ताजा खबरें | राष्ट्रपति का अभिभाषण पूरी तरह निराशाजनक, भविष्य की दिशा नहीं: प्रेमचंद्रन
Get latest articles and stories on Latest News at LatestLY. राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू के संसद के संयुक्त सत्र में दिए गए पारंपरिक अभिभाषण को निराशाजनक करार देते हुए आरएसपी के सांसद एन के प्रेमचंद्रन ने मंगलवार को केंद्र सरकार पर निशाना साधा।
नयी दिल्ली, चार फरवरी राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू के संसद के संयुक्त सत्र में दिए गए पारंपरिक अभिभाषण को निराशाजनक करार देते हुए आरएसपी के सांसद एन के प्रेमचंद्रन ने मंगलवार को केंद्र सरकार पर निशाना साधा।
प्रेमचंद्रन ने अभिभाषण पर धन्यवाद प्रस्ताव पर चर्चा में भाग लेते हुए कहा कि राष्ट्रपति का अभिभाषण पूरी तरह निराशाजनक था और इसमें भविष्य के लिए किसी कार्यक्रम और नीति की दिशा नहीं थी।
उन्होंने दावा किया कि अभिभाषण में राजनीतिक बयान दिया गया और पिछले 11 साल की सरकार की उपलब्धि के बारे में झूठे दावे किए गए।
प्रेमचंद्रन ने कहा कि इससे पहले के दो अभिभाषणों में ये ही उपलब्धियां गिनाई गई थीं।
उन्होंने कहा कि अभिभाषण में महिला सशक्तीकरण की बात कही गई लेकिन महिला श्रम शक्ति भागीदारी दर घट गई है और यह दुनिया में सबसे कम है, वहीं युवाओं के सशक्तीकरण और रोजगार के बारे में भी राष्ट्रपति ने कोई स्पष्ट नीति नहीं बताई।
आरएसपी सांसद ने कहा कि अभिभाषण में ‘एक राष्ट्र, एक चुनाव’ का जिक्र किया गया जो संघीय अवधारणा को नुकसान पहुंचाएगा। उन्होंने कहा, ‘‘अगर यह कानून लागू हो गया तो राज्यों की स्वायत्तता संकट में पड़ जाएगी।’’
उन्होंने दावा किया कि 31 पैराग्राफ के भाषण में एक बार भी ‘लेबर’ (श्रम और श्रमिक) शब्द पर कुछ नहीं कहा गया, जबकि उद्यमियों, निवेशकों और व्यापार सुगमता की बहुत बातें की गईं।
उन्होंने सरकार पर श्रमिक विरोधी रवैया अपनाने का आरोप लगाते हुए कहा कि देश में एकता को बढ़ावा दिया जाना चाहिए, विभाजन को नहीं।
झारखंड मुक्ति मोर्चा (झामुमो) के विजय हंसदाक ने सरकार पर ‘फूट डालो और राज करो’ की नीति अपनाने का आरोप लगाया।
उन्होंने कहा कि अभिभाषण में पूर्वोत्तर के विकास की बात कही गई, लेकिन मणिपुर को लेकर कोई बयान नहीं दिया गया।
हंसदाक ने दावा किया इस सरकार के 11वें साल और तीसरे कार्यकाल में महंगाई, बेरोजगारी और सामाजिक सुरक्षा पर रूपरेखा अब तक नहीं बदली है।
राष्ट्रीय लोकतांत्रिक पार्टी के हनुमान बेनीवाल ने देश में किसानों का पूरा कर्ज माफ करने की मांग की।
उन्होंने कहा कि कांग्रेस की सरकारों ने भी किसानों के लिए ज्यादा कुछ नहीं किया है, लेकिन इस सरकार को तो करना चाहिए।
बेनीवाल ने दावा किया कि अग्निवीर योजना आने के बाद से युवाओं का सेना में जाने का उत्साह कम हो गया है और इसे समाप्त कर पहले की तरह सेना में भर्ती की जाए।
तेलुगु देशम पार्टी की बी शबरी ने प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व में महिलाओं, किसानों, युवाओं और मध्यम वर्ग के चेहरे पर प्रसन्नता होने की बात कही।
उन्होंने आंध्र प्रदेश में राजधानी अमरावती, पोलावरम परियोजना और अन्य कार्यक्रमों के लिए केंद्र की ओर से आर्थिक सहायता दिए जाने का दावा करते हुए कहा कि सभी दलों को राजनीति से उठकर देश के लिए काम करना चाहिए।
(यह सिंडिकेटेड न्यूज़ फीड से अनएडिटेड और ऑटो-जेनरेटेड स्टोरी है, ऐसी संभावना है कि लेटेस्टली स्टाफ द्वारा इसमें कोई बदलाव या एडिट नहीं किया गया है)