नासा के टॉम मार्शबर्न पायलट होंगे और ईएसए के मैथियस मॉरर आईएसएस भेजे जाने वाले ‘स्पेसएक्स क्रू-3’ मिशन के लिए अभियान विशेषज्ञ के तौर पर सेवा देंगे।

‘स्पेसएक्स क्रू-3’ को अगले साल प्रक्षेपित किए जाने की उम्मीद है।

यह भी पढ़े | बांग्लादेश की PM शेख हसीना ने कहा, धर्म का उपयोग राजनीतिक हथियार के रूप में नहीं होने देंगे.

नासा के एक बयान में सोमवार को कहा गया कि चालक दल (क्रू) के चौथे सदस्य को बाद में शामिल किया जाएगा। नासा और इसके अंतरराष्ट्रीय साझेदारों द्वारा समीक्षा किए जाने के बाद ऐसा किया जाएगा।

चारी ने सोमवार को एक ट्वीट में कहा, ‘‘अंतरिक्ष स्टेशन की यात्रा की तैयारियों के लिए अंतरिक्ष यात्री मैथियस और मार्शबर्न के साथ प्रशिक्षण लेने को लेकर उत्साहित हूं तथा गौरवान्वित महसूस कर रहा हूं। ’’

नासा ने कहा कि चारी के लिए यह पहली अंतरिक्ष उड़ान होगी, जो 2017 में नासा के अंतरिक्ष यात्री बने हैं। उनका जन्म मिलवाकी में हुआ था लेकिन वह आयोवा के सेडार फाल्स को अपना गृह नगर मानते हैं।

नासा ने बयान में कहा है कि वह अमेरिकी वायुसेना में कर्नल हैं और परीक्षण पायलट के व्यापक अनुभव के साथ अभियान में शामिल हुए हैं। उन्होंने अपने करियर में 2,500 से अधिक घंटे तक उड़ान भरी है। चारी को इस महीने की शुरूआत में ‘आर्टेमिस टीम’ का सदस्य चुना गया था और वह अब भविष्य के एक चंद्र अभियान पर जाने के लिए योग्य हैं।

चारी के पिता श्रीनिवास चारी इंजीनियरिंग की पढ़ाई के लिए युवावस्था में हैदराबाद से अमेरिका आए थे।

चारी, मार्शबर्न और मॉरर जब ऑर्बिटिंग लैबोरैट्री में पहुंचेंगे, तब वे अगले छह महीने के पड़ाव के लिए अभियान क्रू सदस्य बन जाएंगे।

नासा के मुताबिक क्रू-1 के अंतरिक्षयात्री अभी आईएसएस में हैं और क्रू-2 के अंतरिक्षयात्रियों के भी जल्द ही अभियान पर रवाना होने की उम्मीद है। इससे आईएसएस में अंतरिक्षयात्रियों की संख्या बढ़ जाएगी और वहां के अनूठे वातावरण में विज्ञान प्रयोग बढ़ाने में मदद मिलेगी।

स्पेसएक्स के मानव अंतरिक्ष परिवहन प्रणाली का चक्रीय आधार यह तीसरा चालक दल (क्रू) अभियान है।

इस कार्यक्रम का लक्ष्य अमेरिकी एयरोस्पेस उद्योग के साथ साझेदारी के तहत आईएसएस तक अंतरिक्ष यात्रियों को सुरक्षित, विश्वसनीय और किफायती तरीके से पहुंचाना है।

नासा का स्पेसएक्स के साथ कुल छह क्रू मिशन के लिए अनुबंध है।

(यह सिंडिकेटेड न्यूज़ फीड से अनएडिटेड और ऑटो-जेनरेटेड स्टोरी है, ऐसी संभावना है कि लेटेस्टली स्टाफ द्वारा इसमें कोई बदलाव या एडिट नहीं किया गया है)

Share Now