जरुरी जानकारी | रुपया छह पैसे की गिरावट के साथ 87.12 प्रति डॉलर पर
Get Latest हिन्दी समाचार, Breaking News on Information at LatestLY हिन्दी. व्यापार शुल्कों को लेकर अनिश्चितता और विदेशी कोषों की सतत निकासी के बीच अंतरबैंक विदेशी मुद्रा विनिमय बाजार में बृहस्पतिवार को डॉलर के मुकाबले रुपये में तीन दिन से जारी तेजी पर विराम लगा और यह छह पैसे के नुकसान के साथ 87.12 (अस्थायी) प्रति डॉलर पर बंद हुआ।
मुंबई, छह मार्च व्यापार शुल्कों को लेकर अनिश्चितता और विदेशी कोषों की सतत निकासी के बीच अंतरबैंक विदेशी मुद्रा विनिमय बाजार में बृहस्पतिवार को डॉलर के मुकाबले रुपये में तीन दिन से जारी तेजी पर विराम लगा और यह छह पैसे के नुकसान के साथ 87.12 (अस्थायी) प्रति डॉलर पर बंद हुआ।
विदेशी मुद्रा कारोबारियों के अनुसार, निवेशक अमेरिका से साप्ताहिक बेरोजगारी दावों के आंकड़ों और यूरोपीय केंद्रीय बैंक की मौद्रिक नीति की घोषणा की प्रतीक्षा में सतर्कता के साथ आगे बढ़े।
शुरुआती कारोबार में स्थानीय मुद्रा में तेजी आई, क्योंकि अमेरिका ने कनाडा और मेक्सिको पर उच्च शुल्क के कार्यान्वयन में देरी की और भारतीय रिजर्व बैंक ने बैंकिंग प्रणाली में 1,900 अरब रुपये की नकदी डालने का फैसला किया है।
अंतरबैंक विदेशी मुद्रा विनिमय बाजार में रुपया 86.96 पर मजबूत खुला और दिन के कारोबार में 86.88 प्रति डॉलर के ऊंचाई को छू गया। बाद में रुपये में उतार-चढ़ाव देखने को मिला तथा 87.16 के दिन के निचले स्तर को छूने के बाद यह कारोबार के अंत में 87.12 प्रति डॉलर (अस्थायी) पर बंद हुआ, जो पिछले बंद स्तर से छह पैसे की गिरावट है।
बुधवार को रुपया अमेरिकी डॉलर के मुकाबले 13 पैसे बढ़कर 87.06 प्रति डॉलर पर बंद हुआ था।
मिराए एसेट शेयरखान के शोध विश्लेषक, अनुज चौधरी ने कहा कि एफआईआई द्वारा बिकवाली के दबाव के कारण रुपया अपनी शुरुआती बढ़त खो बैठा और डॉलर के मुकाबले टूट गया, जबकि अमेरिकी मुद्रा चार महीने के निचले स्तर पर आ गई क्योंकि अमेरिका ने कनाडा और मेक्सिको से आयात पर उच्च शुल्क लागू करने में देरी करने का फैसला किया।
चौधरी ने कहा कि सकारात्मक घरेलू बाजारों और अमेरिकी डॉलर में कमजोरी के कारण रुपये के थोड़े सकारात्मक रुख के साथ कारोबार करने की उम्मीद है। हालांकि, एफआईआई की निकासी रुपये की तेज बढ़त को रोक सकती है।
उन्होंने कहा, ‘‘व्यापार शुल्क मुद्दे पर अनिश्चितता भी रुपये पर भारी पड़ सकती है। कारोबारी अमेरिका के साप्ताहिक बेरोजगारी दावों के आंकड़ों और ईसीबी के मौद्रिक नीति निर्णय से संकेत ले सकते हैं। डॉलर-रुपया हाजिर मूल्य 86.80 से 87.25 के बीच कारोबार करने की उम्मीद है।’’
इस बीच, दुनिया की छह प्रमुख मुद्राओं के मुकाबले डॉलर की मजबूती को मापने वाला डॉलर सूचकांक 0.15 प्रतिशत घटकर 104.12 पर कारोबार कर रहा था।
वायदा कारोबार में वैश्विक तेल बेंचमार्क ब्रेंट क्रूड 0.39 प्रतिशत बढ़कर 69.57 डॉलर प्रति बैरल हो गया।
घरेलू शेयर बाजार में 30 शेयरों पर आधारित बीएसई सेंसेक्स 609.86 अंक बढ़कर 74,340.09 अंक पर बंद हुआ, जबकि निफ्टी 207.40 अंक बढ़कर 22,544.70 अंक पर बंद हुआ।
एक्सचेंज के आंकड़ों के मुताबिक, विदेशी संस्थागत निवेशक (एफआईआई) पूंजी बाजार में शुद्ध बिकवाल रहे। उन्होंने बुधवार को 2,895.04 करोड़ रुपये के शेयर बेचे।
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(The above story first appeared on LatestLY on Mar 06, 2025 05:08 PM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).

