देश की खबरें | राजधानी लखनऊ सहित पांच जिलों पर टिड्डियों का खतरा
Get Latest हिन्दी समाचार, Breaking News on India at LatestLY हिन्दी. उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ सहित पांच जिलों पर टिड्डियों के हमले का खतरा मंडरा रहा है। टिडि्डयों के अलग-अलग दल को राजधानी लखनऊ के अलावा बाराबंकी, सीतापुर, गोंडा एवं आगरा में उड़ते देखा गया और कृषि विभाग की टीमें उनकी लगातार निगरानी कर रही हैं।
लखनऊ, 12 जुलाई उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ सहित पांच जिलों पर टिड्डियों के हमले का खतरा मंडरा रहा है। टिडि्डयों के अलग-अलग दल को राजधानी लखनऊ के अलावा बाराबंकी, सीतापुर, गोंडा एवं आगरा में उड़ते देखा गया और कृषि विभाग की टीमें उनकी लगातार निगरानी कर रही हैं।
कृषि विभाग की विज्ञप्ति में बताया गया कि रविवार को मिली सूचना के अनुसार टिडि्डयों के अलग-अलग दल जनपद लखनऊ, सीतापुर, बाराबंकी, गोंडा एवं आगरा में उड़ान पर हैं। कृषि विभाग की टीमें टिड्डी दलों की लगातार निगरानी कर रही हैं।
विज्ञप्ति के अनुसार प्रवास की स्थिति में टिडि्डयों को समाप्त करने की कार्रवाई देर रात में शुरू की जाएगी। टिड्डी दलों का निरीक्षण रविवार को कृषि विभाग मुख्यालय की दो टीमों ने अलग-अलग किया।
विज्ञप्ति में कहा गया कि एक टीम कृषि निदेशक (उत्तर प्रदेश) और दूसरी टीम ने अपर कृषि निदेशक (कृषि रक्षा) के नेतृत्व में लखनऊ और बाराबंकी के टिड्डी प्रभावित क्षेत्रों का निरीक्षण किया तथा संबंधित अधिकारियों को इसकी रोकथाम के लिए आवश्यक निर्देश दिया।
शनिवार को उन्नाव के सफीपुर और फतेहपुर चौरासी विकास खंडों में टिडि्डयों के एक बडे़ दल ने प्रवास किया था, जिन्हें दस ट्रैक्टरों पर लगे स्प्रेयर्स, तीन अग्निशमन वाहनों तथा भारत सरकार के तीन छिड़काव यंत्रों की सहायता से कीटनाशकों का उपयोग कर चालीस से पचास प्रतिशत टिडि्डयों को मौके पर मार गिराया गया।
विज्ञप्ति में बताया गया कि आगरा के विकास खंड खेरागढ़ के अटा और भोपुर गांवों में टिडि्डयों के एक बडे् दल ने प्रवास किया था। उनमें से 65 से 70 फीसदी टिडि्डयों को मार गिराया गया।
शनिवार रात ही हरदोई, श्रावस्ती और बलरामपुर के कुछ विकासखंडों में टिडि्डयों को मार गिराया गया।
संपर्क करने पर लखनऊ के जिलाधिकारी अभिषेक प्रकाश ने ‘पीटीआई-’ को बताया कि सभी टिडि्डयों को जिले से बाहर कर दिया गया है। टीमें दिन भर सक्रिय रहीं और ध्वनि उपकरणों का उपयोग किया गया।
(यह सिंडिकेटेड न्यूज़ फीड से अनएडिटेड और ऑटो-जेनरेटेड स्टोरी है, ऐसी संभावना है कि लेटेस्टली स्टाफ द्वारा इसमें कोई बदलाव या एडिट नहीं किया गया है)