नवीन का शव जितनी जगह घेरेगा, उतने में 10-12 लोगों का लाया जा सकता है: भाजपा विधायक
कर्नाटक में भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के विधायक अरविंद बेल्लाड का कहना है कि यूक्रेन में एक मार्च को गोलाबारी में जान गंवाने वाले नवीन शेखरप्पा ज्ञानगौदर का शव वापस लाने के दौरान ज्यादा जगह घेरेगा और इतने स्थान का इस्तेमाल युद्ध ग्रस्त देश में फंसे 10-12 लोगों को निकालने के लिए किया जा सकता है.
बेंगलुरु, 14 मार्च : कर्नाटक में भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के विधायक अरविंद बेल्लाड का कहना है कि यूक्रेन में एक मार्च को गोलाबारी में जान गंवाने वाले नवीन शेखरप्पा ज्ञानगौदर का शव वापस लाने के दौरान ज्यादा जगह घेरेगा और इतने स्थान का इस्तेमाल युद्ध ग्रस्त देश में फंसे 10-12 लोगों को निकालने के लिए किया जा सकता है. हुबली धारवाड़ पश्चिम से विधायक ने कहा कि भारत सरकार के साथ-साथ कर्नाटक सरकार यूक्रेन के खारकीव से नवीन के पार्थिव देह को लाने के लिए हर संभव कोशिश कर रही है. उन्होंने ज़ोर देकर कहा कि जिस स्थान पर शव रखा है, वह एक युद्ध क्षेत्र है और मौजूदा परिस्थितियों में शव वापस भारत लाना मुश्किल है. बेल्लाड ने बृहस्पतिवार को कहा, “यह एक युद्ध क्षेत्र है. आप सभी चैनलों के माध्यम से जमीनी हालात को टेलीविजन पर देख रहे हैं. पार्थिव शरीर को उड़ान सेवाएं शुरू होने के बाद लाया जाएगा.”
भाजपा विधायक ने कहा, “ सी स्थिति में जब जीवित लोगों को लाना मुश्किल साबित हो रहा है तब शव लाना और भी मुश्किल होगा क्योंकि यह अधिक जगह घेरेगा. इनती जगह में 10 से 12 लोगों को लाया जा सकता है.” सत्तारूढ़ दल के विधायक ने यह भी कहा कि छात्र भारत में मोटी फीस के कारण विदेश में मेडिकल डिग्री प्राप्त करने के अपने सपने को साकर करने के लिए पलायन करते हैं. राज्य के हावेरी जिले के चालगेरी के रहने वाले 22 वर्षीय नवीन खारकीव में अन्य लोगों के साथ एक बंकर में थे. वह एक मार्च को खाने-पीने का सामान लेने और मुद्रा बदलवाने के लिए बंकर से बाहर निकले थे और गोलाबारी की चपेट में आने से उनकी मौत हो गई थी. यह भी पढ़ें : बुढ़ापे के लिए LIC का धासू प्लान! सिर्फ एक बार पैसा लगाने पर हर महीने मिलेगा 12000 रुपये पेंशन, योजना के बारे में जाने सबकुछ
उनका पार्थिव शरीर खारकीव के शवगृह में रखा है. उनके माता-पिता ने केंद्र सरकार से आग्रह किया है कि अंतिम संस्कार के लिए उनके बेटे की पार्थिव देह स्वदेश वापस लायी जाए. इस बीच चालगेरी के वेंकटेश वैश्यार ने पीटीआई- से कहा कि उनका 23 वर्षीय बेटा और 24 वर्षीय भतीजा सुमन यूक्रेन में हैं और उन्हें खारकीव से करीब 20 किलोमीटर दूर एक स्कूल में रखा गया है जहां तकरीबन 1700 अन्य भारतीय हैं.
(The above story first appeared on LatestLY on Mar 04, 2022 04:55 PM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).

