देश की खबरें | राज्यों को संवेदनशील बनाने की जरूरत ताकि टीकाकरण की गति धीमी न हो: प्रधानमंत्री
Get Latest हिन्दी समाचार, Breaking News on India at LatestLY हिन्दी. प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने बृहस्पतिवार को एक उच्च स्तरीय बैठक में देश में कोविड-19 की राज्य और जिलावार स्थिति की समीक्षा की और इस दौरान उन्होंने निर्देश दिया कि स्वास्थ्य ढांचे को दुरूस्त करने में राज्यों को सहयोग और मार्गदर्शन दिया जाना चाहिए।
नयी दिल्ली, छह मई प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने बृहस्पतिवार को एक उच्च स्तरीय बैठक में देश में कोविड-19 की राज्य और जिलावार स्थिति की समीक्षा की और इस दौरान उन्होंने निर्देश दिया कि स्वास्थ्य ढांचे को दुरूस्त करने में राज्यों को सहयोग और मार्गदर्शन दिया जाना चाहिए।
प्रधानमंत्री कार्यालय की ओर से जारी एक बयान के मुताबिक प्रधानमंत्री मोदी ने टीकाकरण की गति को बनाए रखने के लिए राज्यों को संवदेनशील होकर काम करने की आवश्यकता पर बल दिया।
बाद में प्रधानमंत्री ने ट्वीट कर कहा, ‘‘राज्यों और जिलों में टीकाकरण अभियान और स्वास्थ्य क्षमताओं को बढ़ाने सहित कोविड की स्थिति के विभिन्न पहलुओं की समीक्षा की।’’
इस बीच, पीएमओ ने बयान में कह कि बैठक के दौरान प्रधानमंत्री को कोविड-19 की राज्य और जिलावार स्थिति की विस्तृत जानकारी दी गई। उन्हें उन 12 राज्यों के बारे में बताया गया जहां एक लाख से अधिक सक्रिय मामले हैं। साथ ही अत्यधिक प्रभावित जिलों के बारे में भी प्रधानमंत्री को अवगत कराया गया।
बयान में कहा गया, ‘‘राज्यों द्वारा स्वास्थ्य ढांचें में तेजी से की जा रही वृद्धि के बारे में अवगत कराया गया। प्रधानमंत्री ने निर्देश दिया कि राज्यों को स्वास्थ्य ढांचे को दुरुस्त करने में सहयोग और मार्गदर्शन प्रदान किया जाना चाहिए।’’
बैठक में राजनाथ सिंह, अमित शाह, निर्मला सीतारमण, हर्षवर्धन, पीयूष गोयल, मनसुख भाई मंडाविया सहित अन्य मंत्रियों और शीर्ष अधिकारियों ने हिस्सा लिया।
बैठक में त्वरित और समग्र निषिद्ध उपायों के बारे में भी चर्चा की गई।
प्रधानमंत्री ने इस दौरान दवाइयों की उपलब्धता की भी समीक्षा की। उन्हें रेमडेसिविर सहित अन्य आवश्यक दवाइयों का उत्पादन बढ़ाने संबंधी प्रयासों से अवगत कराया गया।
मोदी ने इस दौरान टीकाकरण अभियान की प्रगति के साथ ही अगले कुछ महीनों में टीकों का उत्पादन बढ़ाने की समीक्षा की ।
प्रधानमंत्री को बताया गया कि राज्यों को अब तक 17.7 करोड़ टीके भेजे गए हैं। टीकों की बर्बादी की उन्होंने राज्यवार समीक्षा भी की।
बयान के मुताबिक 45 वर्ष से अधिक उम्र के 31 प्रतिशत पात्र लोगों को टीके की पहली खुराक दी जा चुकी है।
प्रधानमंत्री ने इस बात का उल्लेख किया कि राज्यों को ऐसे जिलों की पहचान करने के लिए एक सलाह भेजी गई थी, जहां संक्रमण के मामलों की संख्या 10 प्रतिशत या अधिक हैं और ऑक्सीजन-युक्त या आईसीयू बेड 60 प्रतिशत से अधिक भरे हुए हैं।
ज्ञात हो कि भारत में कोरोना वायरस के मामले हर दिन एक नया रिकॉर्ड तोड़ रहे हैं और बृहस्पतिवार को संक्रमण के 4,12,262 नए मामले दर्ज किए गए तथा 3,980 लोगों ने इस महामारी से जान गंवाई।
इसके साथ ही संक्रमण के कुल मामले देश में 2,10,77,410 हो गए और मृतकों की संख्या 2,30,168 पर पहुंच गई।
केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्रालय के बृहस्पतिवार को सुबह आठ बजे तक जारी आंकड़ों के अनुसार, देश में उपचाराधीन मरीजों की संख्या 35,66,398 है जो संक्रमण के कुल मामलों का 16.92 प्रतिशत है। कोविड-19 से स्वस्थ होने वाले लोगों की राष्ट्रीय दर गिरकर 81.99 प्रतिशत हो गई है।
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(The above story first appeared on LatestLY on May 06, 2021 06:57 PM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).

