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जरुरी जानकारी | बिजली की अधिकतम मांग 2030 तक बढ़कर 400 गीगावाट होने की संभावना: आर के सिंह

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जरुरी जानकारी | बिजली की अधिकतम मांग 2030 तक बढ़कर 400 गीगावाट होने की संभावना: आर के सिंह

नयी दिल्ली, 19 जनवरी केंद्रीय बिजली और नवीन एवं नवीकरणीय ऊर्जा मंत्री आर के सिंह ने कहा है कि देश में बिजली की अधिकतम मांग 2030 तक 400 गीगावॉट को पार करने की संभावना है।

उन्होंने कहा कि बढ़ती मांग को पूरा करने के लिए अधिक उत्पादन क्षमता स्थापित की जा रही है।

केंद्रीय मंत्री ने बृहस्पतिवार को यहां एक सम्मेलन में कहा कि बिजली सबसे महत्वपूर्ण बुनियादी ढांचा है और विकास के लिए अनिवार्य शर्त है।

बिजली मंत्रालय ने मंत्री के बयान के हवाले से कहा कि विकासशील और विकसित देश के बीच एक प्रमुख अंतर यह है कि विकसित देश में बिजली कटौती नहीं होती है।

उन्होंने कहा, “कोई भी देश तब तक विकास नहीं कर सकता जब तक उसके पास पर्याप्त बिजली न हो। भारत में बिजली की कमी 2014 में लगभग 4.5 प्रतिशत थी। जो घटकर आज एक प्रतिशत से भी कम रह गई है।”

केंद्रीय मंत्री ने कहा, “हमने 19 महीनों में 2.9 करोड़ घरों को जोड़कर सभी को बिजली पहुंच सुनिश्चित की है। अंतर्राष्ट्रीय ऊर्जा एजेंसी ने इसे बिजली क्षेत्र के इतिहास में ऊर्जा पहुंच का सबसे बड़ा और सबसे तेज विस्तार कहा है।”

बढ़ती बिजली मांग के बारे में मंत्री ने बताया कि 2014 में अधिकतम मांग 130 गीगावाट (एक गीगावाट बराबर 1,000 मेगावाट) के आसपास थी, जबकि आज यह 243 गीगावाट है।

उन्होंने कहा, “साल 2030 तक बिजली की अधिकतम मांग 400 गीगावाट को पार करने की संभावना है। यह अर्थव्यवस्था की तेज वृद्धि का संकेत है। पिछले साल मांग नौ प्रतिशत की दर से बढ़ी और इस साल 10 प्रतिशत की दर से बढ़ रही है। दैनिक आधार पर मांग पिछले वर्ष के समान दिन की तुलना में 8-10 गीगावाट अधिक है। हमारे जितना बड़ा और तेजी से बढ़ने वाला कोई दूसरा बाजार नहीं है।”

उन्होंने कहा कि देश इस बढ़ती मांग को पूरा करने के लिए पर्याप्त क्षमता जोड़ेगा।

सिंह ने कहा, “हम 2030 तक 500 गीगावाट नवीकरणीय क्षमता को पार कर लेंगे। हमारे पास पहले से ही 70 लाख टन क्षमता वाली हरित हाइड्रोजन विनिर्माण परियोजनाओं पर काम जारी है।

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(The above story first appeared on LatestLY on Jan 19, 2024 06:04 PM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).