देश की खबरें | ‘किसान संसद’ में पहुंचे राहुल और अन्य विपक्षी नेता, तीन कृषि कानूनों को निरस्त करने को कहा

Get Latest हिन्दी समाचार, Breaking News on India at LatestLY हिन्दी. कांग्रेस के पूर्व अध्यक्ष राहुल गांधी और कई अन्य विपक्षी नेताओं ने शुक्रवार को दोपहर में यहां जंतर-मंतर पहुंच कर तीनों केंद्रीय कृषि कानूनों के खिलाफ आंदोलन कर रहे किसानों के साथ एकजुटता प्रकट की तथा इन कानूनों को निरस्त करने की मांग की।

नयी दिल्ली, छह अगस्त कांग्रेस के पूर्व अध्यक्ष राहुल गांधी और कई अन्य विपक्षी नेताओं ने शुक्रवार को दोपहर में यहां जंतर-मंतर पहुंच कर तीनों केंद्रीय कृषि कानूनों के खिलाफ आंदोलन कर रहे किसानों के साथ एकजुटता प्रकट की तथा इन कानूनों को निरस्त करने की मांग की।

किसानों संगठनों द्वारा आयोजित ‘किसान संसद’ में भाग लेने के बाद राहुल गांधी ने कहा कि विपक्षी पार्टियों ने किसानों के प्रति अपना पूरा समर्थन जताया है और तीनों कानूनों को निरस्त करने पर जोर दिया है।

राहुल गांधी समेत कई विपक्षी नेता संसद से एक बस में सवार होकर जंतर-मंतर पहुंचे जहां किसान संगठन अपनी मांगों को लेकर पिछले कुछ दिनों से सांकेतिक ‘किसान संसद’ का आयोजन किए हुए हैं। किसान संगठनों की मांग तीन नये कृषि कानूनों को निरस्त करने और न्यूनतम समर्थन मूल्य की गारंटी का कानून बनाने की है।

किसानों का समर्थन करने के लिए पहुंचने वाले नेताओं में राहुल गांधी, राज्यसभा के नेता प्रतिपक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे, लोकसभा में कांग्रेस के नेता अधीर रंजन चौधरी, कांग्रेस के संगठन महासचिव केसी वेणुगोपाल, द्रमुक नेता तिरुची शिवा, शिवसेना के संजय राउत, राजद के मनोज झा, भाकपा के विनय विश्वम, , माकपा ई. करीम, समाजवादी पार्टी के एसटी हसन और अन्य विपक्षी नेता शामिल थे।

राहुल गांधी के साथ तृणमूल कांग्रेस का कोई सदस्य जंतर-मंतर नहीं पहुंचा, जबकि पिछले दिनों कांग्रेस नेता के बुलाने पर तृणमूल कांग्रेस के दो वरिष्ठ नेता कल्याण बनर्जी और सौगत रॉय नाश्ते पर पहुंचे थे।

कांग्रेस सूत्रों का कहना है कि तृणमूल कांग्रेस की तरफ से बताया गया कि उनके नेता पहले ही जंतर-मंतर पहुंचकर किसानों से मुलाकात कर चुके हैं और इसी कारण आज वे नहीं पहुंचे।

दूसरी तरफ, आम आदमी पार्टी के सांसद सुशील गुप्ता ने संवाददाताओं से कहा कि अगर खड़गे की अगुवाई में विपक्षी नेता जंतर-मंतर जाते तो उनकी पार्टी पहुंचती, लेकिन वो राहुल गांधी की अगुवाई में वहां नहीं जा सकती।

राहुल गांधी और कई अन्य विपक्षी नेता जंतर-मंतर पहुंचकर कुछ देर तक किसानों के बीच बैठे और किसान नेताओं का भाषण सुना।

‘किसान संसद’ में शामिल होने के बाद राहुल गांधी ने संवाददाताओं से कहा, ‘‘विपक्ष की पार्टियां यहां हिंदुस्तान के किसानों का समर्थन करने के लिए आई थीं। ये तीन कानून खत्म होने चाहिए। हम अपने पूरा समर्थन दिया है।’’

उन्होंने यह दावा भी किया कि सरकार सदन में विपक्ष को नहीं सुनना चाह रही और पेगासस के मामले पर चर्चा नहीं करा रही है।

इससे पहले, खड़गे के संसद भवन स्थित कक्ष में बैठक कर विपक्षी सदस्यों ने यह निर्णय लिया कि वे किसानों का समर्थन करने के लिए ‘जंतर-मंतर’ पहुंचेंगे।

सूत्रों के अनुसार, विपक्षी नेताओं की बैठक में यह भी तय किया गया कि पेगासस जासूसी मामला और महंगाई के मुद्दे पर सरकार को आगे भी घेरा जाएगा।

पेगासस, कृषि कानूनों और कुछ अन्य मुद्दों को लेकर, संसद के मॉनसून सत्र में शुरू से ही दोनों सदनों में गतिरोध बना हुआ है। 19 जुलाई से यह सत्र आरंभ हुआ था, लेकिन अब तक दोनों सदनों की कार्यवाही बाधित होती रही है।

हक

(यह सिंडिकेटेड न्यूज़ फीड से अनएडिटेड और ऑटो-जेनरेटेड स्टोरी है, ऐसी संभावना है कि लेटेस्टली स्टाफ द्वारा इसमें कोई बदलाव या एडिट नहीं किया गया है)

Share Now

संबंधित खबरें

DC vs RR, IPL 2026 62nd Match Key Players To Watch Out: आज दिल्ली कैपिटल्स बनाम राजस्थान रॉयल्स के बीच होगा हाईवोल्टेज मुकाबला, इन स्टार खिलाड़ियों पर रहेंगी सबकी निगाहें

लाड़की बहन योजना: eKYC पूरा न होने से लाखों महिलाएं सूची से बाहर, क्या सरकार देगी सुधार का एक और मौका?

PBKS vs RCB, IPL 2026 61st Match Scorecard: धर्मशाला में रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु ने पंजाब किंग्स के सामने रखा 223 रनों का टारगेट, वेंकटेश अय्यर और विराट कोहली ने खेली धमाकेदार पारी; यहां देखें पहली पारी का स्कोरकार्ड

DC vs RR, IPL 2026 62nd Match Winner Prediction: अरुण जेटली स्टेडियम में आज दिल्ली कैपिटल्स और राजस्थान रॉयल्स के बीच खेला जाएगा रोमांचक मुकाबला, मैच से पहले जानें कौनसी टीम मार सकती हैं बाजी