देश की खबरें | मप्र: अटल प्रगति पथ निर्माण के लिए निजी भूमि की शासकीय भूमि से अदला-बदली को मंत्रिमंडल ने दी मंजूरी
Get Latest हिन्दी समाचार, Breaking News on India at LatestLY हिन्दी. मध्य प्रदेश मंत्रिमंडल ने 313 किलोमीटर लंबे अटल प्रगति पथ के निर्माण के लिए निजी भूमि की शासकीय भूमि से अदला-बदली को मंगलवार को मंजूरी दे दी है।
भोपाल, पांच अक्टूबर मध्य प्रदेश मंत्रिमंडल ने 313 किलोमीटर लंबे अटल प्रगति पथ के निर्माण के लिए निजी भूमि की शासकीय भूमि से अदला-बदली को मंगलवार को मंजूरी दे दी है।
मध्य प्रदेश जनसंपर्क विभाग के एक अधिकारी ने बताया, ‘‘मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान की अध्यक्षता में आज मंत्रिमंडल की डिजिटल बैठक में चार-लेन वाले अटल प्रगति पथ का भारत माता परियोजना के तहत निर्माण के लिये निजी भूमि की शासकीय भूमि से अदला-बदली करने के संबंध में निर्णय लिया गया।’’
सरकारी बयान में बताया कि प्रभावित भूमि मालिकों को दी जाने वाली सरकारी जमीन निजी जमीन की कीमत से दोगुनी होगी। इसी तरह अधिग्रहीत संपत्तियों (भवन) का दोगुना मूल्य उसके मालिकों को दिया जाएगा।
अधिकारी ने बताया कि अटल प्रगति पथ मध्य प्रदेश के श्योपुर, मुरैना और भिण्ड जिले से होकर गुजरेगा। पथ की कुल लंबाई मध्य प्रदेश में 313 किलोमीटर है। इस पथ को भारत सरकार द्वारा भारतमाला परियोजना में शामिल किया गया है।
उन्होंने कहा कि परियोजना के तहत चार-लेन सड़क निर्माण के लिए राज्य की ओर से नि:शुल्क भूमि उपलब्ध कराई जानी है। परियोजना में तीनों जिलों को मिलाकर कुल 1,300 हेक्टेयर निजी भूमि, 1,523 हेक्टेयर शासकीय भूमि और 270 हेक्टेयर वन भूमि है। इस प्रकार कुल 3,093 हेक्टेयर भूमि प्रभावित हो रही है।
अधिकारी ने बताया कि तीनों जिलों में 1,523 हेक्टेयर शासकीय भूमि राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण को सितम्बर, 2020 में हस्तांतरित कर दी गई है। कुल 270 हेक्टेयर वन भूमि के हस्तांतरण की प्रक्रिया चल रही है।
उन्होंने कहा कि परियोजना में 1,300 हेक्टेयर निजी भूमि प्रभावित हो रही है। परियोजना के लिए भूमि हस्तांतरित करने का काम दिसंबर 2021 तक पूरा किया जाना है।
(यह सिंडिकेटेड न्यूज़ फीड से अनएडिटेड और ऑटो-जेनरेटेड स्टोरी है, ऐसी संभावना है कि लेटेस्टली स्टाफ द्वारा इसमें कोई बदलाव या एडिट नहीं किया गया है)