जरुरी जानकारी | एलजी इलेक्ट्रॉनिक्स इंडिया, इनोविजन को आईपीओ लाने की सेबी से मिली मंजूरी
Get Latest हिन्दी समाचार, Breaking News on Information at LatestLY हिन्दी. दक्षिण कोरिया की कंपनी एलजी की अनुषंगी कंपनी एलजी इलेक्ट्रॉनिक्स इंडिया लिमिटेड और मानव संसाधन एवं टोल प्लाजा प्रबंधन सेवा प्रदाता इनोविजन लिमिटेड को आरंभिक सार्वजनिक निर्गम (आईपीओ) के जरिये धन जुटाने के लिए सेबी की मंजूरी मिल गई है।
नयी दिल्ली, 18 मार्च दक्षिण कोरिया की कंपनी एलजी की अनुषंगी कंपनी एलजी इलेक्ट्रॉनिक्स इंडिया लिमिटेड और मानव संसाधन एवं टोल प्लाजा प्रबंधन सेवा प्रदाता इनोविजन लिमिटेड को आरंभिक सार्वजनिक निर्गम (आईपीओ) के जरिये धन जुटाने के लिए सेबी की मंजूरी मिल गई है।
पूंजी बाजार नियामक भारतीय प्रतिभूति एवं विनिमय बोर्ड (सेबी) की ओर से मंगलवार को दी गई जानकारी के अनुसार, एलजी इलेक्ट्रॉनिक्स इंडिया और इनोविजन ने सेबी के समक्ष आईपीओ लाने के लिए दिसंबर में दस्तावेज दाखिल किए थे। दोनों को क्रमशः 13 मार्च तथा 12 मार्च को नियामक से इसके लिए मंजूरी मिली।
एलजी इलेक्ट्रॉनिक्स इंडिया लिमिटेड की ओर से दाखिल दस्तावेज के अनुसार आईपीओ में कंपनी की मूल कंपनी 10.18 करोड़ से अधिक शेयर यानी अपनी 15 प्रतिशत हिस्सेदारी बेचेगी।
कंपनी ने कुल निर्गम आकार का खुलासा नहीं किया, लेकिन मामले से परिचित लोगों ने आईपीओ का आकार 15,000 करोड़ रुपये आंका है।
दूसरी ओर, इनोविजन का प्रस्तावित आईपीओ 255 करोड़ रुपये के नए निर्गम और प्रवर्तकों रणदीप हुंदल तथा उदय पाल सिंह के 17.72 लाख शेयर की बिक्री पेशकश (ओएफएस) का संयोजन है।
इस बीच, सेबी ने प्रौद्योगिकी आधारित इंजीनियरिंग सेवा एवं समाधान कंपनी नीलसॉफ्ट के आईपीओ के मसौदे को बिना कोई कारण बताये 10 मार्च को लौटा दिया। कंपनी ने आईपीओ लाने के लिए सेबी के समक्ष दिसंबर में प्रारंभिक दस्तावेज दाखिल किए थे।
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