जरुरी जानकारी | अमेरिकी शुल्क टाले जाने से शेयर बाजारों में तेजी लौटी, सेंसेक्स 1310 अंक उछला
Get Latest हिन्दी समाचार, Breaking News on Information at LatestLY हिन्दी. भारत समेत विभिन्न देशों पर लगाए उच्च सीमा शुल्क को तीन महीनों के लिए टालने के अमेरिकी सरकार के फैसले से शुक्रवार को स्थानीय शेयर बाजारों में जबर्दस्त तेजी रही। सेंसेक्स 1,310 अंक उछल गया जबकि निफ्टी ने 429 अंकों की छलांग लगाई।
मुंबई, 11 अप्रैल भारत समेत विभिन्न देशों पर लगाए उच्च सीमा शुल्क को तीन महीनों के लिए टालने के अमेरिकी सरकार के फैसले से शुक्रवार को स्थानीय शेयर बाजारों में जबर्दस्त तेजी रही। सेंसेक्स 1,310 अंक उछल गया जबकि निफ्टी ने 429 अंकों की छलांग लगाई।
भारतीय बाजार में तेजी इस लिहाज से खास रही कि इसने दुनिया भर के बाजारों में व्याप्त गिरावट के रुख के उलट तेजी का रुझान दिखाया। अमेरिका और चीन के बीच व्यापार युद्ध गहराने से वैश्विक बाजारों में नकारात्मक धारणा हावी रही।
स्थानीय स्तर पर जबर्दस्त लिवाली होने से बीएसई का 30 शेयरों वाला मानक सूचकांक सेंसेक्स 1,310.11 अंक यानी 1.77 प्रतिशत उछलकर 75,157.26 अंक पर बंद हुआ। कारोबार के दौरान एक समय यह 1,620.18 अंक बढ़कर 75,467.33 तक पहुंच गया था।
नेशनल स्टॉक एक्सचेंज (एनएसई) का मानक सूचकांक निफ्टी भी 429.40 अंक यानी 1.92 प्रतिशत बढ़कर 22,828.55 अंक पर बंद हुआ। कारोबार के दौरान एक समय यह 524.75 अंक बढ़कर 22,923.90 पर पहुंच गया था।
घरेलू बाजार में आई तेजी के बीच सेंसेक्स की 30 में से 28 कंपनियों के शेयर बढ़त में रहे। टाटा स्टील में सर्वाधिक 4.91 प्रतिशत की तेजी रही जबकि एचडीएफसी बैंक 2.33 प्रतिशत बढ़त पर रहा। पावर ग्रिड, एनटीपीसी, कोटक महिंद्रा बैंक, रिलायंस इंडस्ट्रीज और अदाणी पोर्ट्स में भी तेजी देखी गई।
दूसरी तरफ, एशियन पेंट्स और टाटा कंसल्टेंसी सर्विसेज (टीसीएस) के शेयर गिरावट के साथ बंद हुए।
जियोजित इन्वेस्टमेंट्स लिमिटेड के शोध प्रमुख विनोद नायर ने कहा, "जवाबी शुल्कों पर अप्रत्याशित रोक लगा दिए जाने से बाजार को राहत मिली है। हालांकि टीसीएस के तिमाही नतीजे बाजार की उम्मीदों से कम रहे, लेकिन ऑर्डर बुक बढ़ने से चालू वित्त वर्ष की दूसरी छमाही में स्थिति सुधरने की उम्मीद है।"
अमेरिकी राष्ट्रपति कार्यालय व्हाइट हाउस की तरफ से जारी आदेशों के मुताबिक, अमेरिका ने इस साल नौ जुलाई तक 90 दिनों के लिए भारत पर लगे अतिरिक्त शुल्क को निलंबित करने की घोषणा की है।
इसके पहले दो अप्रैल को अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने अमेरिका को माल निर्यात करने वाले लगभग 60 देशों पर शुल्क और भारत जैसे देशों पर अलग से शुल्क लगाया था।
चौतरफा खरीदारी के दौर में बीएसई स्मालकैप सूचकांक ने 3.04 प्रतिशत का उछाल देखा जबकि मिडकैप सूचकांक में 1.84 प्रतिशत की तेजी रही।
सभी क्षेत्रवार सूचकांक भी बढ़त के साथ बंद हुए। जिंस खंड में सर्वाधिक 3.40 प्रतिशत की बढ़त रही जबकि टिकाऊ उपभोक्ता खंड 2.92 प्रतिशत और बिजली खंड 2.64 प्रतिशत चढ़ा।
बीएसई पर सूचीबद्ध कुल 3,115 शेयर बढ़कर बंद हुए जबकि 846 शेयरों में गिरावट रही और 118 अन्य अपरिवर्तित रहे।
भारतीय बाजार के उलट वैश्विक बाजारों में गिरावट का रुख देखा गया। चीन और अमेरिका के बीच व्यापार युद्ध तेज होने से बढ़ती चिंताओं के बीच वैश्विक बाजारों में बिकवाली का जोर देखा गया।
एशिया के अन्य बाजारों में जापान का सूचकांक निक्की और दक्षिण कोरिया का कॉस्पी गिरावट के साथ बंद हुआ, जबकि चीन का शंघाई कंपोजिट और हांगकांग का हैंग सेंग चढ़कर बंद हुए।
यूरोपीय बाजार भी गिरावट के साथ कारोबार कर रहे थे। अमेरिकी बाजारों में बृहस्पतिवार को बड़ी गिरावट रही। नैस्डैक कंपोजिट में 4.31 प्रतिशत, एसएंडपी 500 में 3.46 प्रतिशत और डॉऊ जोन्स इंडस्ट्रियल एवरेज में 2.50 प्रतिशत की गिरावट रही।
चीन ने शुक्रवार को अमेरिका से आयात पर अपने अतिरिक्त शुल्क को बढ़ाकर 125 प्रतिशत कर दिया। इसके पहले ट्रंप प्रशासन ने चीन से आयात पर 145 प्रतिशत कर लगाने की घोषणा की।
विदेशी संस्थागत निवेशकों (एफआईआई) ने बुधवार को 4,358.02 करोड़ रुपये के शेयरों की शुद्ध बिकवाली की।
महावीर जयंती के अवसर पर बृहस्पतिवार को भारतीय शेयर बाजार बंद रहे।
वैश्विक तेल मानक ब्रेंट क्रूड 0.32 प्रतिशत बढ़कर 63.53 डॉलर प्रति बैरल पर पहुंच गया।
बीएसई सेंसेक्स बुधवार को 379.93 अंक गिरकर 73,847.15 और एनएसई निफ्टी 136.70 अंक गिरकर 22,399.15 अंक पर बंद हुआ था।
प्रेम
(यह सिंडिकेटेड न्यूज़ फीड से अनएडिटेड और ऑटो-जेनरेटेड स्टोरी है, ऐसी संभावना है कि लेटेस्टली स्टाफ द्वारा इसमें कोई बदलाव या एडिट नहीं किया गया है)
(The above story first appeared on LatestLY on Apr 11, 2025 05:38 PM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).

