देश की खबरें | ओडिशा में बालासोर और मयूरभंज जिलों में बाढ़ का पानी घुसने के बाद लोगों को निकाला गया
Get Latest हिन्दी समाचार, Breaking News on India at LatestLY हिन्दी. उत्तरी ओडिशा में प्रमुख नदियों के उफान पर होने के कारण राज्य सरकार ने निचले इलाकों से लोगों को निकालना शुरू कर दिया है तथा बालासोर और मयूरभंज जिलों में बचाव एवं राहत अभियान शुरू किया है। अधिकारियों ने सोमवार को यह जानकारी दी।
भुवनेश्वर/बालासोर/बारीपदा, 30 जून उत्तरी ओडिशा में प्रमुख नदियों के उफान पर होने के कारण राज्य सरकार ने निचले इलाकों से लोगों को निकालना शुरू कर दिया है तथा बालासोर और मयूरभंज जिलों में बचाव एवं राहत अभियान शुरू किया है। अधिकारियों ने सोमवार को यह जानकारी दी।
राज्य सरकार ने दोनों जिलों के लिए 'रेड अलर्ट' जारी किया है क्योंकि सुवर्णरेखा, बुधबलंग, जलाका और सोनो जैसी नदियों में जलस्तर लगातार बढ़ रहा है।
आधिकारिक सूत्रों के अनुसार, सोमवार को दोपहर में राजघाट पर सुवर्णरेखा नदी का जलस्तर 11.53 मीटर तक पहुंच गया, जो खतरे के निशान 10.36 मीटर से काफी ऊपर है।
बालासोर के कम से कम चार प्रखंडों बलियापाल, भोगराई, जलेश्वर और बस्ता के प्रभावित होने की आशंका है।
अधिकारियों के अनुसार, बुधबलंग नदी के कारण बालासोर नगरपालिका और सदर क्षेत्रों में बाढ़ आने का खतरा है, जबकि जलाका नदी के पानी के कारण बस्ता और बालासोर सदर क्षेत्रों के प्रभावित होने की आशंका है।
राजस्व एवं आपदा प्रबंधन मंत्री सुरेश पुजारी ने बाढ़ की स्थिति की समीक्षा के बाद संवाददाताओं को बताया, "बाढ़ के पानी ने बालासोर और मयूरभंज के कई हिस्सों को जलमग्न कर दिया है। जिला प्रशासन ने निचले और बाढ़ संभावित क्षेत्रों से लोगों को निकालना शुरू कर दिया है। बचाव और राहत अभियान जारी है। स्थिति नियंत्रण में है।"
मंत्री ने कहा कि सुवर्णरेखा नदी का जलस्तर अभी भी बढ़ रहा है, जबकि बुधबलंग का जलस्तर घट रहा है। मंत्री ने बाढ़ के लिए पड़ोसी झारखंड के चांडिल बांध और गालूडीही बैराज से बारिश का पानी छोड़े जाने को जिम्मेदार ठहराया।
उन्होंने कहा, "कर्मचारी नदी तटबंधों के संवेदनशील बिंदुओं की निगरानी कर रहे हैं और उन्हें मयूरभंज और बालासोर, दोनों जिलों में बाढ़-रोधी सामग्रियों से लैस किया गया है।"
मुख्य अभियंता बालासोर और मयूरभंज के जिलाधिकारियों के साथ लगातार संपर्क में हैं।
मंत्री ने कहा, "नदी के किनारों पर कुछ दरारों की पहचान की गई है और रेत की बोरियों तथा अन्य सामग्रियों का उपयोग करके उनकी मरम्मत की जा रही है।"
उन्होंने कहा कि लोगों को निकालकर आश्रय स्थलों में रखा गया है। मंत्री ने कहा कि ओडिशा आपदा त्वरित कार्रवाई बल (ओडीआरएएफ) और अग्निशमन सेवा के कर्मी बचाव एवं राहत अभियान में लगे हुए हैं।
बालासोर जिले के आपातकालीन कार्यालय के अनुसार, अब तक 35 ग्राम पंचायतें बाढ़ से प्रभावित हुई हैं तथा सुवर्णरेखा का पानी और अधिक क्षेत्रों को जलमग्न कर सकता है।
अधिकारी ने बताया कि सोमवार सुबह तक बालासोर में 1,138 लोगों को निकाला जा चुका था। जिले में ओडीआरएएफ की चार टीम और अग्निशमन सेवा की पांच टीम तैनात की गई हैं। मयूरभंज जिले में सभी स्कूल और आंगनवाड़ी केंद्र सोमवार को बंद रहे।
इस बीच, आईएमडी ने पांच जुलाई तक पूरे राज्य में और बारिश का अनुमान जताया है।
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(The above story first appeared on LatestLY on Jun 30, 2025 03:48 PM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).

