जरुरी जानकारी | प्राकृतिक खेती को बढ़ावा देने के लिए राज्यों का केंद्र से सक्रिय कदम उठाने का आग्रह
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नयी दिल्ली, 25 अप्रैल कई राज्यों के मुख्यमंत्रियों ने प्राकृतिक खेती को बढ़ावा देने के लिए केंद्र सरकार से बजट में अधिक आवंटन के साथ सक्रिय कदम उठाने का आग्रह किया है।
इसी कड़ी में मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने राज्य में जून से 5,200 गावों में प्राकृतिक खेती शुरू करने की घोषणा की है। उन्होंने कहा कि राज्य में देसी गायों की देखरेख के लिए सरकार किसानों को प्रतिमाह 900 रुपये की मदद भी देगी।
चौहान ने सोमवार को नवोन्मेषी खेती पर आयोजित एक राष्ट्रीय कार्यशाला में कहा कि विभिन्न फसलों के उत्पादन को बढ़ाने के लिए रासायनिक उर्वरकों और कीटनाशकों का उपयोग बढ़ा है। रासायनिक उर्वरकों के बहुत अधिक इस्तेमाल के कारण मृदा की ‘सेहत’ खराब हुई है जिसे रोकने की जरूरत है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि केंद्र सरकार उर्वरक सब्सिडी के लिए किसानों को 1.8 लाख करोड़ रुपये देती है और इसी तरह प्राकृतिक खेती को बढ़ावा देने के लिए किसानों को सब्सिडी दी जानी चाहिए।
आंध्र प्रदेश के मुख्यमंत्री वाई एस जगन मोहन रेड्डी ने भी कार्यशाला को संबोधित करते हुए कहा कि प्राकृतिक खेती अपना रहे किसानों को केंद्र सरकार की सक्रिय नीतियों के जरिये प्रोत्साहित करने की जरूरत है।
उन्होंने कहा कि प्राकृतिक खेती को अपनाने वाले किसानों को प्रोत्साहित किया जाना चाहिए क्योंकि वे उर्वरक सब्सिडी से परहेज कर रहे हैं।
रेड्डी ने कहा, ‘‘मैं उन राज्यों के लिए आग्रह करता हूं जिनके पास प्राकृतिक खेती के लिए बड़ा क्षेत्र है। उन्हें वित्त आयोग की सिफारिश में भी उच्च महत्व दिया जाना चाहिए। ये राज्य देश को जलवायु परिवर्तन के लक्ष्यों और कार्बन उत्सर्जन को कम करने के लक्ष्यों को प्राप्त करने में भी मदद कर रहे हैं।’’
उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कहा कि राज्य में प्राकृतिक खेती के लिए जलवायु उपयुक्त है। उन्होंने रासायनिक उर्वरकों और कीटनाशकों के उपयोग पर चिंता भी व्यक्त की है।
उन्होंने कहा कि राज्य सरकार अर्थव्यवस्था और परिस्थितिविज्ञान के बीच संतुलन बनाये रखने की दिशा में काम रही है।
उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने भी केंद्र सरकार से प्राकृतिक खेती के लिए प्रोत्साहन राशि बढ़ाने की मांग की है।
उन्होंने केंद्र सरकार से प्राकृतिक खेती के लिए प्रोत्साहन को बढ़ाकर 31,000 रुपये प्रति हेक्टेयर करने के साथ प्राकृतिक उत्पादों की ‘ब्रांडिंग’ और विपणन के लिए बजट में आवंटन करने का आग्रह किया है।
इस दौरान गुजरात के राज्यपाल आचार्य देवव्रत ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने किसानों की आय को दोगुना करने का प्रण लिया है। यह तभी संभव हो पाएगा, जब देश के किसान रासायनिक खेती को त्यागकर प्राकृतिक खेती को पूरे मनोभाव से अपनाए।
उन्होंने कहा, ‘‘रासायनिक खेती के कारण ज़मीन बंजर होती जा रही है, भूजल और नीचे जा रहा है। कृषि खर्च में रोजाना वृद्धि हो रही है। रासायनिक खाद एवं जंतुनाशकों से दूषित खाद्यान्न खाने से लोग कैंसर, मधुमेह, ह्रदय रोग जैसी असाध्य बीमारियों का शिकार बन रहे हैं। ऐसे में रासायनिक खेती के इन दुष्परिणामों से मुक्ति पाने के लिए प्राकृतिक खेती ही अपनाना होगा, जो समय की मांग है।’’
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(The above story first appeared on LatestLY on Apr 25, 2022 09:39 PM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).

