देश की खबरें | उच्चतम न्यायालय ने कर्मचारी क्षतिपूर्ति अधिनियम में अस्पष्टता दूर की

Get Latest हिन्दी समाचार, Breaking News on India at LatestLY हिन्दी. उच्चतम न्यायालय ने मंगलवार को स्पष्ट किया कि कर्मचारी क्षतिपूर्ति अधिनियम के एक प्रावधान में इस्तेमाल “नौकरी के दौरान और उसके कारण हुई दुर्घटना” वाक्यांश में निवास स्थान और कार्यस्थल के बीच आने-जाने के दौरान होने वाले हादसे भी शामिल होंगे।

नयी दिल्ली, 29 जुलाई उच्चतम न्यायालय ने मंगलवार को स्पष्ट किया कि कर्मचारी क्षतिपूर्ति अधिनियम के एक प्रावधान में इस्तेमाल “नौकरी के दौरान और उसके कारण हुई दुर्घटना” वाक्यांश में निवास स्थान और कार्यस्थल के बीच आने-जाने के दौरान होने वाले हादसे भी शामिल होंगे।

शीर्ष अदालत ने कहा कि बात जब काम पर जाते समय या घर लौटते वक्त कर्मचारियों के साथ होने वाली दुर्घटनाओं की आती है, तो अधिनियम की धारा-3 में इस्तेमाल इस वाक्यांश को लेकर “काफी संदेह और अस्पष्टता” है।

कर्मचारी क्षतिपूर्ति अधिनियम, 1923 की धारा-3 क्षतिपूर्ति के लिए नियोक्ता के दायित्वों से संबंधित है।

न्यायमूर्ति मनोज मिश्रा और न्यायमूर्ति के.वी. विश्वनाथन की पीठ ने कहा कि तथ्यों के आधार पर विभिन्न फैसलों में इसकी अलग-अलग व्याख्या की गई है।

उसने कहा, “हम कर्मचारी क्षतिपूर्ति अधिनियम की धारा-3 में प्रयुक्त वाक्यांश “नौकरी के दौरान और उसके कारण हुई दुर्घटना” की व्याख्या इस प्रकार करते हैं कि इसमें किसी कर्मचारी के साथ उसके निवास स्थान से ड्यूटी के लिए कार्यस्थल तक जाने या ड्यूटी के बाद कार्यस्थल से उसके निवास स्थान तक लौटने के दौरान होने वाली दुर्घटना शामिल होगी, बशर्ते दुर्घटना घटित होने की परिस्थितियों, समय, स्थान तथा रोजगार के बीच संबंध स्थापित हो।”

शीर्ष अदालत ने बंबई उच्च न्यायालय के दिसंबर 2011 के आदेश को चुनौती देने वाली याचिका पर सुनवाई के दौरान यह फैसला सुनाया।

उच्च न्यायालय ने श्रमिक क्षतिपूर्ति आयुक्त एवं सिविल न्यायाधीश, उस्मानाबाद के उस आदेश को रद्द कर दिया था, जिसमें एक व्यक्ति के परिवार के सदस्यों को ब्याज सहित 3,26,140 रुपये का मुआवजा देने का आदेश दिया गया था। इस व्यक्ति की ड्यूटी पर जाते समय दुर्घटना में मौत हो गई थी।

यह आदेश कर्मचारी क्षतिपूर्ति अधिनियम के तहत दायर एक दावे पर पारित किया गया था।

शीर्ष अदालत ने अपने फैसले में कहा कि मृतक एक चीनी फैक्टरी में चौकीदार के रूप में कार्यरत था और 22 अप्रैल 2003 को दुर्घटना के दिन उसकी ड्यूटी का समय तड़के तीन बजे से पूर्वाह्न 11 बजे तक था।

पीठ ने कहा कि यह निर्विवाद है कि वह अपने कार्यस्थल की ओर जा रहा था और कार्यस्थल से लगभग पांच किलोमीटर पहले एक स्थान पर घटी दुर्घटना में उसकी मौत हो गई थी।

(यह सिंडिकेटेड न्यूज़ फीड से अनएडिटेड और ऑटो-जेनरेटेड स्टोरी है, ऐसी संभावना है कि लेटेस्टली स्टाफ द्वारा इसमें कोई बदलाव या एडिट नहीं किया गया है)

Share Now

संबंधित खबरें

Afghanistan vs United Arab Emirates, T20 World Cup 2026 28th Match Pitch Report And Weather Update: अफगानिस्तान बनाम संयुक्त अरब अमीरात के बीच 28वें मुकाबले में कैसा रहेगा दिल्ली की पिच का मिजाज, बारिश डालेगी खलल या फैंस उठाएंगे पूरे मैच का लुफ्त? यहां जानें पिच रिपोर्ट और मौसम का हाल

India AI Impact Summit 2026: PM मोदी आज दिल्ली में करेंगे 'इंडिया एआई इम्पैक्ट समिट का उद्घाटन; सैम ऑल्टमैन, सुंदर पिचाई समेत वैश्विक नेता होंगे शामिल

Afghanistan vs United Arab Emirates, T20 World Cup 2026 28th Match Preview: आज अफगानिस्तान बनाम संयुक्त अरब अमीरात के बीच खेला जाएगा अहम मुकाबला, मैच से पहले जानिए हेड टू हेड रिकॉर्ड्स, मिनी बैटल, स्ट्रीमिंग समेत सभी डिटेल्स

Gold Rate Today 22K-24K: सोने की कीमतों में स्थिरता, जानें दिल्ली, मुंबई चेन्नई सहित अन्य बड़े शहरों के आज के ताजा रेट

\