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जरुरी जानकारी | देश में वर्ष 2021-22 में चीनी उत्पादन 2.90 प्रतिशत बढ़कर 3.19 करोड़ टन रहने का अनुमान

Get Latest हिन्दी समाचार, Breaking News on Information at LatestLY हिन्दी. ब्राजील के बाद दुनिया के दूसरे सबसे बड़े उत्पादक देश भारत में चालू विपणन वर्ष के दौरान चीनी उत्पादन 2.90 प्रतिशत बढ़कर 3.19 करोड़ टन होने का अनुमान है। यह जानकारी व्यापार संगठन एआईएसटीए ने बृहस्पतिवार को जारी पहले अनुमान में दी है।

जरुरी जानकारी | देश में वर्ष 2021-22 में चीनी उत्पादन 2.90 प्रतिशत बढ़कर 3.19 करोड़ टन रहने का अनुमान

नयी दिल्ली, 27 जनवरी ब्राजील के बाद दुनिया के दूसरे सबसे बड़े उत्पादक देश भारत में चालू विपणन वर्ष के दौरान चीनी उत्पादन 2.90 प्रतिशत बढ़कर 3.19 करोड़ टन होने का अनुमान है। यह जानकारी व्यापार संगठन एआईएसटीए ने बृहस्पतिवार को जारी पहले अनुमान में दी है।

इसमें कहा गया है कि 3.19 करोड़ टन के अनुमानित उत्पादन और चीनी मिलों के पास 83 लाख टन के शुरुआती स्टॉक के साथ, चालू विपणन वर्ष में देश में चीनी की कुल उपलब्धता 4.02 करोड़ टन होने की उम्मीद है, जो पिछले वर्ष की तुलना में थोड़ा कम है।

हालांकि, देश में चीनी की आपूर्ति, घरेलू खपत को पूरा करने के लिए पर्याप्त होगी, जो कि विपणन वर्ष 2021-22 में 2.7 करोड़ टन होने का अनुमान है।

चीनी विपणन वर्ष अक्टूबर से सितंबर तक चलता है।

निर्यात के मामले में, अखिल भारतीय चीनी व्यापार संघ (एआईएसटीए) ने कहा कि मौजूदा विपणन वर्ष 2021-22 में निर्यात खेप कम यानी 60 लाख टन रहने का अनुमान है, जबकि पिछले वर्ष 72 लाख टन था।

संगठन ने कहा, ‘‘वर्ष 2021-22 में वास्तविक निर्यात, घरेलू चीनी की कीमतों के स्तर और अंतरराष्ट्रीय चीनी की कीमतों पर निर्भर करेगा।’’

एआईएसटीए के पहले अनुमान के अनुसार, 2021-22 के विपणन वर्ष में देश का चीनी उत्पादन 3.19 करोड़ टन होने की उम्मीद है, जबकि पिछले वर्ष यह 3.1 करोड़ टन था।

इस वर्ष के लिए कुल अनुमानित चीनी उत्पादन में से, देश के प्रमुख चीनी उत्पादक राज्य, उत्तर प्रदेश - में चीनी मिलों का विपणन वर्ष 2021-22 में 1.05 करोड़ टन चीनी का उत्पादन करने का अनुमान है, जो पिछले वर्ष के 1.11 करोड़ टन से कम है।

हालांकि, देश का दूसरा सबसे बड़ा चीनी उत्पादक राज्य, महाराष्ट्र में चीनी उत्पादन - पहले के 1.07 करोड़ टन के मुकाबले 1.15 करोड़ टन अधिक होने का अनुमान है, जबकि देश का तीसरा सबसे बड़ा चीनी उत्पादक राज्य - कर्नाटक में चीनी उत्पादन 48 लाख टन होने का अनुमान है जो पहले 47 लाख टन था।

यह अनुमान है कि चालू विपणन वर्ष में बी-हैवी शीरा और शीरे से एथेनॉल उत्पादन के लिए 31 लाख टन सुक्रोज को स्थानांतरित किया जाएगा।

एअसईएसटीए ने यह भी कहा कि विपणन वर्ष 2021-22 में घरेलू चीनी की खपत 2 प्रतिशत बढ़कर 2.7 करोड़ टन होने का अनुमान है, जो पिछले वर्ष 2.65 करोड़ टन था।

संगठन ने कहा कि गन्ने की पेराई का काम जारी है। वह विपणन वर्ष 2021-22 के लिए फरवरी के अंत या मार्च की शुरुआत में अपना दूसरा उत्पादन अनुमान जारी करेगा।

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(The above story first appeared on LatestLY on Jan 27, 2022 11:10 PM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).