एजेंसी न्यूज

आईएमएफ से वित्तीय मदद लेने के लिए पाकिस्तान ने यूक्रेन को हथियार बेचे: रिपोर्ट

नकदी की कमी की समस्या से जूझ रहे पाकिस्तान ने यूक्रेन के इस्तेमाल के लिए अमेरिका को गोपनीय तरीके से हथियार बेचे, जिसने उसे इस साल की शुरुआत में अंतरराष्ट्रीय मुद्रा कोष (आईएमएफ) से अहम वित्तीय मदद प्राप्त करने में मदद की थी।

आईएमएफ से वित्तीय मदद लेने के लिए पाकिस्तान ने यूक्रेन को हथियार बेचे: रिपोर्ट

इस्लामाबाद, 19 सितंबर: नकदी की कमी की समस्या से जूझ रहे पाकिस्तान ने यूक्रेन के इस्तेमाल के लिए अमेरिका को गोपनीय तरीके से हथियार बेचे, जिसने उसे इस साल की शुरुआत में अंतरराष्ट्रीय मुद्रा कोष (आईएमएफ) से अहम वित्तीय मदद प्राप्त करने में मदद की थी. एक रिपोर्ट में पाकिस्तान और अमेरिका सरकार के आंतरिक दस्तावेजों के आधार पर यह दावा किया गया है. ऑनलाइन जांच वेबसाइट ‘इंटरसेप्ट’ ने बताया कि ये हथियार यूक्रेन की सेना को आपूर्ति करने के मकसद से बेचे गए थे, जो एक ऐसे संघर्ष में पाकिस्तानी भागीदारी को दर्शाता है जिसमें उसे कोई पक्ष लेने के लिए अमेरिकी दबाव का सामना करना पड़ा था.

बहरहाल, पाकिस्तान के विदेश कार्यालय की प्रवक्ता मुमताज जहरा बलूच ने सोमवार को अमेरिका के गैर लाभकारी समाचार संगठन की इस रिपोर्ट को ‘‘निराधारा एवं मनगढंत’’ बताकर खारिज कर दिया और कहा कि नकदी की कमी से जूझ रहे देश ने अमेरिका को हथियार उपलब्ध कराए, ताकि उसे जून के अंत में आईएमएफ के साथ तीन अरब अमेरिकी डॉलर का सौदा करने में उसका सहयोग मिल सके और वह भुगतान में चूक से बच सके. पिछले साल की शुरुआत में रूस और यूक्रेन के बीच संकट शुरू होने के बाद से पाकिस्तान, अमेरिका और रूस के साथ संबंधों में संतुलन बनाने के लिए संघर्ष कर रहा है.

‘डॉन न्यूज’ समाचार चैनल ने बलूच के हवाले से कहा, ‘‘कठिन, लेकिन आवश्यक आर्थिक सुधारों को लागू करने के लिए पाकिस्तान और आईएमएफ के बीच ‘आईएमएफ स्टैंडबाय एग्रीमेंट फॉर पाकिस्तान’ को लेकर सफल बातचीत हुई थी। इन वार्ताओं को कोई अन्य रंग देना कपटपूर्ण कदम है.’’ बलूच ने कहा कि पाकिस्तान ने दोनों देशों के बीच विवाद में ‘‘सख्त तटस्थता’’ की नीति बनाए रखी है और उस संदर्भ में उन्हें कोई हथियार या गोला-बारूद उपलब्ध नहीं कराया गया.

‘डॉन’ के अनुसार, जुलाई में पाकिस्तान की यात्रा के दौरान यूक्रेन के विदेश मंत्री दिमित्रो कुलेबा ने भी ऐसी ही खबरों को खारिज किया था कि इस्लामाबाद यूक्रेन को हथियारों की आपूर्ति कर रहा है. पाकिस्तान के पूर्व विदेश मंत्री बिलावल भुट्टो-जरदारी ने भी कहा था कि युद्ध शुरू होने के बाद से पाकिस्तान ने सैन्य आपूर्ति के लिए यूक्रेन के साथ किसी समझौते पर हस्ताक्षर नहीं किए हैं. पहले भी एक रिपोर्ट में भी दावा किया गया था कि पाकिस्तान ने यूक्रेन को हथियारों की आपूर्ति की प्रक्रिया को सुचारू बनाने के लिए वारसॉ में एक रक्षा व्यापार कंपनी स्थापित की है.

यूक्रेन के एक कमांडर ने अप्रैल में बीबीसी से साक्षात्कार में पाकिस्तान समेत दूसरे देशों से रॉकेट मिलने की बात कही थी, लेकिन पाकिस्तानी अधिकारियों ने इन दावों को सिरे से खारिज कर दिया था. आईएमएफ ने नकदी के संकट से जूझ रहे पाकिस्तान को जुलाई में 1.2 अरब अमेरिकी डॉलर हस्तांतरित किए। यह राशि देश की खराब अर्थव्यवस्था को स्थिर करने के सरकार के प्रयासों में सहायता करने के लिए नौ महीने में तीन अरब अमेरिकी डॉलर की मदद मुहैया कराने के कार्यक्रम का हिस्सा है.

(यह सिंडिकेटेड न्यूज़ फीड से अनएडिटेड और ऑटो-जेनरेटेड स्टोरी है, ऐसी संभावना है कि लेटेस्टली स्टाफ द्वारा इसमें कोई बदलाव या एडिट नहीं किया गया है)

(The above story first appeared on LatestLY on Sep 19, 2023 02:08 PM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).