देश की खबरें | नक्सल हमला: शाह असम दौरा बीच में ही रोककर लौट रहे दिल्ली, बघेल से की बात
Get Latest हिन्दी समाचार, Breaking News on India at LatestLY हिन्दी. केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने छत्तीसगढ़ में नक्सलियों के साथ मुठभेड़ में सुरक्षा बलों के 22 जवानों के शहीद होने के मद्देनजर असम का अपना दौरा बीच में ही रोककर रविवार को दिल्ली लौट रहे हैं और वह छत्तीसगढ़ में स्थिति की समीक्षा करने के लिए मंत्रालय के वरिष्ठ अधिकारियों के साथ एक बैठक कर सकते हैं।
नयी दिल्ली, चार अप्रैल केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने छत्तीसगढ़ में नक्सलियों के साथ मुठभेड़ में सुरक्षा बलों के 22 जवानों के शहीद होने के मद्देनजर असम का अपना दौरा बीच में ही रोककर रविवार को दिल्ली लौट रहे हैं और वह छत्तीसगढ़ में स्थिति की समीक्षा करने के लिए मंत्रालय के वरिष्ठ अधिकारियों के साथ एक बैठक कर सकते हैं।
गृह मंत्रालय के एक अधिकारी ने यह जानकारी दी।
गृहमंत्री असम के एक दिवसीय दौरे पर थे और उन्हें भाजपा एवं उसके सहयोगी दलों के उम्मीदवारों के लिए सरभोग, भवानीपुर और जलुकबाड़ी निर्वाचन क्षेत्रों में तीन चुनावी सभाओं को संबोधित करना था। असम में तीसरे और अंतिम चरण का मतदान छह अप्रैल को है। राज्य में पहले दो चरण का मतदान 27 मार्च और एक अप्रैल को हो चुका है।
अधिकारी ने कहा कि शाह ने सरभोग में सभा को संबोधित किया लेकिन बाकी दो स्थानों पर अपनी सभाओं को रद्द कर दिया और दिल्ली लौट रहे हैं।
इससे पहले गृह मंत्री ने छत्तीसगढ़ में नक्सलियों के साथ मुठभेड़ में सुरक्षाबलों के जवानों के शहीद होने की घटना के मद्देनजर रविवार को केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल (सीआरपीएफ) के महानिदेशक कुलदीप सिंह को स्थिति का जायजा लेने के लिए राज्य जाने को कहा।
अधिकारियों ने बताया कि शाह ने राज्य के मुख्यमंत्री भूपेश बघेल से भी बात की और हालात का जायजा लिया।
उल्लेखनीय है कि छत्तीसगढ़ में बीजापुर और सुकमा जिलों की सीमा के बीच एक जंगल में नक्सलियों के साथ शनिवार को हुई मुठभेड़ में पांच जवाब शहीद हो गए थे और 30 अन्य जवान घायल हुए थे।
पुलिस ने बताया कि 18 लापता जवानों में से 17 जवानों के शव मुठभेड़ के बाद रविवार को बरामद हुए और इसके साथ ही मृतक संख्या बढ़कर 22 हो गई।
छत्तीसगढ़ सरकार के एक प्रवक्ता ने बताया कि बघेल ने शाह को मुठभेड़ की जानकारी देते हुए कहा कि नक्सलियों ने केवल अपनी मौजूदगी दिखाने के लिए हिंसा की है, क्योंकि लोगों का माओवादी विचारधारा से मोह भंग हो रहा है।
प्रवक्ता ने बताया कि मुख्यमंत्री ने केंद्रीय गृह मंत्री से कहा कि सुरक्षाबलों का मनोबल ऊंचा है और वे इस लड़ाई में नक्सलियों के खिलाफ जीत हासिल करेंगे।
उन्होंने बताया कि शाह ने भी कहा कि केंद्र और राज्य सरकारें नक्सलवाद के खिलाफ मिलकर लड़ेंगी और इस लड़ाई में निश्चित ही जीत हासिल की जाएगी।
मुख्यमंत्री ने शाह से कहा कि राज्य सरकार ने दूरदराज के स्थानों पर स्वास्थ्य, शिक्षा एवं अन्य क्षेत्रों में जो विकास कार्य किया है, उसके कारण माओवादियों की विचारधारा से लोगों का मोह भंग हो गया है और इसी वजह से नक्सली अपनी मौजूदगी दिखाने के लिए इस प्रकार की हिंसक गतिविधियां कर रहे हैं।
बघेल ने कहा कि राज्य सरकार हिंसा के इन कृत्यों से डरती नहीं है और उसने राज्य के हर हिस्से में विकास करने करने का संकल्प लिया है।
इससे पहले, अमित शाह ने ट्वीट किया, ‘‘मैं छत्तीसगढ़ में माओवादियों से लड़ते हुए शहीद हुए हमारे वीर सुरक्षाकर्मियों के बलिदान को नमन करता हूं। राष्ट्र उनके शौर्य को कभी नहीं भूलेगा। मैं उनके परिजनों के प्रति संवेदना व्यक्त करता हूं। हम शांति और प्रगति के इन दुश्मनों (नक्सलियों) के खिलाफ अपनी लड़ाई जारी रखेंगे। घायलों के जल्द स्वस्थ होने की कामना करता हूं।’’
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