विदेश की खबरें | पीएमएल-एन, एमक्यूएम-पी पाकिस्तान के सिंध में पीपीपी के खिलाफ संयुक्त रूप से चुनाव लड़ेंगे
Get Latest हिन्दी समाचार, Breaking News on world at LatestLY हिन्दी. पाकिस्तान मुस्लिम लीग-नवाज (पीएमएल-एन) और कराची स्थित मुत्ताहिदा कौमी मूवमेंट पाकिस्तान (एमक्यूएम-पी) ने सिंध प्रांत में आगामी आम चुनाव पाकिस्तान पीपुल्स पार्टी (पीपीपी) के खिलाफ संयुक्त रूप से लड़ने की मंगलवार को घोषणा की।
लाहौर, सात नवंबर पाकिस्तान मुस्लिम लीग-नवाज (पीएमएल-एन) और कराची स्थित मुत्ताहिदा कौमी मूवमेंट पाकिस्तान (एमक्यूएम-पी) ने सिंध प्रांत में आगामी आम चुनाव पाकिस्तान पीपुल्स पार्टी (पीपीपी) के खिलाफ संयुक्त रूप से लड़ने की मंगलवार को घोषणा की।
पीएमएल-एन और एमक्यूएम के शीर्ष नेताओं ने मंगलवार को लाहौर में अपनी बैठक के बाद घोषणा की कि वे आठ फरवरी 2024 का आम चुनाव संयुक्त रूप से लड़ेंगे।
पाकिस्तान के पूर्व प्रधानमंत्री नवाज शरीफ नीत पीएमएल-एन को भुट्टो के गढ़ में पीपीपी को कड़ी टक्कर देने के लिए एमक्यूएम की जरूरत है। एमक्यूएम का सिंध प्रांत के कराची और हैदराबाद जिलों में मजबूत आधार है।
पीएमएल-एन और पीपीपी दोनों पिछली पीडीएम (पाकिस्तान डेमोक्रेटिक मूवमेंट) गठबंधन सरकार में सहयोगी थे, जिसमें शहबाज शरीफ प्रधानमंत्री थे।
जीडीए (पीर पगारो का ग्रैंड डेमोक्रेटिक अलायंस) और मौलाना फजलुर रहमान की जेयूआई-एफ पहले ही पीएमएल-एन में शामिल होने की घोषणा कर चुकी हैं।
पीएमएल-एन का मुकाबला करने के लिए पीपीपी जेल में बंद पूर्व प्रधानमंत्री इमरान खान की पाकिस्तान तहरीक-ए-इंसाफ (पीटीआई) के साथ चुनावी गठबंधन की संभावना तलाश रही है।
राजनीतिक पंडितों का मानना है कि यदि पीपीपी खान की पार्टी से गठबंधन का कोई प्रयास करती है, तो पीपीपी को सैन्य ताकतों की नाराजगी का सामना करना पड़ सकता है।
खालिद मकबूल सद्दीकी के नेतृत्व में एमक्यूएम प्रतिनिधिमंडल ने मॉडल टाउन में नवाज से मुलाकात की और सिंध में चुनावी गठबंधन बनाने पर सहमति व्यक्त की। एमक्यूएम के संस्थापक अल्ताफ हुसैन लंबे समय से लंदन में स्व-निर्वासन में रह रहे हैं।
पीएमएलएन-एमक्यूएम की बैठक के बाद जारी एक संयुक्त बयान में दोनों पार्टियों ने कहा कि वे आगामी चुनाव एक साथ लड़ने पर सहमत हुए हैं।
इसमें कहा गया, "दोनों पार्टियां पाकिस्तान के लोगों को मौजूदा समस्याओं से बाहर निकालने और देश को विकास के रास्ते पर वापस लाने के लिए एक संयुक्त रणनीति अपनाने पर सहमत हुईं।"
दोनों पार्टियों ने एक व्यापक ‘चार्टर’ तैयार करने के लिए छह सदस्यीय समिति गठित करने का भी फैसला किया। इस संबंध में उन्होंने कहा कि यह सिंध और उसके शहरी इलाकों की समस्याओं का समाधान करेगी। इसमें कहा गया है, ''यह 10 दिनों के भीतर दोनों पक्षों के बीच सहयोग का अंतिम प्रस्ताव भी नेतृत्व के सामने पेश करेगा।''
तख्तापलट की आशंका वाले इस देश में रिकार्ड तीन बार प्रधानमंत्री रह चुके एकमात्र नेता नवाज शरीफ ने ब्रिटेन से लौटने के बाद राजनीतिक गतिविधियां शुरू कर दी हैं। शरीफ ने ब्रिटेन में स्व-निर्वासन में चार साल बिताए थे।
पूर्व रक्षा मंत्री ख्वाजा आसिफ ने कहा कि 73 वर्षीय नवाज आगामी चुनाव लड़ने के लिए "पूरी तरह फिट" हैं और वह अगले प्रधानमंत्री बनेंगे।
वहीं, पूर्व प्रधानमंत्री इमरान खान अगस्त से जेल में हैं। उन्होंने जेल से एक संदेश में कहा कि उन पर देश छोड़ने का दबाव है लेकिन वह ऐसा नहीं करेंगे और यहां की चुनौतियों का सामना करेंगे।
पाकिस्तान निर्वाचन आयोग (ईसीपी) ने पिछले सप्ताह आम चुनाव की घोषणा की थी, जिसके बाद देश में राजनीतिक हलचल तेज हो गयी। पाकिस्तान में आठ फरवरी को आम चुनाव होने है।
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