जरुरी जानकारी | तीसरी तिमाही में ग्रामीण बाजार में कमजोर रही रोजमर्रा के उपभोक्ता सामान क्षेत्र की बिक्री

नयी दिल्ली, पांच जनवरी देश के रोजमर्रा के उपभोक्ता सामान (एफएमसीजी) क्षेत्र में दिसंबर, 2022 में समाप्त तिमाही के दौरान मार्जिन में सुधार हुआ और धीमी वृद्धि दर्ज की गई। हालांकि, इस दौरान खुदरा मुद्रास्फीति के अधिक रहने के चलते ग्रामीण बाजारों में गिरावट जारी रही।

गोदरेज कंज्यूमर प्रोडक्ट्स लिमिटेड (जीसीपीएल) और मैरिको ने बताया कि मांग में नरमी है, लेकिन त्योहारी बिक्री के कारण इसमें कुछ सुधार हुआ। शहरी और प्रीमियम श्रेणियों में अक्टूबर-दिसंबर के दौरान वृद्धि की रफ्तार बनी रही।

गोदरेज कंज्यूमर प्रोडक्ट्स के मुताबिक, घरेलू बाजार में त्योहारी सत्र के बाद मांग में नरमी देखने को मिली।

गोदरेज समूह की एफएमसीजी इकाई ने वित्त वर्ष 2022-23 की तीसरी तिमाही के बारे में बताया कि इस दौरान भारतीय एफएमसीजी क्षेत्र में कमजोर ग्रामीण खपत और त्योहारी सत्र के बाद मंदी के कारण धीमी वृद्धि देखी गई।

इसके बावजूद जीसीपीएल को बिक्री में दो अंकीय वृद्धि की उम्मीद है।

मैरिको ने कहा कि समीक्षाधीन तिमाही के दौरान एफएमसीजी क्षेत्र में मांग में कुछ सुधार देखा गया, जो त्योहारी उत्साह और विशिष्ट श्रेणियों में सर्दियों के मौसम की मांग के चलते है।

कंपनी ने कहा, ‘‘शहरी और प्रीमियम श्रेणियों ने वृद्धि की गति को बरकरार रखा, हालांकि खुदरा मुद्रास्फीति के अधिक रहने के चलते ग्रामीण मांग में सुधार उतना स्पष्ट नहीं था।''

नुवामा वेल्थ मैनेजमेंट (पूर्व में एडलवाइस सिक्योरिटीज) ने अपनी ताजा रिपोर्ट में भी पुष्टि की है कि ग्रामीण एफएमसीजी बाजार लगातार दबाव में हैं। रिपोर्ट के मुताबिक, तीसरी तिमाही में ग्रामीण मांग में बिल्कुल भी सुधार नहीं हुआ। महंगाई के साथ ही उत्तर प्रदेश, बिहार, बंगाल और झारखंड जैसे बड़ी आबादी वाले राज्यों में बारिश की कमी प्रमुख चुनौतियां बनी हुई हैं।

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