उप्र के 53 जिलों में संक्रमित लोगों की संख्या 1449, 11 जिले कोरोना मुक्त
स्वास्थ्य विभाग द्वारा जारी बयान के मुताबिक बुधवार को 112 नये मामलों में सबसे ज्यादा 21 मुरादाबाद से, जबकि 18 मामले आगरा से सामने आए । अभी तक प्रदेश में 173 कोविड मरीज ठीक हुए हैं जिनमें 11 को बुधवार को अस्पताल से छुट्टी मिली ।
लखनऊ, 22 अप्रैल उत्तर प्रदेश में बुधवार को कोविड—19 संक्रमण के 112 नये मामले सामने आने के साथ ही प्रदेश के 53 जिलों में संक्रमित लोगों की संख्या बढ़कर 1,449 और कोरोना मुक्त जिलों की संख्या 11 हो गई है।
स्वास्थ्य विभाग द्वारा जारी बयान के मुताबिक बुधवार को 112 नये मामलों में सबसे ज्यादा 21 मुरादाबाद से, जबकि 18 मामले आगरा से सामने आए । अभी तक प्रदेश में 173 कोविड मरीज ठीक हुए हैं जिनमें 11 को बुधवार को अस्पताल से छुट्टी मिली ।
संक्रमण से बुधवार को कोई और मौत नहीं हुई। इस संक्रमण से राज्य में अब तक कुल 21 लोगों की मौत हुई है ।
अधिकारियों ने बताया कि प्रतापगढ़ जिला बुधवार को कोरोना मुक्त हो गया । इस तरह अब तक कोरोना मुक्त होने वाले जनपदों की संख्या 11 तक पहुंच गयी है । इससे पहले 10 जिले पीलीभीत, लखीमपुर खीरी, हाथरस, बरेली, प्रयागराज, महाराजगंज, शाहजहांपुर, बाराबंकी, हरदोई और कौशाम्बी पूरी तरह कोरोनामुक्त हो चुके हैं जहां अब कोरोना संक्रमण का एक भी मामला नहीं है।
इससे पहले स्वास्थ्य विभाग के प्रमुख सचिव अमित मोहन प्रसाद ने यहां संवाददाताओं को बताया कि कुल संक्रमित लोगों में बुजुर्गों का प्रतिशत केवल 8.30 प्रतिशत है। इनमें पुरुष 7.28 प्रतिशत और महिलाएं 1.06 प्रतिशत हैं। इसके अलावा 0—20 वर्ष आयु वर्ग का प्रतिशत 19.51 है। वहीं, 21—40 आयु वर्ग में 47.49 प्रतिशत, 41—60 वर्ष आयु वर्ग में 24.66 प्रतिशत हैं। कुल संक्रमितों में पुरुष 78.80 प्रतिशत और महिलाएं 21.20 प्रतिशत हैं।
प्रसाद ने बताया कि प्रदेश में कोरोना के नमूनों की पूल टेस्टिंग का काम लगातार चल रहा है। अब केजीएमयू के साथ—साथ मेरठ और इटावा मेडिकल कालेज में भी यह जांच शुरू हो गयी है। मंगलवार को लखनऊ और मेरठ में 200—200 नमूनों और इटावा मेडिकल कॉलेज में 180 नमूनों की पूल टेस्टिंग हुई।
उन्होंने बताया कि प्रदेश के सभी एल1, एल2, एल3 अस्पतालों के स्टाफ का प्रशिक्षण हो चुका है। निजी क्षेत्र के अस्पतालों का भी तीन दौर का ऑनलाइन प्रशिक्षण कराया जा चुका है।
प्रसाद ने बताया कि सरकार ने निजी और सरकारी चिकित्सालयों, राजकीय महाविद्यालयों से कहा है कि जो इलाज पूरे प्रोटोकॉल से हो ताकि संक्रमण की संभावना न हो। तबलीगी जमात के बाद दूसरा सबसे बड़ा हिस्सा ये मेडिकल प्रतिष्ठान थे, जहां संक्रमण फैला। इसीलिये इन परिसरों से पूरा प्रोटोकॉल बरतने को कहा गया है, ताकि वहां से कोई संक्रमण न फैले।
इस अवसर पर गृह विभाग के प्रमुख सचिव अवनीश कुमार अवस्थी ने बताया कि मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने समीक्षा बैठक में कहा कि औद्योगिक इकाइयों के कच्चे माल तथा तैयार माल की ढुलाई करने वाले किसी भी वाहन या ट्रक को न रोका जाए। उन्होंने यह भी निर्देश दिये हैं कि ‘हॉटस्पॉट’ को छोड़कर जिन जगहों पर जिला प्रशासन से अनुमति है, तो वहां निर्यात के लिए भी व्यवस्था की जाए।
उन्होंने बताया कि उद्योग विभाग का कहना है कि सोशल मीडिया पर कुछ ऐसी खबरें चलायी गयी हैं कि औद्योगिक इकाइयों के विरुद्ध भी कार्रवाई की जा सकती है, जबकि ऐसा बिलकुल नहीं है। औद्योगिक इकाई भौतिक दूरी और केन्द्र सरकार के दिशा-निर्देशों का पालन करें, तो हम प्रोत्साहित करेंगे कि जिन क्षेत्रों में औद्योगिक इकाई चलायी जा सकती हैं, वहां अनुमति लेकर इन्हें चलाया जाए ताकि वहां कामगारों को रोजगार मिल सके।
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(The above story first appeared on LatestLY on Apr 22, 2020 10:29 PM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).

