एजेंसी न्यूज

कारपोरेट कार्य मंत्रालय ने राइट इश्यू से संबंधित प्रक्रिया को स्पष्ट किया

मंत्रालय ने एक सर्कुलर में कहा है कि राइट इश्यू लाने वाली कंपनियां यदि अपने शेयरधारकों को डाक से अथवा कूरियर से नोटिस नहीं भेज पातीं हैं तो कोरोना वायरस महामारी को देखते हुये इसे कंपनी कानून के नियमों का उल्लंघन नही माना जायेगा।

कारपोरेट कार्य मंत्रालय ने राइट इश्यू से संबंधित प्रक्रिया को स्पष्ट किया
जमात

नयी दिल्ली, 11 मई कोराना वायरस महामारी से उत्पन्न परिस्थितियों के बीच कारपोरेट कार्य मंत्रालय ने सोमवार को कंपनियों द्वारा राइट इश्यू के बारे में कुछ प्रक्रियागत जरूरतों पर स्पष्टीकरण जारी किया है।

मंत्रालय ने एक सर्कुलर में कहा है कि राइट इश्यू लाने वाली कंपनियां यदि अपने शेयरधारकों को डाक से अथवा कूरियर से नोटिस नहीं भेज पातीं हैं तो कोरोना वायरस महामारी को देखते हुये इसे कंपनी कानून के नियमों का उल्लंघन नही माना जायेगा।

सर्कुलर में कहा गया है कि यह राहत 31 जुलाई 2020 तक खुलने वाले राइट इश्युओं के लिये उपलब्ध होगी। हालांकि इसके साथ ही यह भी कहा गया है कि यह राहत तभी लागू होगी जब कंपनी ने इश्यू लाने के मामले में बाजार नियामक सेबी के नियमों और प्रक्रियाओं का पूरी तरह पालन किया होगा।

कारपोरेट कार्य मंत्रालय को इस संबंध में कई ज्ञापन प्राप्त हुये थे जिनमें सूचीबद्ध कंपनियों के शेयरधारकों को इस तरह के नोटिस जारी करने के तौर तरीकों के बारे में मंत्रालय से स्पष्टीकरण देने को कहा गया था।

सेबी ने 6 मई को 31 जुलाई 2020 तक खुलने वाले राइट इश्युओं के बारे में प्रक्रियागत नियमों को पूरा करने को लेकर कंपनियों को कुछ राहत प्रदान की थी।

(यह सिंडिकेटेड न्यूज़ फीड से अनएडिटेड और ऑटो-जेनरेटेड स्टोरी है, लेटेस्टली स्टाफ ने इसमें कोई बदलाव या एडिट नहीं किया है)

(The above story first appeared on LatestLY on May 11, 2020 11:19 PM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).